Updates: किसान मोर्चा 17-25 अगस्त तक MP-विधायकों को ज्ञापन सौंपेगा; आंध्र में पुलिस वाहन से शराब-ड्रग्स बरामद
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संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) 17 से 25 अगस्त के बीच सांसदों और विधायकों को एक ज्ञापन सौंपेगा। यह केंद्र और राज्य सरकारों से "कॉर्पोरेट-केंद्रित" विकास नीति बदलने का आग्रह करेगा। मोर्चा किसानों और श्रमिकों के मुद्दों पर ध्यान देने को कहेगा। किसान प्रतिनिधि गांवों से काफिलों में जाकर निर्वाचित प्रतिनिधियों को ज्ञापन देंगे। एसकेएम 'विकसित भारत 2047' ढांचे में कॉर्पोरेट-हितैषी नीतियों को बदलने पर जोर देगा। इसकी मांगों में राज्यों के संघीय अधिकार, वित्तीय स्वायत्तता मजबूत करना, कृषि में कॉर्पोरेट प्रवेश रोकना और सहकारी समितियों से खेती का आधुनिकीकरण शामिल है। संगठन ने सभी फसलों के लिए सी2+50 फीसदी पर एमएसपी की कानूनी गारंटी, व्यापक कृषि ऋण माफी, श्रमिकों के लिए न्यूनतम मजदूरी और युवाओं के लिए रोजगार की मांग की है। मोर्चा ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों को नजरअंदाज किया गया, तो किसान 26 नवंबर से बड़ा आंदोलन फिर शुरू करेंगे। यह ऐतिहासिक किसान आंदोलन की छठी वर्षगांठ होगी। ज्ञापन में केंद्र के 9 दिसंबर, 2021 के आश्वासनों (एमएसपी, कृषि ऋण, बिजली) को लागू न करने की बात दोहराई गई है। एसकेएम ने राज्यों के कर पूल में हिस्सेदारी 31 फीसदी से बढ़ाकर 50 फीसदी करने की भी मांग की है।
आंध्र प्रदेश में पुलिस वाहन से शराब-ड्रग्स बरामद, YSR कांग्रेस ने नायडू सरकार को घेरा
वाईएसआरसीपी प्रमुख वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने सोमवार को आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू पर हमला बोला। उन्होंने राज्य में कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं। यह घटना प्रकाशम जिले के संखावरप्पाडु गांव में रविवार को हुई। पुलिसकर्मियों के एक निजी वाहन का एक्सीडेंट हो गया था। वाहन में कथित तौर पर शराब और गांजा मिला था। जगन ने कहा कि जो पुलिसकर्मी अवैध परिवहन रोकते हैं, वे ही इसमें पकड़े गए। उन्होंने आरोप लगाया कि दुर्घटनाग्रस्त कार में दो पुलिस उपनिरीक्षक (एसआई) नशे में थे। कार की डिकी से गांजा, शराब और पुलिस की वर्दी बरामद हुई। जगन ने स्थानीय टीडीपी नेताओं पर पुलिस अधिकारियों को भागने में मदद करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। हालांकि, एक पुलिस अधिकारी ने आरोपों को खारिज किया। अधिकारी ने पीटीआई को बताया कि गांजा एक मामले में जब्त किया गया था और उसे थाने ले जाया जा रहा था। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मी कई अभियानों के लिए निजी वाहनों में भेष बदलकर जाते हैं और घायलों को अस्पताल पहुंचाया था।
