सुप्रीम कोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग केस में दिया आदेश, जैकलीन को याचिका वापस लेने की मिली इजाजत; क्या है मामला?
Money laundering Case Row: अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडिज एक मनी लॉन्ड्रिंग केस के कारण मुश्किलों में घिरी हैं। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में नया आदेश दिया है।
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विस्तार
दिल्ली हाई कोर्ट के एक आदेश के खिलाफ जैकलीन फर्नांडिज ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। उन्होंने दिल्ली हाई कोर्ट के एक आदेश को चुनौती दी थी, क्योंकि इसके तहत उन पर मनी लॉन्ड्रिंग केस में आरोप तय किए जाने थे। इसी याचिका को वापस लेने की इजाजत अब सुप्रीम कोर्ट से जैकलीन फर्नांडिज को मिली है।
जैकलीन को याचिका वापस लेने की मिली अनुमति
आईएएनएस के मुताबिक याचिका में जैकलीन ने दिल्ली हाई कोर्ट के एक आदेश को चुनौती दी थी। दरअसल, दिल्ली हाई कोर्ट ने अपने आदेश में ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़े 200 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में एक फैसला सुनाया था। इसी केस से जैकलीन भी जुड़ी हैं। दिल्ली हाई कोर्ट ने ईडी की अभियोजन शिकायत को रद्द करने और ट्रायल कोर्ट द्वारा जैकलीन पर तय किए आरोप वाला फैसला बदलने से इंकार कर दिया था।
लेकिन गुरुवार को सुनवाई के दौरान जैकलीन ने सुप्रीम कोर्ट से अपनी याचिका वापस लेने की अनुमति मांगी। शीर्ष अदालत ने उनके अनुरोध को स्वीकार कर लिया और उन्हें याचिका वापस लेने की इजाजत दे दी। सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस बी.वी. नागरत्ना और जस्टिस जॉयमाल्य बागची की बेंच ने सुनवाई के दौरान जैकलीन को याचिका वापस लेने की अनुमति दी।
News Alert ! Money laundering case: SC permits actor Jacqueline Fernandez to withdraw plea challenging Delhi court order to frame charges against her. pic.twitter.com/qkGFqcYKCa
— Press Trust of India (@PTI_News) June 25, 2026
एक्ट्रेस खुद को बेगुनाह बता चुकी हैं
जैकलीन ने पहले मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली की एक अदालत के सामने खुद को बेगुनाह बताया था। साथ ही मुकदमे का सामना करने की इच्छा जताई थी। 3 जून को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश होने पर भी जैकलीन ने खुद पर लगाए गए आरोपों से इनकार किया। साथ ही मामले को मेरिट के आधार पर लड़ने का फैसला किया।
ठग चंद्रशेखर और 14 अन्य के खिलाफ आरोप तय
ट्रायल कोर्ट ने कथित ठग चंद्रशेखर, उनकी पत्नी लीना मारिया पॉल और 14 अन्य लोगों पर भी मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप तय किए। इन सभी ने खुद को बेगुनाह बताया और मुकदमे की मांग की। यह मामला अभी 16 जुलाई को आगे की कार्यवाही के लिए ट्रायल कोर्ट में लिस्टेड है।
यह अपडेट जैकलीन के इसी मामले में सरकारी गवाह बनने की अपनी अर्जी वापस लेने के कुछ हफ्ते बाद सामने आया। ईडी ने इस अर्जी का विरोध करते हुए कहा था कि जांच के दौरान जैकलीन का व्यवहार संतोषजनक नहीं था।
जांच एजेंसी ने लगाए अभिनेत्री पर गंभीर आरोप
एंंटी-मनी लॉन्ड्रिंग एजेंसी का आरोप है कि जैकलीन को चंद्रशेखर के आपराधिक बैकग्राउंड के बारे में पता था। इसके बावजूद वह उसके संपर्क में बनी रहीं। जांच एजेंसी के मुताबिक चंद्रशेखर ने कथित मनी-लॉन्ड्रिंग गतिविधियों से हुई अपराध की कमाई का इस्तेमाल करके जैकलीन के लिए लग्जरी तोहफे, कीमती सामान और अन्य फायदे उपलब्ध कराए।
ईडी ने भी जैकलीन पर चंद्रशेखर से लगभग 7 करोड़ रुपये के लग्जरी तोहफे लेने का आरोप लगाया है। हालांकि एक्ट्रेस का हमेशा से यही कहना रहा है कि उन्हें चंद्रेशखर की कथित आपराधिक गतिविधियों या उन तोहफों के लिए इस्तेमाल किए गए पैसे के स्रोत के बारे में कोई जानकारी नहीं थी।
यह मनी लॉन्ड्रिंग का मामला उन आरोपों से जुड़ा है जिनमें कहा गया है कि चंद्रशेखर ने रैनबैक्सी के पूर्व प्रमोटरों शिविंदर सिंह और मलविंदर सिंह की पत्नियों से लगभग 200 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की थी।