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दिल्ली हाईकोर्ट का महत्वपूर्ण फैसला: मातृत्व अवकाश के बाद महिला को पुराना पद देना जरूरी, प्रमोशन भी

Thu, 03 Sep 2026 03:32 AM IST
दुष्यंत शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Thu, 03 Sep 2026 03:32 AM IST
सार

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि छुट्टी के बाद लौटने वाली महिला को सामान्यतः वही पुराना पद मिलना चाहिए। यदि वह पद उपलब्ध न हो, तो वेतन, ग्रेड, और पदोन्नति की संभावनाओं के मामले में बिल्कुल समान या समकक्ष पद दिया जाना चाहिए।

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Delhi High Court ruling: Mandatory to restore a woman to her former position
दिल्ली हाईकोर्ट - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिल्ली हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में स्पष्ट किया है कि मातृत्व अवकाश (मैटरनिटी लीव) के कारण महिला कर्मचारियों को पदोन्नति, जिम्मेदारियों या करियर के अवसरों से वंचित नहीं किया जा सकता है। कोर्ट ने कहा, छुट्टी के बाद लौटने वाली महिला को सामान्यतः वही पुराना पद मिलना चाहिए। 

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यदि वह पद उपलब्ध न हो, तो वेतन, ग्रेड, और पदोन्नति की संभावनाओं के मामले में बिल्कुल समान या समकक्ष पद दिया जाना चाहिए। मातृत्व अवकाश के आधार पर अधिकारों या ओहदे में कमी को भेदभावपूर्ण माना जाएगा। कोर्ट ने साफ किया है कि मातृत्व सुरक्षा केवल नौकरी या वेतन बचाने तक सीमित नहीं है, बल्कि करियर में उन्नति का अधिकार भी सुरक्षित रखती है।
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जस्टिस सचिन दत्ता ने एक चार्टर्ड अकाउंटेंट की याचिका पर यह फैसला सुनाया। महिला मैनेजर-अकाउंटिंग के पद पर काम करती थीं। मैटरनिटी लीव पर जाने के बाद लौटने पर उन्हें ट्रेजरी डिपार्टमेंट में काम सौंप दिया गया। उनकी पुरानी जगह पर किसी और कर्मचारी को बैठा दिया गया। एजेंसी  
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अवकाश से लौटने पर नहीं होना चाहिए भेदभाव 
कोर्ट ने साफ कहा कि मैटरनिटी लीव से लौटने वाली महिला को आम तौर पर उसी पद पर वापस लाया जाना चाहिए, जिस पर वह छुट्टी पर जाने से पहले थी। अगर सही संगठनात्मक कारणों से वह पद उपलब्ध न हो, तो उसे वेतन, ग्रेड, स्टेटस, जिम्मेदारियां, मैनेजर के अधिकार और आगे बढ़ने के मौकों के मामले में जितना संभव हो उसी के बराबर पद दिया जाना चाहिए।

  • महिला अपनी सुविधानुसार काम, काम के घंटे, जगह में बदलाव की हकदार :  कोर्ट ने कहा, महिला मैटरनिटी के बाद अपनी हालत को देखते हुए काम, काम के घंटे, जगह या काम करने के तरीके में बदलाव या दूसरी भूमिका मांग सकती है। ऐसी हर मांग पर सही तरीके से विचार किया जाएगा। 
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