Fathers Day 2026: पिता-पुत्र के रिश्ते पर बनी हैं ये फिल्में; दर्शकों के दिलों को जीतने में रहीं कामयाब
Fathers Day 2026: पिता! एक ऐसा रिश्ता, जिसे परिभाषित करेंगे तो शब्दकोश छोटा ही पड़ेगा। इस रिश्ते की खूबसूरती को सिनेमा जगत में भी बखूबी दिखाया गया है। जानिए ऐसी ही कुछ फिल्मों के बारे में, जो पिता-पुत्र के रिश्ते पर बनी हैं।
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'पिता सिर्फ एक रिश्ता नहीं है, वह एक भरोसा होना चाहिए, जो तुम्हें यकीन दिलाए कि अगर पूरी दुनिया भी तुम्हारे सामने खड़ी हो जाए न तो तुम लड़ लोगे!' यह डायलॉग है शाहरुख खान की फिल्म 'जवान' का। फिल्म में यह संवाद नयनतारा बोलती हैं। और, सही मायने में यह फिल्म में कह देने भर की बात नहीं है, बल्कि जिंदगी की हकीकत है। पिता आकाश हैं। धूप में छांव हैं। जब टूट जाओ तो पिता हिम्मत हैं। निर्माता-निर्देशकों ने भी इस रिश्ते की खूबसूरती को पर्दे पर दिखाने की कोशिश की है। जानिए पित्रा-पुत्र के रिश्ते पर बनी कुछ फिल्में...
'गदर 2'
फिल्म 'गदर 2' बाप-बेटे के रिश्ते पर आधारित है, जहां पिता के रूप में सनी देओल अपने बेटे (उत्कर्ष शर्मा) के लिए पाकिस्तान तक पहुंच गए। जीते (उत्कर्ष शर्मा) जब पाकिस्तान में फंस जाता है, तो वह पाकिस्तानी फौजी अफसर से कहता है, 'दुआ कर कि मेरा बाप यहां ना आए। अगर मेरा बाप यहां आ गया, तो तेरे इतने टुकड़े करेगा, इतने टुकड़े करेगा...' वहीं तारा सिंह भी भले ही घर में जवान बेटे पर हाथ उठा देता हो, लेकिन बेटे के मुसीबत में फंस जाने पर सारे खतरे उठाकर पाकिस्तान चल पड़ता है। इससे पहले बाप से अक्सर नाराज रहने वाला बेटा भी अपने पिता को तलाशने की खातिर दुश्मन मुल्क पाकिस्तान में जाने का जोखिम उठाता है। फिल्म में एक और भावुक कर देने वाला संवाद है, जब जीते एक जगह कहता है, 'जिसके ऊपर पिता का साया है, उसे फिक्र करने की क्या जरूरत!'
'ओएमजी 2'
फिल्म 'ओएमजी 2' भी पिता-पुत्र की कहानी पर आधारित है, जिसमें एक पिता अपने मासूम बेटे के लिए कोर्ट तक जाता है। फिल्म में दिखाया गया कि जब नाबालिग बेटा अपना वीडियो वायरल होने के चलते परेशानी में था और सारी दुनिया उसके खिलाफ थी, तब उसके बाप ने ही उसका पूरी मजबूती से साथ दिया। यही नहीं, वह अपने बेटे की खातिर अपना सब कुछ दांव पर लगाकर सारी दुनिया से भिड़ने से भी नहीं हिचकिचाया।
'जवान'
शाहरुख खान की फिल्म 'जवान' में भी बाप-बेटे की कहानी है। फिल्म में शाहरुख पिता और पुत्र की दोहरी भूमिका में हैं। फिल्म का ये डायलॉग खूब हिट हुआ है, 'बेटे को हाथ लगाने से पहले बाप से बात कर!' अभिनय के मामले में भी शाहरुख का पिता के रूप में विक्रम राठौर का किरदार कहीं ज्यादा पसंद किया गया।
'टाइगर 3'
