Campus Diaries: जामिया ने बढ़ाए डिग्री, प्रमाणपत्र संबंधी शुल्क; जानें किस सेवा के लिए कितना करना होगा भुगतान
JMI Fee Hike: जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने डिग्री, डुप्लीकेट डिग्री, माइग्रेशन सर्टिफिकेट और अन्य प्रमाणपत्र संबंधी सेवाओं के शुल्क में बढ़ोतरी कर दी है। नए शुल्क लागू होने के बाद छात्रों और पूर्व छात्रों को इन सेवाओं के लिए पहले की तुलना में अधिक राशि का भुगतान करना होगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
JMI: जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने डिग्री/प्रमाणपत्र दोबारा जारी करने, दस्तावेज सत्यापन व परीक्षा सेवाओं के शुल्क में बड़ा इजाफा किया है। छात्रों को जामिया से डुप्लीकेट डिग्री लेने के लिए दोगुना शुल्क का भुगतान करना होगा। जबकि दस्तावेज सत्यापन के लिए 900 रुपये से लेकर 1500 रुपये तक की भारी बढ़ोतरी की गई है। हालांकि कुछ शुल्क समाप्त भी कर दिए गए हैं। इस संबंध में जामिया के कुलसचिव कार्यालय ने अधिसूचना जारी की है।
कितना बढ़ा शुल्क?
अधिसूचना के अनुसार यह कदम जामिया मिल्लिया इस्लामिया अधिनियम, 1988 की धारा 11 (3) के तहत लिया गया है। जामिया ने जारी संशोधित शुल्क के अनुसार ऑनलाइन प्रोविजनल डिग्री प्रमाणपत्र की फीस 300 रुपये से बढ़ाकर 400 रुपये, डुप्लीकेट डिग्री 500 के बजाय 1000 रुपये की गई है। डुप्लीकेट सेमेस्टर मार्कशीट कॉपी के लिए 200 की जगह 400 रुपये, माइग्रेशन सर्टिफिकेट 50 की जगह 300 रुपये, आधिकारिक ट्रांसक्रिप्ट प्रति सेट के लिए 200 की जगह 400 रुपये, डुप्लीकेट माइग्रेशन का शुल्क 300 से बढ़ाकर 500 रुपये कर दिया है। कंबाइंड मार्कशीट के लिए 50 रुपये की जगह 200 रुपये का भुगतान करना होगा।
वहीं दस साल तक की का डिग्री/मार्कशीट/सर्टिफिकेट सत्यापन शुल्क 100 रुपये से बढ़ाकर एक हजार रुपये कर दिया गया है। यही दस्तावेज दस साल से अधिक के सत्यापित करवाने हैं तो उसके लिए 500 रुपये की जगह दो हजार रुपये का भुगतान करना होगा। पेपर के दोबारा मूल्यांकन के लिए 300 रुपये की जगह 400 रुपये के शुल्क का भुगतान करना होगा।