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Hamirpur (Himachal) News: डाक विभाग की पार्सल सेवा से बढ़ा व्यापारियों का कारोबार
Sat, 25 Jul 2026 01:16 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Sat, 25 Jul 2026 01:16 AM IST
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हमीरपुर। डाक विभाग की अनुबंधित पार्सल सेवा स्थानीय व्यापारियों के लिए लाभदायक साबित हो रही है। इस सुविधा के माध्यम से व्यापारी कम खर्च में अपने उत्पाद देश के विभिन्न हिस्सों तक समय पर भेज पा रहे हैं। इससे कारोबार को नई गति मिलने के साथ व्यापारियों के मुनाफे में भी बढ़ोतरी हुई है।
हमीरपुर जिले में वर्तमान में 40 से अधिक व्यापारी इस योजना का नियमित लाभ उठा रहे हैं। कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक्स, कॉस्मेटिक, घरेलू उपयोग का सामान और अन्य उत्पाद डाक विभाग के माध्यम से विभिन्न राज्यों में भेजे जा रहे हैं। पार्सल का शुल्क भार और गंतव्य की दूरी के आधार पर निर्धारित किया जाता है।
डाक विभाग के अनुसार हर माह करीब एक हजार से 1200 पार्सल बुक किए जा रहे हैं, जिससे विभाग को प्रतिमाह लगभग डेढ़ लाख रुपये का राजस्व प्राप्त हो रहा है। व्यापारियों को निजी कूरियर कंपनियों की तुलना में कम लागत और विश्वसनीय सेवा मिल रही है।
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स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि अनुबंधित पार्सल सेवा शुरू होने से समय और परिवहन खर्च दोनों में बचत हुई है। नियमित रूप से पार्सल भेजने वाले कारोबारियों को इसका विशेष लाभ मिल रहा है, जिससे उनके कारोबार का विस्तार हो रहा है।
इस योजना से जुड़ने के लिए व्यापारियों को डाक विभाग के सेवा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना होता है। पंजीकरण के बाद वे देश के किसी भी हिस्से में आसानी से पार्सल भेज सकते हैं। इससे स्थानीय व्यापारी डिजिटल और ऑनलाइन कारोबार से भी जुड़ रहे हैं।
शहर में चाबी बनाने का कार्य करने वाले व्यापारी राजकुमार ने बताया कि पहले वह केवल दुकान पर आने वाले ग्राहकों को ही सामान उपलब्ध करवा पाते थे। ऑनलाइन ऑर्डर मिलने पर उत्पाद भेजने में परेशानी होती थी, लेकिन अब डाक विभाग की पार्सल सेवा के माध्यम से देशभर में आसानी से सामान भेज रहे हैं, जिससे उनके कारोबार में भी बढ़ोतरी हुई है।
कोट
डाक विभाग की अनुबंधित पार्सल योजना से जिले के 40 से अधिक व्यापारी जुड़े हुए हैं। इस योजना के माध्यम से विभाग को प्रतिमाह करीब डेढ़ लाख रुपये का राजस्व प्राप्त हो रहा है। अधिक से अधिक व्यापारियों को इस सुविधा से जोड़ने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। -जोगिंद्र सिंह, उप अधीक्षक, मंडलीय डाकघर हमीरपुर
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हमीरपुर जिले में वर्तमान में 40 से अधिक व्यापारी इस योजना का नियमित लाभ उठा रहे हैं। कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक्स, कॉस्मेटिक, घरेलू उपयोग का सामान और अन्य उत्पाद डाक विभाग के माध्यम से विभिन्न राज्यों में भेजे जा रहे हैं। पार्सल का शुल्क भार और गंतव्य की दूरी के आधार पर निर्धारित किया जाता है।
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डाक विभाग के अनुसार हर माह करीब एक हजार से 1200 पार्सल बुक किए जा रहे हैं, जिससे विभाग को प्रतिमाह लगभग डेढ़ लाख रुपये का राजस्व प्राप्त हो रहा है। व्यापारियों को निजी कूरियर कंपनियों की तुलना में कम लागत और विश्वसनीय सेवा मिल रही है।
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स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि अनुबंधित पार्सल सेवा शुरू होने से समय और परिवहन खर्च दोनों में बचत हुई है। नियमित रूप से पार्सल भेजने वाले कारोबारियों को इसका विशेष लाभ मिल रहा है, जिससे उनके कारोबार का विस्तार हो रहा है।
इस योजना से जुड़ने के लिए व्यापारियों को डाक विभाग के सेवा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना होता है। पंजीकरण के बाद वे देश के किसी भी हिस्से में आसानी से पार्सल भेज सकते हैं। इससे स्थानीय व्यापारी डिजिटल और ऑनलाइन कारोबार से भी जुड़ रहे हैं।
शहर में चाबी बनाने का कार्य करने वाले व्यापारी राजकुमार ने बताया कि पहले वह केवल दुकान पर आने वाले ग्राहकों को ही सामान उपलब्ध करवा पाते थे। ऑनलाइन ऑर्डर मिलने पर उत्पाद भेजने में परेशानी होती थी, लेकिन अब डाक विभाग की पार्सल सेवा के माध्यम से देशभर में आसानी से सामान भेज रहे हैं, जिससे उनके कारोबार में भी बढ़ोतरी हुई है।
कोट
डाक विभाग की अनुबंधित पार्सल योजना से जिले के 40 से अधिक व्यापारी जुड़े हुए हैं। इस योजना के माध्यम से विभाग को प्रतिमाह करीब डेढ़ लाख रुपये का राजस्व प्राप्त हो रहा है। अधिक से अधिक व्यापारियों को इस सुविधा से जोड़ने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। -जोगिंद्र सिंह, उप अधीक्षक, मंडलीय डाकघर हमीरपुर