सलमान खान की फिल्म 'टाइगर 3' भी बाप-बेटे की कहानी कहती है। फिल्म में सलमान खान का एक संवाद है, 'मेरे बेटे को मैं नहीं, इंडिया बोलेगा कि उसका बाप क्या था? गद्दार या देशभक्त! जिंदा रहा तो आपकी खिदमत में फिर हाजिर नहीं तो जय हिंद'! यह फिल्म भी पिता-पुत्र के रिश्ते पर बनी है।
'एनिमल'
रणबीर कपूर की ब्लॉकबस्टर फिल्म 'एनिमल' भी इस लिस्ट में शामिल है। इसमें रणबीर के पिता की भूमिका में अनिल कपूर नजर आए। अनिल कपूर को एक ऐसे सख्त पिता की भूमिका में दिखाया गया, जो अपने बेटे को किसी लायक नहीं समझता। हालांकि, बाद में फिल्म एक भावुक मोड़ लेती है। यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर ब्लॉकबस्टर साबित हुई।
102 नॉट आउट
अमिताभ बच्चन और ऋषि कपूर की ये फिल्म भी बाप-बेटे के रिश्ते पर बनी है। इस फिल्म में अमिताभ बच्चन ने 102 साल की उम्र के पिता को रोल निभाया था जबकि दिवंगत एक्टर ऋषि कपूर इसमें 75 साल के उनके बेटे की भूमिका में दिखाई दिए थे। फिल्म में बाप-बेटे की बेहतरीन केमिस्ट्री देखने को मिली। इस फिल्म का निर्देशन उमेश शुक्ला ने किया था।
पा
साल 2009 में अमिताभ, अभिषेक और विद्या बालन अभिनीत फिल्म 'पा' ने सिनेमा जगत के कई रिकार्ड्स तोड़े जब प्रोजेरिया से पीड़ित बेटे का किरदार निभाया अमिताभ बच्चन ने और उसके पिता का किरदार खुद उनके बेटे अभिषेक ने निभाया। एक बेहद मार्मिक कहानी जो 13 साल के एक बीमार बच्चे की है। इसमे साहस और आत्मविश्वास कूट-कूट कर भरा है। आर बाल्की ने इस फिल्म में पिता और पुत्र के एक अनोखे रिश्ते को दर्शाया है जो एक दूसरे के बहुत अच्छे दोस्त है।
विरासत
पिता और पुत्र के रिश्ते पर बनी फिल्मों में 'विरासत' भी शामिल है। यह साल 1997 में आई थी। फिल्म में दिखाया गया है कि एक पढ़ा-लिखा बेटा विदेश से लौटकर अपने पिता के दिखाए रास्ते और आदर्शों का सम्मान करते हुए अपनी आधुनिक जिंदगी त्याग देता है। प्रियदर्शन के निर्देशन में बनी इस फिल्म में अनिल कपूर, अमरीश पुरी और तब्बू अहम भूमिकाओं में हैं।
घातक
साल 1996 में आई फिल्म 'घातक' भी इस लिस्ट में जगह बनाती है। यह पहलवान काशीनाथ (सनी देओल) और उनके पिता शंभूनाथ (अमरीश पुरी) के बीच के अटूट भावनात्मक रिश्ते की कहानी है। यह फिल्म दिखाती है कि एक बेटा अपने पिता की गरिमा की रक्षा के लिए किस हद तक जा सकता है। यह फिल्म राजकुमार संतोषी के निर्देशन में बनी है।
अकेले हम अकेले तुम
आमिर खान और मनीषा कोइराला की ये फिल्म साल 1995 में आई थी। ये फिल्म ऐसे पिता की है जो अपने बेटे को बहुत प्यार करता है। वहीं उस बेटे की मां अपने सपने पूरे करने के लिए बेटे और पति को छोड़ देती है। फिल्म में आदिल रिजवी ने आमिर खान के बेटे की भूमिका अदा की है। वहीं, मनीषा कोइराला उनकी मां की भूमिका में होती हैं। 'अकेले हम अकेले तुम' का निर्देशन मंसूर खान ने किया है।