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Rohtak News: दादी की विरासत के सौंदर्य को अब बखूबी संभाल रहीं बहू पूजा

Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 05 Apr 2026 10:31 PM IST
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Daughter-in-law Pooja is now preserving the beauty of her grandmother's legacy.
03-बगिया में पौधों की देखभाल करतीं सेक्टर दो ​निवासी पूजा नांदल। संवाद
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सेक्टर 2 में रहने वाली पूजा नांदल की बगिया में 60 से ज्यादा पौधे, खुद करती हैं देखभाल
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रोहतक। सेक्टर दो निवासी पूजा नांदल की बगिया में इन दिनों बहार है। उनके लिए ये बगिया बहुत खास है। वो बताती हैं कि उनकी दादी सास संतरा देवी ने 2015 में बगिया बनाई थी जिसे आज वह खुद सींच रही हैं। पूजा की मेहनत से हर मौसम में बगिया खिली रहती है।
उनकी बगिया में 60 से ज्यादा पौधे हैं जिनमें फूलों के अलावा फलदार व छायादार पौधे भी शामिल हैं। घर के कामकाज के साथ पूजा इस बगिया की बखूबी देखभाल करती हैं। पौधों को धूप और सर्दी से बचाने का इंतजाम भी करती हैं। पूजा कहती हैं कि वर्ष 2022 में उनकी शादी रोहतक के बोहर गांव निवासी संदीप नांदल से हुई जिनके स्वजन सेक्टर दो में रहते हैं।
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पति संदीप की दादी संतरा देवी व दादा सतवीर सिंह नांदल को पौधों से लगाव था। उन्होंने वर्ष 2015 में सेक्टर दो स्थित अपने मकान में बगिया लगाई जिसमें अमरूद, नींबू, आम, जामुन व करौंदा के पौधे लगाए जो अब बड़े हो चुके हैं।
बुजुर्गों की विरासत को संभालने का प्रयास
बीए पास पूजा कहती हैं कि वर्ष 2023 में दादी सास संतरा का निधन हो गया था इसके बाद वे खुद बगिया की देखभाल करने लगीं। ये बगिया उन्हें हरियाली और ताजगी के साथ ही परिवार के बुजुर्गों के आशीर्वाद का अहसास दिलाती है। दो वर्षीय बेटी वंशिका को भी पौधों से लगाव होने लगा है और जब उन्हें पौधों की देखभाल करते हुए देखती है तो वह भी सहयोग करती है।

कई प्रजातियों के पौधों से महक रही बगिया
नींबू, पपीता, मौसमी, जामुन, अमरूद, करौंदे के अलावा, तुलसी, गुलाब, सदाबहार, गुडहल, पुदीना, आम, गिलोय, चमेली, मनी प्लांट सहित कैक्टस की भी कई प्रजातियों के पौधे बगिका की सुंदरता बढ़ा रहे हैं। पूजा ने बताया कि दादी सास ने जो गुलाब का पौधा लगाया था उसकी ऊंचाई 8 फीट से भी अधिक हो चुकी है जिस पर खिले फूल दूर से खुशी का अहसास दिलाते हैं।

पौधों में देसी खाद का प्रयोग
बगिया के पौधों में वे गोबर की देसी खाद का प्रयोग करती हैं और गांव बाेहर से ही खाद लेकर आती हैं। बगिया के काम में उनके पति संदीप भी सहयोग करते हैं। पूजा मूल रूप से झज्जर जिला के खुंगाई गांव की रहने वाली हैं।
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