फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Caution: Swine flu and dengue cases surge in Delhi

सावधान: दिल्ली में स्वाइन प्लू और डेंगू ने पकड़ी रफ्तार, मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी के साथ अस्पताल अलर्ट

Fri, 28 Aug 2026 06:39 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Fri, 28 Aug 2026 06:39 AM IST
सार

तमाम दावों और तैयारियों के बीच पूर्वी दिल्ली के शास्त्री पार्क स्थित जग प्रवेश चंद्र अस्पताल की तस्वीरें स्वास्थ्य व्यवस्था की जमीनी हकीकत सवाल खड़े कर रही हैं। 

विज्ञापन
Caution: Swine flu and dengue cases surge in Delhi
demo - फोटो : AI

विस्तार

दिल्ली में स्वाइन फ्लू (एच1एन1) के मामले बढ़ने के बीच दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने बृहस्पतिवार को द्वारका स्थित इंदिरा गांधी अस्पताल का निरीक्षण किया। उन्होंने विशेष आइसोलेशन वार्ड और अस्पताल की तैयारियों का जायजा लिया। पिछले 24 घंटों में दिल्ली में एच1एन1 के 166 नए मामले सामने आए हैं। अब तक कुल मामले 2612 हो गए हैं। इन्फ्लूएंजा-ए के कुल मामले करीब 3300 पहुंच गए हैं। 

विज्ञापन


मंत्री ने अस्पताल में बनाए गए विशेष एच1एन1 आइसोलेशन वार्ड का दौरा किया। उन्होंने डॉक्टरों, स्वास्थ्य कर्मियों और मरीजों से बात की। बेड, ऑक्सीजन, दवाइयां, टेस्टिंग सुविधाओं और अन्य जरूरी सामान की उपलब्धता भी जांची। अस्पताल में संदिग्ध मरीजों के लिए एक स्पेशल क्लिनिक भी बनाया गया है। वहां जांच के बाद संक्रमित मरीजों को विशेष वार्ड में भेजा जाएगा।
विज्ञापन


स्वास्थ्य विभाग पर भरोसा रखने की अपील : मंत्री ने सभी अस्पतालों को सतर्क रहने और जरूरी तैयारी बनाए रखने के निर्देश दिए। ऐसे में उन्होंने लोगों से अपील की कि वे सावधानियां बरतें। 
विज्ञापन
विज्ञापन

भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें, साबुन-पानी से हाथ धोएं, सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें और साफ-सफाई रखें। बच्चों और बुजुर्गों का खास ख्याल रखें। 

एच1एन1 से बच्चों और बुजुर्गों को खतरा अधिक... बढ़ी वैक्सीनेशन की दिलचस्पी
दिल्ली में एच1एन1 (स्वाइन फ्लू) के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। डॉक्टरों ने बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं और पहले से किसी बीमारी से जूझ रहे लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। रेस्पिरेटरी और स्लीप मेडिसिन के सीनियर डायरेक्टर डॉ. भरत गोपाल ने कहा कि एच1एन1 के मामले बढ़ने के साथ ही फ्लू से बचाव के लिए वैक्सीनेशन को लेकर लोगों की दिलचस्पी बढ़ी है।

खासकर बच्चों और बुजुर्गों वाले परिवार और ज्यादा जोखिम वाले लोग वैक्सीन के बारे में जानकारी ले रहे हैं। सर गंगा राम अस्पताल के फिजिशियन डॉ. विभु आनंद ने बताया कि स्वाइन फ्लू की जांच ज्यादातर अस्पतालों और डायग्नोस्टिक सेंटरों में उपलब्ध है। निजी अस्पतालों में सामान्य जांच का खर्च करीब 1,500 से 5,000 रुपये तक हो सकता है, जबकि पूरे रेस्पिरेटरी बायोफायर पैनल की जांच 9,000 से 15,000 रुपये तक पड़ सकती है। सरकारी अस्पतालों में यह खर्च बहुत कम या लगभग न के बराबर होता है। 

