{"_id":"69d9045393e36fdfe5067795","slug":"digital-self-enumeration-of-buildings-begins-in-uttarakhand-dehradun-news-c-5-drn1043-943034-2026-04-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun News: उत्तराखंड में भवनों की डिजिटल स्व-गणना हुई शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun News: उत्तराखंड में भवनों की डिजिटल स्व-गणना हुई शुरू
विज्ञापन
विज्ञापन
-राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने स्व-गणना से की शुरुआत
अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। प्रदेश में जनगणना के पहले चरण के तहत शुक्रवार को स्व-गणना की शुरुआत राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) ने लोक भवन और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सीएम आवास में की। उन्होंने प्रदेशवासियों से इसमें शामिल होने का आह्वान किया।
राज्यपाल ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय अभियान में सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करें। स्व-गणना के माध्यम से सटीक एवं पूर्ण जानकारी प्रदान करें। उन्होंने कहा कि यह वेब पोर्टल आसान और यूजर फ्रेंडली बनाया गया है, जिसमें आम आदमी भी बिना परेशानी के सभी सूचनाएं भर सकता है। युवाओं एवं सामाजिक संस्थाओं से भी आग्रह किया कि वे इस प्रक्रिया में सहयोग करें। अन्य लोगों को डिजिटल माध्यमों के उपयोग में सहायता प्रदान करें ताकि कोई भी व्यक्ति इस प्रक्रिया से वंचित न रहे। निदेशक जनगणना इवा आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि प्रदेश में प्रथम चरण के तहत मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य 25 अप्रैल से 24 मई तक पूरे राज्य में संचालित किया जाएगा। घर-घर सर्वेक्षण से पूर्व प्रदेशवासियों को 10 अप्रैल से 24 अप्रैल तक स्व-गणना की सुविधा प्रदान की गई है। नागरिक se.census.gov.in पोर्टल पर अपने मोबाइल नंबर एवं आवश्यक विवरण के माध्यम से लॉग इन कर स्वयं एवं अपने परिवार की जानकारी डिजिटल रूप से दर्ज कर सकते हैं। इस अवसर पर सचिव दीपक कुमार भी मौजूद रहे।
-- -
सीएम धामी की अपील, आप सभी स्वयं करें स्व-गणना
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में जनगणना 2027 के तहत अपनी स्व-गणना की प्रक्रिया पूरी करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश पहली बार पूरी तरह डिजिटल जनगणना की ओर अग्रसर हुआ है, जो पारदर्शिता, सटीकता और जनभागीदारी को सुनिश्चित करेगा। उन्होंने अधिकारियों से जनगणना कार्य को समयबद्ध, पारदर्शी और प्रभावी ढंग से संपन्न करने के निर्देश दिए। कहा कि यह डाटा राज्य और देश की नीतियों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। सीएम धामी ने कहा, जनगणना देश के विकास की आधारशिला है। डिजिटल माध्यम से की जा रही यह जनगणना पारदर्शिता और सटीकता को सुनिश्चित करेगी। मैं प्रदेशवासियों से आग्रह करता हूं कि वे स्वयं आगे आकर स्व-गणना करें और इस राष्ट्रीय अभियान का हिस्सा बनें। इस अवसर पर गीता धामी, निदेशक (जनगणना संचालन) इवा आशीष श्रीवास्तव व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
Trending Videos
अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। प्रदेश में जनगणना के पहले चरण के तहत शुक्रवार को स्व-गणना की शुरुआत राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) ने लोक भवन और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सीएम आवास में की। उन्होंने प्रदेशवासियों से इसमें शामिल होने का आह्वान किया।
राज्यपाल ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय अभियान में सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करें। स्व-गणना के माध्यम से सटीक एवं पूर्ण जानकारी प्रदान करें। उन्होंने कहा कि यह वेब पोर्टल आसान और यूजर फ्रेंडली बनाया गया है, जिसमें आम आदमी भी बिना परेशानी के सभी सूचनाएं भर सकता है। युवाओं एवं सामाजिक संस्थाओं से भी आग्रह किया कि वे इस प्रक्रिया में सहयोग करें। अन्य लोगों को डिजिटल माध्यमों के उपयोग में सहायता प्रदान करें ताकि कोई भी व्यक्ति इस प्रक्रिया से वंचित न रहे। निदेशक जनगणना इवा आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि प्रदेश में प्रथम चरण के तहत मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य 25 अप्रैल से 24 मई तक पूरे राज्य में संचालित किया जाएगा। घर-घर सर्वेक्षण से पूर्व प्रदेशवासियों को 10 अप्रैल से 24 अप्रैल तक स्व-गणना की सुविधा प्रदान की गई है। नागरिक se.census.gov.in पोर्टल पर अपने मोबाइल नंबर एवं आवश्यक विवरण के माध्यम से लॉग इन कर स्वयं एवं अपने परिवार की जानकारी डिजिटल रूप से दर्ज कर सकते हैं। इस अवसर पर सचिव दीपक कुमार भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
सीएम धामी की अपील, आप सभी स्वयं करें स्व-गणना
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में जनगणना 2027 के तहत अपनी स्व-गणना की प्रक्रिया पूरी करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश पहली बार पूरी तरह डिजिटल जनगणना की ओर अग्रसर हुआ है, जो पारदर्शिता, सटीकता और जनभागीदारी को सुनिश्चित करेगा। उन्होंने अधिकारियों से जनगणना कार्य को समयबद्ध, पारदर्शी और प्रभावी ढंग से संपन्न करने के निर्देश दिए। कहा कि यह डाटा राज्य और देश की नीतियों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। सीएम धामी ने कहा, जनगणना देश के विकास की आधारशिला है। डिजिटल माध्यम से की जा रही यह जनगणना पारदर्शिता और सटीकता को सुनिश्चित करेगी। मैं प्रदेशवासियों से आग्रह करता हूं कि वे स्वयं आगे आकर स्व-गणना करें और इस राष्ट्रीय अभियान का हिस्सा बनें। इस अवसर पर गीता धामी, निदेशक (जनगणना संचालन) इवा आशीष श्रीवास्तव व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।