तमिलनाडु सरकार ने भूखंडों और फ्लैटों की पहली बिक्री के लिए ऑनलाइन, उपस्थिति-रहित पंजीकरण अनिवार्य कर दिया है। इसका उद्देश्य पारदर्शिता बढ़ाना और उप-पंजीयक कार्यालयों के भौतिक दौरे कम करना है। मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने सचिवालय में इस पहल की शुरुआत की। यह पंजीकरण विभाग के उन्नत STAR 3.0 इकोसिस्टम में बदलाव का पहला चरण है। नई व्यवस्था में भूखंडों और अपार्टमेंट के पहले बिक्री दस्तावेज केवल ऑनलाइन पंजीकृत होंगे। बिल्डर, डेवलपर और आवेदक TNREGINET पोर्टल पर लॉगिन बनाकर दस्तावेज जमा करेंगे। निष्पादकों, दावेदारों और गवाहों को आधार विवरण अपलोड कर बायोमीट्रिक प्रमाणीकरण करना होगा। इससे उप-पंजीयक कार्यालय जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। पंजीकरण अधिकारी 24 घंटे में आवेदन संसाधित करेंगे। जालसाजी रोकने के लिए, पंजीकृत दस्तावेज पर डिजिटल हस्ताक्षर और क्यूआर कोड होगा। उपयोगकर्ता 60 दिनों तक सत्यापित दस्तावेज अपने खाते से डाउनलोड कर सकते हैं।
गुजरात CID क्राइम ने असम से 25 वर्षीय रफीकुल आलम को गिरफ्तार किया है। उस पर देश भर में 1,090 साइबर अपराधों में शामिल होने और 1071.5 करोड़ रुपये के अवैध लेनदेन का आरोप है। CID क्राइम की साइबर सेल ने रफीकुल आलम को असम के बारपेटा जिले से पकड़ा, जो WhatsApp और Telegram के जरिये चीन स्थित अपराधियों से जुड़ा था। आरोपी एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह का मास्टरमाइंड भी है। वह डिजिटल धोखाधड़ी से मिले धन को क्रिप्टोकरेंसी में बदलकर चीन भेजता था। उसने एक घंटे के भीतर बड़ी रकम को 1,754 बैंक खातों में स्थानांतरित किया और उसके फोन में 23 क्रिप्टो वॉलेट में 16 करोड़ रुपये का लेनदेन मिला। साइबर सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CCE) ने एक वरिष्ठ नागरिक के मामले की जांच से देश भर में 10 डिजिटल गिरफ्तारी के मामलों को रोका। एक पीड़ित से बच्चों से जुड़े अश्लील कंटेट के मामले में 20 लाख रुपये मांगे गए थे। सूरत के एक अन्य वरिष्ठ नागरिक ने पुलिस बनकर 60 लाख रुपये की मांग पर अपनी दुकान बेचकर 20 लाख रुपये दिए।
तेलंगाना की एक अदालत ने 45 वर्षीय रुपेश कुमार एम को 2016 में अपनी विदेशी (कांगो) पत्नी की हत्या के लिए आजीवन कारावास और 25,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। 3-4 जुलाई, 2016 की रात रुपेश ने झगड़े के बाद पत्नी का गला घोंटकर हत्या कर दी। सबूत मिटाने के लिए उसने कुल्हाड़ी-चाकू से शरीर के टुकड़े किए और मदनपल्ली के पास पेट्रोल डालकर जला दिया। 4 जुलाई, 2016 को ग्रामीणों ने जलते हुए शरीर के टुकड़े देखे और पुलिस को सूचना दी। मौके पर रुपेश अपनी बेटी के साथ मिला; पूछताछ में उसने पत्नी की पहचान बताई। पुलिस ने साक्ष्य जुटाकर आरोपी के खिलाफ धारा 302 और 201 आईपीसी के तहत आरोप पत्र दाखिल किया। सोमवार को अदालत ने अपने फैसले में कहा, जांच के दौरान पता चला कि शादी के बाद वैवाहिक विवाद थे, क्योंकि पत्नी बेटी के साथ भारत छोड़कर फ्रांस में अपने पूर्व प्रेमी के पास जाना चाहती थी।