जग प्रवेश अस्पताल के फ्लू वार्ड पर लटका ताला, तैयारियों पर उठे सवाल
दिल्ली में स्वाइन फ्लू के मामलों में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। संक्रमण के बढ़ते खतरे को देखते हुए दिल्ली सरकार और स्वास्थ्य विभाग लगातार बैठकें कर रहे हैं। अस्पतालों को अलर्ट मोड पर रहने, संदिग्ध मरीजों की पहचान करने, आइसोलेशन बेड उपलब्ध रखने और संक्रमण रोकने के लिए विशेष इंतजाम करने के निर्देश दिए जा रहे हैं। इन तमाम दावों और तैयारियों के बीच पूर्वी दिल्ली के शास्त्री पार्क स्थित जग प्रवेश चंद्र अस्पताल की तस्वीरें स्वास्थ्य व्यवस्था की जमीनी हकीकत सवाल खड़े कर रही हैं। 

अस्पताल परिसर में स्वाइन फ्लू मरीजों के लिए बनाए गए विशेष वार्ड के बाहर ताला लटका हुआ है। वार्ड के दरवाजे पर स्पष्ट रूप से स्वाइन फ्लू वार्ड का बोर्ड चिह्नित है, लेकिन वार्ड बंद होने से सवाल उठता है कि यदि किसी मरीज को तत्काल भर्ती करने की जरूरत पड़ जाए तो अस्पताल की तैयारियां कितनी प्रभावी साबित होंगी।   ऐसे समय में जब पूरे शहर में संक्रमण को लेकर सतर्कता बरती जा रही है, एक सरकारी अस्पताल में विशेष वार्ड का बंद होना चिंता का विषय बन गया है। स्वास्थ्य विभाग पहले ही अस्पतालों को अतिरिक्त सावधानी बरतने के निर्देश दे चुका है। डॉक्टरों का कहना है कि स्वाइन फ्लू सामान्य वायरल बुखार की तरह शुरू होता है। 

एक सप्ताह में डेंगू के 26 नए मरीज मिले
राजधानी में लगातार बारिश के बाद अब मच्छर जनित बीमारियों का खतरा बढ़ने लगा है। बारिश से जगह-जगह जमा पानी के बीच पिछले एक सप्ताह में डेंगू के 26, मलेरिया के 15 और चिकनगुनिया के दो नए मामले सामने आए हैं। एमसीडी की ताजा रिपोर्ट के अनुसार दिल्ली में इस साल अब तक डेंगू के 272, मलेरिया के 95 और चिकनगुनिया के 21 मामले दर्ज हो चुके हैं। 

आंकड़ों की सबसे अहम तस्वीर यह है कि अगस्त में ही डेंगू के 51 मामले सामने आ चुके हैं। यह इस साल किसी एक महीने में डेंगू के मामलों का दूसरा सबसे बड़ा आंकड़ा है। अप्रैल में 52 मामले सामने आए थे। इस तरह इस माह इस आंकड़ा पार हो जाएगा। मलेरिया के भी अगस्त में 29 नए मामले सामने आए हैं, जबकि चिकनगुनिया के सात मरीज मिले हैं।

एक सप्ताह पहले तक दिल्ली में डेंगू के 246 मामले थे, जो अब 272 हो गए। इसी तरह मलेरिया के मामले 80 से बढ़कर 95 और चिकनगुनिया के 19 से बढ़कर 21 हो गए हैं। सिर्फ सात दिनों में तीनों बीमारियों के 43 नए मरीज सामने आए हैं। 

क्षेत्रवार आंकड़ों में डेंगू के सबसे ज्यादा 43 मामले पश्चिमी क्षेत्र में हैं। मध्य क्षेत्र में 34 और शाहदरा उत्तरी में 27 मामले दर्ज हुए हैं। मलेरिया के मामलों में सिविल लाइंस 17 के साथ सबसे आगे है। इसके बाद शाहदरा उत्तर में 16   और दक्षिण-पश्चिम क्षेत्र में 14 मामले हैं।


एमसीडी के अनुसार, बारिश के कारण जमा पानी में मच्छरों के पनपने की आशंका को देखते हुए आने वाले सप्ताह अहम हैं। सितंबर और अक्तूबर में मच्छर जनित बीमारियों का खतरा बढ़ने की संभावना रहती है। ऐसे में अगस्त के अंतिम दिनों में सामने आए नए मामले उसके चेतावनी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed