फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Kirti Azad raises questions regarding real vs fake TMC asks why Ritabrata has not submitted documents to EC.

बंगाल: असली-नकली TMC पर कीर्ति आजाद ने उठाए सवाल, कहा- ऋतब्रत अबतक EC में क्यों नहीं जमा करा सके दस्तावेज?

Mon, 13 Jul 2026 01:20 PM IST
Asmita Tripathi पीटीआई, कोलकाता
पीटीआई, कोलकाता Published by: Asmita Tripathi Updated Mon, 13 Jul 2026 01:20 PM IST
सार

टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने पार्टी के बागी गुट को 'नकली' बताते हुए कहा कि बंगाल में ममता बनर्जी से बड़ा कोई नेता नहीं है। इसके साथ ही कहा कि ऋतब्रत बनर्जी अबतक चुनाव आयोग के सामने दस्तावेज में क्यों नहीं जमा करा सके।

विज्ञापन
Kirti Azad raises questions regarding real vs fake TMC asks why Ritabrata has not  submitted documents to EC.
टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और ऋतब्रत गुट को टीएमसी की लीडरशिप, चुनाव चिह्न और हस्ताक्षर करने वालों के बारे में अपने दावे के समर्थन में दस्तावेज जमा करने का आदेश दिया है। इस पर टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने ऋतब्रत  गुट से सवाल पूछे। 

विज्ञापन


टीएमसी सांसद ने क्या कहा?
उन्होंने पीटीआई से बात करते हुए कहा, 'चुनाव आयोग ने नकली गुट और हमारे असली गुट, दोनों के लिए दस्तावेज जमा करने की आखिरी तारीख 6 जुलाई तय की थी। नकली गुट आखिरी समय तक कुछ भी जमा नहीं कर पाया। आम तौर पर, तय दिन पर ही दस्तावेज जमा करने होते हैं, लेकिन वे बाद में कई बार बदलाव करते रहे।
विज्ञापन


ममता बनर्जी से बड़ा कोई नेता नहीं
उन्होंने आगे कहा कि जो लोग पार्टी छोड़कर चले गए, वे अब अलग-अलग जगहों पर दफ्तर बना रहे हैं। खुद को असली पार्टी के तौर पर पेश करने की कोशिश कर रहे हैं। यह बात सभी के लिए बिल्कुल साफ है कि कौन असली है और कौन नकली। हर कोई चुनाव आयोग की सच्चाई जानता है। वे बस मिलकर साजिश रच रहे हैं क्योंकि उन्हें पता है कि बंगाल में ममता बनर्जी से बड़ा कोई नेता नहीं है।'

विज्ञापन
विज्ञापन

आयुष्मान दिवस पर क्या बोले?

वहीं, पश्चिम बंगाल सरकरा 16 अगस्त को 'आयुष्मान दिवस' मनाएगी। इस पर टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने कहा,'असल में 'आयुष्मान दिवस' से किसी को कोई फायदा नहीं हो रहा है। पहले 'स्वास्थ्य साथी' स्कीम के तहत, किसी के पास घर, कार या मोटरसाइकिल हो, तब भी उन्हें फंड मिल सकता था। वे प्राइवेट या सरकारी अस्पताल जाकर आसानी से पैसे ले सकते थे।



आयुष्मान भारत के फायदे को लेकर क्या कहा? 
उन्होंने आगे कहा कि आयुष्मान भारत स्कीम में कई कमियां हैं। अगर आपके घर में साइकिल, मोटरसाइकिल या टीवी भी है, तो आप फायदा पाने के लिए अयोग्य हो जाते हैं। फायदा पाने वालों की अभी तक कोई सही लिस्ट नहीं बनी है, तो लोग फायदा मिलने की उम्मीद कैसे कर सकते हैं? यह अभी भी 2011-2012 की जनगणना के डेटा पर आधारित है। तब से आबादी बहुत तेजी से बढ़ी है, जिससे मौजूदा सिस्टम बेकार हो गया है। सिर्फ एक चेहरा दिखाने, अखबारों में फोटो छापने, विज्ञापन चलाने और टीवी पर प्रचार वाले वीडियो दिखाने के अलावा, 'आयुष्मान भारत' से किसी को कोई असली फायदा नहीं हुआ है।'

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed