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Sirmour News: अदालत 4
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चेक बाउंस के मामलों में अपील लंबित रहने तक सजाओं पर रोक
नाहन। अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने चेक बाउंस के दो मामलों में दोषियों को राहत देते हुए ट्रायल कोर्ट की दी सजाओं पर रोक लगाई है। अदालत ने यह आदेश श्याम सिंह बनाम रणजीत सिंह नेगी और जतीन कुमार और संदीप बेहल मामले में दिए हैं।
साल 2023 के चेक बाउंस के मामले में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, शिलाई ने 24 मार्च 2026 को श्याम सिंह को दोषी ठहराते हुए एक साल के कारावास और 8.80 लाख का मुआवजा देने की सजा सुनाई थी। वहीं, दूसरा मामला साल 2022 का है। 24 अप्रैल 2026 को न्यायिक मजिस्ट्रेट ने जतीन कुमार को दोषी करार देते हुए तीन माह की कैद और 2.20 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया था।
अब दोनों दोषियों ने दोषसिद्धि के खिलाफ अतिरिक्त सत्र न्यायालय में अलग-अलग अपील दायर की। सुनवाई के दौरान न्यायाधीश ने कहा कि अपीलों के निपटारे में समय लग सकता है। इसी कारण सजाओं के फैसले को अपीलों के अंतिम निपटान तक निलंबित कर दिया। अदालत ने शर्त लगाई है कि दोषियों को दो महीने के भीतर मुआवजा राशि का 20 प्रतिशत जमा करना होगा। साथ ही श्याम सिंह को 30 और जतीन को 20 हजार रुपये का व्यक्तिगत बांड पेश करना होगा। इसके अलावा अपीलें असफल रहने पर सजा भुगतने के लिए आत्मसमर्पण करना होगा। अपीलकर्ताओं को निर्देश दिए गए हैं कि वह अगली सुनवाई की तिथि तक अनुपालन हलफनामा प्रस्तुत करें।
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नाहन। अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने चेक बाउंस के दो मामलों में दोषियों को राहत देते हुए ट्रायल कोर्ट की दी सजाओं पर रोक लगाई है। अदालत ने यह आदेश श्याम सिंह बनाम रणजीत सिंह नेगी और जतीन कुमार और संदीप बेहल मामले में दिए हैं।
साल 2023 के चेक बाउंस के मामले में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, शिलाई ने 24 मार्च 2026 को श्याम सिंह को दोषी ठहराते हुए एक साल के कारावास और 8.80 लाख का मुआवजा देने की सजा सुनाई थी। वहीं, दूसरा मामला साल 2022 का है। 24 अप्रैल 2026 को न्यायिक मजिस्ट्रेट ने जतीन कुमार को दोषी करार देते हुए तीन माह की कैद और 2.20 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया था।
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अब दोनों दोषियों ने दोषसिद्धि के खिलाफ अतिरिक्त सत्र न्यायालय में अलग-अलग अपील दायर की। सुनवाई के दौरान न्यायाधीश ने कहा कि अपीलों के निपटारे में समय लग सकता है। इसी कारण सजाओं के फैसले को अपीलों के अंतिम निपटान तक निलंबित कर दिया। अदालत ने शर्त लगाई है कि दोषियों को दो महीने के भीतर मुआवजा राशि का 20 प्रतिशत जमा करना होगा। साथ ही श्याम सिंह को 30 और जतीन को 20 हजार रुपये का व्यक्तिगत बांड पेश करना होगा। इसके अलावा अपीलें असफल रहने पर सजा भुगतने के लिए आत्मसमर्पण करना होगा। अपीलकर्ताओं को निर्देश दिए गए हैं कि वह अगली सुनवाई की तिथि तक अनुपालन हलफनामा प्रस्तुत करें।

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