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Gurugram News: आभा आईडी बनाने में जिला दूसरे स्थान पर, फरीदाबाद बना नंबर वन
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गुरुग्राम में 13.2 लाख से अधिक लोगों ने कराया पंजीकरण
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) के तहत आभा आईडी बनाने में गुरुग्राम अब हरियाणा में दूसरे स्थान पर पहुंच गया है। करीब तीन महीने पहले तक गुरुग्राम इस सूची में पहले स्थान पर था, लेकिन अब फरीदाबाद ने उसे पीछे छोड़ते हुए शीर्ष स्थान हासिल कर लिया है।
हरियाणा आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन सोसाइटी के सितंबर 2021 से जून 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, फरीदाबाद में 13.7 लाख से अधिक आभा आईडी बनाई जा चुकी हैं। वहीं, गुरुग्राम में 13.2 लाख से अधिक लोगों का पंजीकरण हुआ है। इसके बाद हिसार और करनाल में लगभग 12.2-12.2 लाख, जबकि सिरसा में 10.2 लाख से अधिक आभा आईडी बनाई गई हैं।
क्या है आभा आईडी
आभा एक 14 अंकों की डिजिटल हेल्थ आईडी है, जिसके माध्यम से मरीज अपनी स्वास्थ्य संबंधी जानकारी को सुरक्षित तरीके से डिजिटल रूप में संग्रहीत और साझा कर सकते हैं। मरीज की सहमति के आधार पर डॉक्टर और अस्पताल उपचार के दौरान पुराने मेडिकल रिकॉर्ड तक आसानी से पहुंच सकते हैं, जिससे इलाज अधिक तेज और प्रभावी बनता है। राज्य स्तर पर हरियाणा ने आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत 63.2 प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया है। अब तक 1.886 करोड़ से अधिक आभा आईडी बनाई जा चुकी हैं, जबकि राज्य का लक्ष्य 2.985 करोड़ पंजीकरण का है। इसके अलावा 6,436 पंजीकृत स्वास्थ्य संस्थानों के माध्यम से 1.10 करोड़ से अधिक मरीजों के डिजिटल स्वास्थ्य रिकॉर्ड भी मिशन से जोड़े जा चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि आने वाले महीनों में शत-प्रतिशत कवरेज हासिल करने के लिए अभियान को और तेज किया जाएगा।
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स्वास्थ्य सेवाओं के डिजिटलीकरण को बढ़ावा देने के लिए लोगों को लगातार आभा आईडी बनवाने के लिए जागरूक किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का लक्ष्य अधिक से अधिक लोगों का पंजीकरण कर गुरुग्राम को दोबारा हरियाणा में पहले स्थान पर पहुंचाना है।-डाॅ. लोकवीर, सीएमओ, स्वास्थ्य विभाग
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) के तहत आभा आईडी बनाने में गुरुग्राम अब हरियाणा में दूसरे स्थान पर पहुंच गया है। करीब तीन महीने पहले तक गुरुग्राम इस सूची में पहले स्थान पर था, लेकिन अब फरीदाबाद ने उसे पीछे छोड़ते हुए शीर्ष स्थान हासिल कर लिया है।
हरियाणा आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन सोसाइटी के सितंबर 2021 से जून 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, फरीदाबाद में 13.7 लाख से अधिक आभा आईडी बनाई जा चुकी हैं। वहीं, गुरुग्राम में 13.2 लाख से अधिक लोगों का पंजीकरण हुआ है। इसके बाद हिसार और करनाल में लगभग 12.2-12.2 लाख, जबकि सिरसा में 10.2 लाख से अधिक आभा आईडी बनाई गई हैं।
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क्या है आभा आईडी
आभा एक 14 अंकों की डिजिटल हेल्थ आईडी है, जिसके माध्यम से मरीज अपनी स्वास्थ्य संबंधी जानकारी को सुरक्षित तरीके से डिजिटल रूप में संग्रहीत और साझा कर सकते हैं। मरीज की सहमति के आधार पर डॉक्टर और अस्पताल उपचार के दौरान पुराने मेडिकल रिकॉर्ड तक आसानी से पहुंच सकते हैं, जिससे इलाज अधिक तेज और प्रभावी बनता है। राज्य स्तर पर हरियाणा ने आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत 63.2 प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया है। अब तक 1.886 करोड़ से अधिक आभा आईडी बनाई जा चुकी हैं, जबकि राज्य का लक्ष्य 2.985 करोड़ पंजीकरण का है। इसके अलावा 6,436 पंजीकृत स्वास्थ्य संस्थानों के माध्यम से 1.10 करोड़ से अधिक मरीजों के डिजिटल स्वास्थ्य रिकॉर्ड भी मिशन से जोड़े जा चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि आने वाले महीनों में शत-प्रतिशत कवरेज हासिल करने के लिए अभियान को और तेज किया जाएगा।
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स्वास्थ्य सेवाओं के डिजिटलीकरण को बढ़ावा देने के लिए लोगों को लगातार आभा आईडी बनवाने के लिए जागरूक किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का लक्ष्य अधिक से अधिक लोगों का पंजीकरण कर गुरुग्राम को दोबारा हरियाणा में पहले स्थान पर पहुंचाना है।-डाॅ. लोकवीर, सीएमओ, स्वास्थ्य विभाग