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Rampur Bushahar News: देवता शिकड़ू महाराज के नए मोतमीन बने सुखदेव चौहान, लोकेंद्र भ्रांटा चुने गए काय
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देवता शिकड़ू महाराज के नए मोतमीन बने सुखदेव चौहान (निट्टू), लोकेंद्र भ्रांटा कायथ। संवाद
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देव परंपराओं के अनुसार हुई नए पदाधिकारियों के चयन की प्रक्रिया
संवाद न्यूज एजेंजी
रोहड़ू।
देवता शिकड़ू महाराज के धार्मिक एवं पारंपरिक कार्यों के सुचारु संचालन के लिए शुक्रवार को मंदिर प्रांगण में पांच बासा (पांच गांवों) के लोगों की उपस्थिति में एक महत्वपूर्ण देवसभा आयोजित की गई। सभा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और देव समाज के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। देवसभा के दौरान देवता शिकड़ू महाराज के गूर (माली) के प्रकट होने के बाद देव परंपराओं के अनुसार नए पदाधिकारियों के चयन की प्रक्रिया संपन्न की गई। पांच बासा के लोगों की सहमति से सुखदेव चौहान (निट्टू) को देवता शिकड़ू महाराज का नया मोतमीन और लोकेंद्र भ्रांटा को कायथ चुना गया। दोनों पदाधिकारी भविष्य में देवता से जुड़े धार्मिक, सामाजिक और प्रशासनिक कार्यों का दायित्व संभालेंगे। बैठक में योगेश्वर लाल (निट्टू) को देवता भंडारी के पद पर यथावत रखा गया, जबकि पूर्व की भांति कुशल अट्रेटा को दोबारा कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया। इसके अलावा सूरत राम भीमटा को अनाज सहित अन्य सामग्री के भंडारी की जिम्मेदारी सौंपी गई। इस अवसर पर देव समाज के लोगों ने पूर्व मोतमीन रोशन लाल भ्रांटा की सेवाओं को विशेष रूप से याद किया। उन्होंने करीब 25 वर्षों तक मोतमीन के रूप में देवता शिकड़ू महाराज के कार्यों का सफलतापूर्वक संचालन किया और हाल ही में पद से सेवानिवृत्त हुए हैं। देवसभा में उपस्थित लोगों ने नव निर्वाचित पदाधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए विश्वास व्यक्त किया कि वे देव परंपराओं का निर्वहन करते हुए क्षेत्र की धार्मिक आस्था, संस्कृति और सामाजिक एकता को और अधिक सुदृढ़ करेंगे।
संवाद न्यूज एजेंजी
रोहड़ू।
देवता शिकड़ू महाराज के धार्मिक एवं पारंपरिक कार्यों के सुचारु संचालन के लिए शुक्रवार को मंदिर प्रांगण में पांच बासा (पांच गांवों) के लोगों की उपस्थिति में एक महत्वपूर्ण देवसभा आयोजित की गई। सभा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और देव समाज के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। देवसभा के दौरान देवता शिकड़ू महाराज के गूर (माली) के प्रकट होने के बाद देव परंपराओं के अनुसार नए पदाधिकारियों के चयन की प्रक्रिया संपन्न की गई। पांच बासा के लोगों की सहमति से सुखदेव चौहान (निट्टू) को देवता शिकड़ू महाराज का नया मोतमीन और लोकेंद्र भ्रांटा को कायथ चुना गया। दोनों पदाधिकारी भविष्य में देवता से जुड़े धार्मिक, सामाजिक और प्रशासनिक कार्यों का दायित्व संभालेंगे। बैठक में योगेश्वर लाल (निट्टू) को देवता भंडारी के पद पर यथावत रखा गया, जबकि पूर्व की भांति कुशल अट्रेटा को दोबारा कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया। इसके अलावा सूरत राम भीमटा को अनाज सहित अन्य सामग्री के भंडारी की जिम्मेदारी सौंपी गई। इस अवसर पर देव समाज के लोगों ने पूर्व मोतमीन रोशन लाल भ्रांटा की सेवाओं को विशेष रूप से याद किया। उन्होंने करीब 25 वर्षों तक मोतमीन के रूप में देवता शिकड़ू महाराज के कार्यों का सफलतापूर्वक संचालन किया और हाल ही में पद से सेवानिवृत्त हुए हैं। देवसभा में उपस्थित लोगों ने नव निर्वाचित पदाधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए विश्वास व्यक्त किया कि वे देव परंपराओं का निर्वहन करते हुए क्षेत्र की धार्मिक आस्था, संस्कृति और सामाजिक एकता को और अधिक सुदृढ़ करेंगे।