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नशा शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक विकास में बाधा : डीएसपी
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चिट्टा मुक्त हिमाचल अभियान के तहत सरैन स्कूल में किया जागरूकता
संवाद न्यूज एजेंसी
चौपाल (रोहड़ू)। प्रदेश सरकार के चिट्टा मुक्त हिमाचल प्रदेश जन जागरूकता अभियान के तहत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सरैन में शनिवार को कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें पुलिस उपाधीक्षक चौपाल सुशांत शर्मा ने मुख्य वक्ता के रूप में विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में बताया।
सुशांत शर्मा ने कहा कि नशा शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक विकास में बाधा है। यह व्यक्ति की कार्यक्षमता, विचार शक्ति और नैतिक मूल्यों को नष्ट करता है। उन्होंने विद्यार्थियों से चिट्टा सहित सभी नशों से दूर रहने का आह्वान किया। शर्मा ने राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों से नशामुक्ति का संदेश घर-घर पहुंचाने और इसे जन आंदोलन बनाने की अपील की। विद्यालय के प्रधानाचार्य प्रताप सिंह नेगी ने कहा कि नशामुक्त समाज के निर्माण में प्रत्येक विद्यार्थी को सक्रिय भूमिका निभानी होगी। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन और उत्तम चरित्र अपनाने के साथ नशे से दूर रहने का आग्रह किया।
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संवाद न्यूज एजेंसी
चौपाल (रोहड़ू)। प्रदेश सरकार के चिट्टा मुक्त हिमाचल प्रदेश जन जागरूकता अभियान के तहत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सरैन में शनिवार को कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें पुलिस उपाधीक्षक चौपाल सुशांत शर्मा ने मुख्य वक्ता के रूप में विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में बताया।
सुशांत शर्मा ने कहा कि नशा शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक विकास में बाधा है। यह व्यक्ति की कार्यक्षमता, विचार शक्ति और नैतिक मूल्यों को नष्ट करता है। उन्होंने विद्यार्थियों से चिट्टा सहित सभी नशों से दूर रहने का आह्वान किया। शर्मा ने राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों से नशामुक्ति का संदेश घर-घर पहुंचाने और इसे जन आंदोलन बनाने की अपील की। विद्यालय के प्रधानाचार्य प्रताप सिंह नेगी ने कहा कि नशामुक्त समाज के निर्माण में प्रत्येक विद्यार्थी को सक्रिय भूमिका निभानी होगी। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन और उत्तम चरित्र अपनाने के साथ नशे से दूर रहने का आग्रह किया।
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