Devprayag: वीकेंड पर दो जगह हादसे; संगम और कौड़ियाला में स्नान करने आए दो पर्यटक गंगा में बहे
देवप्रयाग में वीकेंड पर दो जगह हादसे हो गए। दो पर्यटक गंगा में बह गए जिनका अभी तक कोई सुराग नहीं लग सका है।
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उत्तराखंड में वीकेंड पर गंगा स्नान करने आए पर्यटकों के साथ दो अलग-अलग दर्दनाक हादसे हो गए। देवप्रयाग संगम और कौड़ियाला में गंगा में नहाते समय उत्तर प्रदेश के दो पर्यटक तेज बहाव की चपेट में आकर बह गए। सूचना मिलते ही पुलिस और एसडीआरएफ की टीमों ने दोनों की तलाश में संयुक्त सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है।
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, रविवार सुबह करीब साढ़े सात बजे उत्तर प्रदेश के बागपत से दो दोस्त रजत और मन्नू देवप्रयाग संगम पर स्नान करने पहुंचे थे। नहाने के दौरान अचानक पैर फिसलने से रजत तोमर, पुत्र देशपाल, निवासी फतेहपुर पुट्टी, थाना बिनौली, बागपत, का संतुलन बिगड़ गया और वह गंगा की तेज लहरों में बहने लगा।
वहां तैनात जल पुलिस के जांबाज गोताखोर महेंद्र चौधरी ने युवक को डूबता देख तुरंत गंगा में छलांग लगा दी। जवान महेंद्र चौधरी ने तेज बहाव के बीच करीब साढ़े तीन सौ मीटर तक तैरकर रजत को बचाने की जी-जान से कोशिश की, लेकिन गंगा की लहरें इतनी तेज थीं कि युवक उनकी पकड़ में नहीं आ सका और आँखों के सामने ओझल हो गया।
इससे पहले, शनिवार शाम को कौड़ियाला में भी ऐसा ही एक हादसा सामने आया जहां इंदिरापुरम, गाजियाबाद के रहने वाले 40 वर्षीय आशीष जैन अपने परिवार के साथ पहुंचे थे। गंगा में नहाते समय अचानक उनका संतुलन बिगड़ गया और वह तेज धारा की चपेट में आ गए। परिजनों ने उन्हें काफी दूर तक नदी में बहते हुए देखा, जिसके बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और परिवार में कोहराम छा गया।
एसडीआरएफ ढालवाला यूनिट के इंस्पेक्टर कवीन्द्र सजवाण ने बताया कि गंगा में बहे दोनों पर्यटकों की तलाश के लिए 14 सदस्यीय जवानों की टीम को लगाया गया है। दो राफ्टों के जरिए देवप्रयाग से लेकर निचले इलाकों तक सघन सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।