Guinness World Record: एनबीईएमएस ने बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड, AI हेल्थकेयर लाइव स्ट्रीम में 17999 दर्शक जुड़े
Guinness World Record: एनबीईएमएस ने हेल्थकेयर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर आयोजित राष्ट्रीय ऑनलाइन प्रशिक्षण के जरिए गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है। यूट्यूब लाइव सत्र में 17,999 डॉक्टर एक साथ जुड़े। छह माह के इस मुफ्त कार्यक्रम में 20 मॉड्यूल शामिल हैं और देश-विदेश के विशेषज्ञ पढ़ा रहे हैं।
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Guinness World Record: केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के तहत कार्यरत स्वायत्त संस्था नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशंस इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) ने बुधवार को एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। संस्था ने 'यूट्यूब पर हेल्थकेयर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर लाइव स्ट्रीम लेसन के सबसे अधिक दर्शक' श्रेणी में गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया।
यह रिकॉर्ड देशभर के पंजीकृत चिकित्सा विशेषज्ञों (Registered Medical Practitioners) के लिए आयोजित एक राष्ट्रीय ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान बना। इस लाइव प्रशिक्षण सत्र के दौरान अधिकतम 17,999 दर्शक एक साथ जुड़े, जो इस श्रेणी में विश्व रिकॉर्ड साबित हुआ।
देशभर के डॉक्टरों के लिए विशेष एआई प्रशिक्षण कार्यक्रम
यह ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यक्रम खास तौर पर देश के डॉक्टरों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की बुनियादी और व्यावहारिक जानकारी देने के उद्देश्य से तैयार किया गया था। इस पहल की संकल्पना एनबीईएमएस के अध्यक्ष और नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) के चेयरमैन डॉ. अभिजात शेट के नेतृत्व में की गई।
कार्यक्रम में कुल 20 मॉड्यूल शामिल हैं, जिन्हें छह महीनों की अवधि में पढ़ाया जाएगा। इसमें देश और विदेश के प्रतिष्ठित शिक्षाविद शामिल हैं। इनमें हार्वर्ड (अमेरिका), आईआईएम लखनऊ और आईआईएससी बेंगलुरु जैसे संस्थानों के विशेषज्ञ भी शामिल हैं।
एनबीईएमएस ने स्पष्ट किया है कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के लिए प्रतिभागियों से कोई शुल्क नहीं लिया जा रहा है।
इन्होंने किया कार्यक्रम का क्रियान्वयन
देशभर के मेडिकल प्रोफेशनल्स के लिए तैयार किए गए इस डिजिटल ई-लर्निंग कार्यक्रम की योजना और क्रियान्वयन एनबीईएमएस की गवर्निंग बॉडी के सदस्य डॉ. राकेश शर्मा और हैदराबाद के डॉ. एवीएस सुरेश ने किया। इस कार्य में एनबीईएमएस की टीम ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय एआई विशेषज्ञों के सहयोग से कार्यक्रम को सफल बनाया।
रिकॉर्ड प्रयास का मूल्यांकन गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड की ओर से नियुक्त जज स्वप्निल डांगरिकर की अगुवाई में की गई टीम ने किया। विस्तृत जांच और सत्यापन प्रक्रिया के बाद इस उपलब्धि की आधिकारिक पुष्टि की गई।
डिजिटल इंडिया से प्रेरित पहल: एनबीईएमएस अध्यक्ष
एनबीईएमएस के अध्यक्ष डॉ. अभिजात शेट ने कहा कि यह उपलब्धि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व से प्रेरित है, जिन्होंने हमेशा डिजिटल इंडिया, तकनीकी नवाचार और शासन एवं जनसेवा में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जिम्मेदार उपयोग पर जोर दिया है।
उन्होंने कहा कि गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड से मिला यह सम्मान केवल एक रिकॉर्ड नहीं है, बल्कि यह भारत की मेडिकल शिक्षा में डिजिटल नवाचार को अपनाने की नेतृत्व क्षमता का प्रमाण है।
डॉ. शेट ने यह भी कहा कि एनबीईएमएस दक्षता-आधारित शिक्षा को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है और देशभर में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने के लिए नई पहल करता रहेगा।
स्वास्थ्य मंत्री और सहयोगियों का आभार
एनबीईएमएस अध्यक्ष ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे. पी. नड्डा, स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों, संकाय सदस्यों, शैक्षणिक साझेदारों और कार्यक्रम में भाग लेने वाले डॉक्टरों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सभी के सामूहिक प्रयास से यह उपलब्धि संभव हो पाई।
उन्होंने कहा, 'हम मानते हैं कि मेडिकल शिक्षा को वैश्विक प्रगति के साथ आगे बढ़ना चाहिए। हमारा लक्ष्य केवल विशेषज्ञ तैयार करना नहीं, बल्कि भविष्य के लिए तैयार ऐसे स्वास्थ्य नेता बनाना है जो नई तकनीकों का जिम्मेदारी से उपयोग कर सकें। यह रिकॉर्ड केवल संख्या नहीं है, बल्कि यह दर्शाता है कि एनबीईएमएस बदलती दुनिया के साथ आगे बढ़ने के लिए तैयार है।'
देशभर से डॉक्टरों की रिकॉर्ड भागीदारी
इस कार्यक्रम में सरकारी और निजी संस्थानों से जुड़े डॉक्टरों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। यह भागीदारी इस बात का संकेत है कि देश के स्वास्थ्य पेशेवरों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर तेजी से रुचि बढ़ रही है।