Uttarakhand Fraud: खाता बंद कराने के बाद हुआ 12 करोड़ का लेनदेन, कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज
अवनीत अरोड़ा निवासी छोटा जोगीवाड़ा मोती बाजार हरिद्वार ने कोर्ट में दिए प्रार्थना में बताया कि मोती बाजार पंजाबी बेड़ा स्थित उनकी दुकान के नाम से बंधन बैंक की ज्वालापुर रोड शाखा में करंट खाता संचालित था।
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ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र में एक व्यापारी के करंट खाते से 12 करोड़ रुपये से अधिक के लेनदेन का आरोप लगा है। आरोप है कि खाता बंद कराए जाने के बावजूद करोड़ों रुपये के लेनदेन का बैंक स्टेटमेंट से खुलासा हुआ। पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर बैंक कर्मचारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
पुलिस के अनुसार, अवनीत अरोड़ा निवासी छोटा जोगीवाड़ा मोती बाजार हरिद्वार ने कोर्ट में दिए प्रार्थना में बताया कि मोती बाजार पंजाबी बेड़ा स्थित उनकी दुकान के नाम से बंधन बैंक की ज्वालापुर रोड शाखा में करंट खाता संचालित था। अप्रैल 2025 में उन्होंने खाता बंद कराने के लिए बैंक के कस्टमर रिलेशनशिप ऑफिसर आशु कुमार को लिखित आवेदन के साथ एटीएम कार्ड और चेकबुक सौंप दी थी। कुछ समय बाद उन्हें खाते के बंद होने की मौखिक पुष्टि भी कर दी गई थी। 13 अगस्त 2025 को जब उन्हें कोरियर के माध्यम से बैंक स्टेटमेंट मिली तो वह हैरान रह गए।
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आरोप है कि एक मई से 26 जून 2025 के बीच खाते में करीब 12.14 करोड़ रुपये जमा किए गए और लगभग 12.12 करोड़ रुपये की निकासी कर ली गई, जबकि इस अवधि में उन्होंने किसी भी प्रकार का कोई लेनदेन नहीं किया था। आरोप है कि इस दौरान खाते से जुड़ा मोबाइल नंबर और ई-मेल आईडी भी बदल दी गई, जिससे उन्हें किसी भी लेनदेन की जानकारी नहीं मिल सकी।
संदेह जताया कि शाखा प्रबंधक और संबंधित कर्मचारी ने मिलीभगत से ये लेनदेन हुआ। आरोप है कि 20 अगस्त को दोबारा बैंक शाखा पहुंचे तो कर्मचारियों ने उनके साथ अभद्रता की और शिकायत करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी। कोतवाली प्रभारी कुंदन सिंह राणा ने बताया कि इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। जांच की जा रही है।