कांग्रेस ने मोदी सरकार पर एक गहरी साजिश के तहत जानबूझकर जाति जनगणना से अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) श्रेणी को बाहर करने का आरोप लगाया। पार्टी के ओबीसी विभाग के प्रमुख अनिल जयहिंद ने कहा कि जनगणना प्रश्नावली में ओबीसी के लिए एक अलग कॉलम शामिल न करना सामाजिक न्याय के सिद्धांतों का उल्लंघन करता है और ओबीसी समुदाय की सही जनसंख्या के आंकड़े दर्ज होने से रोकता है। जयहिंद ने कहा कि सरकार वैज्ञानिक और पारदर्शी तरीके से जाति जनगणना कराने के बजाय एक ऐसी प्रक्रिया अपना रही है जो ओबीसी को आधिकारिक आंकड़ों से बाहर करने का मार्ग प्रशस्त करती है। सोमवार को उन्होंने पत्रकारों के एक सवाल पर कहा कि वास्तविकता में एक 'मनुवादी' (जाति-आधारित) व्यवस्था कार्यरत है। 14 अगस्त को जारी अधिसूचना का हवाला देते हुए, जयहिंद ने प्रश्नावली के 10वें प्रश्न में ओबीसी श्रेणी को सूचीबद्ध करने के लिए एक कॉलम के अभाव की ओर इशारा किया। कांग्रेस नेता सुभाषिनी शरद यादव ने कहा कि जनगणना में जातियों की सटीक पहचान होनी चाहिए, क्योंकि देश के विभिन्न क्षेत्रों में जातियों की प्रकृति और अभिव्यक्ति भिन्न-भिन्न होती है।
ओडिशा के बोलांगीर जिले से एक व्यवसायी के अपहरण के आरोप में महिला पुलिस उपनिरीक्षक और एक पत्रकार सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी। होटल व्यवसायी नरेंद्र साहू (62) का 14 अगस्त को बोलांगीर से बंदूक की नोक पर अपहरण किया गया था। उन्हें भुवनेश्वर लाकर खंडागिरी थाना क्षेत्र के एक होटल में बंधक बनाकर पीटा गया। परिवार की शिकायत पर पुलिस ने 15 अगस्त को उन्हें बचाया। मुख्य आरोपी क्षितिज चंद्र साहू और उसके साथियों ने नरेंद्र साहू को पिस्तौल के साथ पोज देने पर मजबूर कर वीडियो बनाया, जिससे 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई। क्षितिज की बहन, पुलिस उपनिरीक्षक स्नेहमंजरी साहू भी इस अपराध में कथित रूप से शामिल थी। पत्रकार संजय जेना ने पुलिस अधिकारी बनकर नरेंद्र साहू को थाने पहुंचाया। पुलिस अधीक्षक अभिलाष जी ने बताया कि अपहरण 50 लाख रुपये वसूलने के लिए किया गया था। यह अपहरण एक दुर्लभ प्राचीन 'हनुमान पैसा' सिक्के से भी जुड़ा है। क्षितिज ने 2020 में नरेंद्र को 2.7 करोड़ रुपये दिए थे, लेकिन सिक्का नहीं मिला।
पश्चिम बंगाल सरकार की 'अन्नपूर्णा योजना' के तहत सोमवार को लाभार्थियों के बैंक खातों में भुगतान शुरू हो गया। स्वास्थ्य राज्य मंत्री सुमना सरकार ने बताया कि 1.45 करोड़ पात्र महिलाओं को 3,000 रुपये मिलेंगे। सरकार ने राज्य सचिवालय 'नबन्ना' में पत्रकारों को बताया कि भुगतान चरणों में 20 अगस्त तक जारी रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि धनराशि के वितरण को लेकर कोई भ्रम नहीं है। कुल 1.80 करोड़ आवेदनों में से 1.45 करोड़ महिलाओं को सूची में शामिल किया गया है। यह योजना राज्य सरकार की एक प्रमुख कल्याणकारी पहल है, जो भाजपा के चुनावी घोषणापत्र का भी हिस्सा थी। पश्चिम बंगाल में सुवेंदु अधिकारी सरकार ने सोमवार को अपने 100 दिन पूरे किए।