जींद। राजकीय इंदिरा प्रियदर्शिनी महाविद्यालय में बुधवार को सांस्कृतिक एवं पारंपरिक तरीके से मकर संक्रांति पर्व मनाया गया। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति, परंपराओं और सामाजिक मूल्यों से जोड़ना रहा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य जयनारायण गहलावत ने की गई। उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति भारतीय संस्कृति का महत्वपूर्ण पर्व है जो सूर्य के उत्तरायण होने का प्रतीक है। यह पर्व नई शुरुआत, सकारात्मक ऊर्जा और आपसी भाईचारे का संदेश देता है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे अपनी सांस्कृतिक विरासत को समझें और उसे अपने जीवन में अपनाएं।
मकर संक्रांति पर विद्यार्थियों ने तिल, गुड़ और मूंगफली खाते हुए त्योहार को मनाया। महाविद्यालय के शिक्षकों ने कहा कि इस तरह के आयोजन विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में सहायक होते हैं। मौके पर डॉ. सुमिता आशरी, डॉ. प्रीति, डॉ. नरेंद्र, डॉ. जितेंद्र, डॉ. रमेश कुमार, डॉ. मंजू शर्मा और डॉ. मनीषा दलाल मौजूद रहीं।

14जेएनडी11: मकर संक्रांति के पर्व को मनाते हुए महाविद्यालय स्टाफ। संवाद