Exclusive: 'सुप्रीम कोर्ट जाएंगे, फिर तो फिल्म बनाना ही बंद कर दें', सलमान विवाद पर बोले निर्देशक भरत श्रीनाते
Kala Hiran Controversy: सलमान खान और फिल्म 'काला हिरण- द बैटल फॉर लिगेसी' का विवाद अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच सकता है। दिल्ली हाई कोर्ट ने फिल्म का टीजर हटाने का निर्देश दिया है। इसके बाद निर्देशक भरत श्रीनाते ने कहा है कि मेकर्स इस मामले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देंगे।
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विस्तार
फिल्म 'काला हिरण' के निर्देशक भरत श्रीनाते का दावा है कि उनकी फिल्म सलमान खान पर बनी ही नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर किसी घटना पर कहानी भी नहीं कही जा सकती तो फिल्मकार अपने अधिकारों का इस्तेमाल कैसे करेंगे? इस पूरे विवाद पर भरत श्रीनाते ने अमर उजाला से खास बातचीत की।
'हाई कोर्ट का सम्मान है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट में लड़ेंगे'
टीजर हटाने के निर्देश पर भरत ने कहा, 'माननीय हाई कोर्ट ने जो भी फैसला दिया है, हम उसका सम्मान करते हैं। उसे फॉलो करेंगे। जो भी चीज सलमान खान से संबंधित मानी जाती है और उसे हटाने के लिए कहा जाता है तो वह चीज हटाई जाएगी। लेकिन अगर मैं अपने टीजर की बात करूं तो हमारे टीजर में सलमान खान नहीं हैं। इसलिए हम इसके लिए लड़ेंगे। हमारे भी कुछ अधिकार हैं। फिल्मकारों के अधिकार हैं। सिनेमा के भी अधिकार हैं। हम अपने अधिकारों के लिए सुप्रीम कोर्ट में आवाज उठाएंगे।'
'पूरी चीज खत्म कर देंगे तो फिल्ममेकिंग ही बंद कर देनी चाहिए'
भरत ने आगे कहा, 'अगर उन्हें लगता है कि कोई चीज सलमान खान को रिप्रेजेंट कर रही है तो उसे निकालने के लिए कहा जा सकता है। अगर ऐसा लगता है तो निकालना भी चाहिए। लेकिन ऐसा नहीं होना चाहिए कि पूरी चीज को ही खत्म कर दिया जाए। फिर तो फिल्ममेकिंग ही बंद कर देनी चाहिए। फिर तो मेरा करियर ही खराब हो गया।'
उन्होंने कहा, 'अगर किसी को इतनी तकलीफ हो रही है तो मेरी बात यह है कि अगर कोई घटना हुई है, उस घटना पर हर चैनल भी बात करता है। उसे दिखाता है। मीडिया को तो बैन नहीं किया जाता। फिर हमारे भी अधिकार हैं। हम भी अपनी स्टोरीटेलिंग के माध्यम से बात रखते हैं। अपनी क्रिएटिविटी के माध्यम से बात रखते हैं। हमें भी एक्सप्रेशन का अधिकार है। उसी अधिकार को लेकर हम सुप्रीम कोर्ट में अपनी आवाज उठाएंगे।'
'बिश्नोई समाज की है कहानी, सलमान खान की नहीं'
फिल्म की कहानी पर भरत ने विस्तार से अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, 'यह कहानी बिश्नोई समाज की है। उनकी विरासत की कहानी है। बिश्नोई समाज जीवों को अपने बच्चों की तरह पालता है। उनका पोषण करता है। उनकी रक्षा करता है। अगर कोई शिकारी किसी जीव का शिकार कर देता है तो वे अंदर से पूरी तरह टूट जाते हैं। बिखर जाते हैं। उनके लिए वह जीव उनके परिवार के सदस्य की तरह होता है। उसका खत्म होना उनके लिए परिवार के किसी सदस्य को खोने जैसा होता है।' उन्होंने आगे कहा, 'यह बिश्नोई समाज और उसकी विरासत की कहानी है। आज भी आप राजस्थान में कहीं भी चले जाइए, जहां बिश्नोई समाज रहता है, वहां आपको उनका जीवों और वनस्पतियों के प्रति प्रेम देखने को मिलेगा। वे उनकी रक्षा करते हैं। हमारी कहानी उसी समाज और उसकी भावना की कहानी है।'
'व्यक्ति पर नहीं, घटना पर फिल्म बनाई है'
फिल्म को सलमान खान और काला हिरण मामले से जोड़ने पर भरत ने कहा, 'अगर कोई घटना हुई थी और उस घटना पर मैं सिनेमा बनाता हूं तो इसमें मेरी क्या गलती है? मैंने आपके ऊपर फिल्म नहीं बनाई है। मैंने उस घटना के ऊपर फिल्म बनाई है। मुझे किसी घटना पर सिनेमा बनाने का अधिकार है।' उन्होंने आगे कहा, 'आपने सिर्फ टीजर देखकर ही सब कुछ तय कर लिया। अभी तो ट्रेलर भी नहीं आया है। पूरी फिल्म सामने ही नहीं आई है। ऐसे में सिर्फ टीजर देखकर पूरी कहानी को लेकर फैसला कैसे किया जा सकता है?'
'बदलाव का फैसला CBFC करेगा, उसे फॉलो करूंगा'
फिल्म में बदलाव किए जाने की संभावना पर भरत ने कहा, 'कोर्ट जो कह रहा है, हम उसको मान रहे हैं। उसका सम्मान कर रहे हैं। लेकिन जहां फिल्म की बात आती है तो हमारे यहां सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन यानी CBFC है। फिल्म में क्या रहना चाहिए और क्या बदलाव किया जाना चाहिए, यह CBFC भी तय करता है। CBFC जो फैसला करेगा, मैं उसे फॉलो करूंगा।'
अमित जानी के लीगल नोटिस फाड़ने पर बोले- 'कोर्ट की हर बात मानेंगे'
निर्माता अमित जानी के कथित तौर पर सलमान खान की ओर से भेजे गए लीगल नोटिस को फाड़ने का मुद्दा भी सुनवाई में उठा। इस पर भरत ने कहा, 'कोर्ट और कानून से जुड़ी जो भी चीज होगी, हम उसका सम्मान करते हैं। उसे फॉलो करेंगे। कोर्ट का जो भी फैसला होगा, हम उसे मानेंगे। लेकिन अगर कोई वकील हमें कोई लीगल नोटिस भेजता है तो वह अलग बात है। कोर्ट के आदेश और किसी वकील की तरफ से भेजे गए लीगल नोटिस को एक तरह से नहीं देखा जा सकता।'
क्या कहता है दिल्ली हाई कोर्ट का फैसला?
दिल्ली हाई कोर्ट ने 'काला हिरण- द बैटल फॉर लिगेसी' का टीजर हटाने का निर्देश दिया है। मामला सलमान खान के पर्सनैलिटी राइट्स से जुड़ा है। कोर्ट ने अभिनेता की प्रतिष्ठा को लेकर चिंता जताई। सलमान का दावा है कि टीजर में मौजूद किरदार और दूसरे संकेत उनकी ओर इशारा करते हैं। इससे उनकी प्रतिष्ठा प्रभावित हो सकती है। वहीं, मेकर्स का कहना है कि फिल्म सलमान खान पर आधारित नहीं है।