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कांग्रेस का पीएम मोदी पर हमला: 'विक्टिम कार्ड' खेलने का लगाया आरोप; किन मुद्दों पर माफी की मांग की?
Sat, 01 Aug 2026 02:18 PM IST
निर्मल कांत
पीटीआई, नई दिल्ली।
पीटीआई, नई दिल्ली।
Published by: निर्मल कांत
Updated Sat, 01 Aug 2026 02:18 PM IST
सार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक बयान को लेकर कांग्रेस ने उन पर 'विक्टिम कार्ड' खेलने का आरोप लगाया है। पार्टी ने छात्रों पर हुई कार्रवाई समेत कई मुद्दों पर पीएम से माफी की मांग की है। जानिए कांग्रेस ने क्या-क्या आरोप लगाए और पीएम मोदी के किस बयान पर यह विवाद शुरू हुआ।
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जयराम रमेश, कांग्रेस नेता
- फोटो : एएनआई (फाइल)
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विस्तार
कांग्रेस ने शनिवार को आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन युवाओं को माफ करने की बात कहकर 'विक्टिम कार्ड' खेल रहे हैं, जिन्होंने उन्हें अपशब्द कहे थे। विपक्षी पार्टी ने मांग की कि प्रधानमंत्री प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई 'बर्बर कार्रवाई' और पेपर लीक के कारण युवाओं को हुई परेशानी के लिए माफी मांगें।
विपक्षी पार्टी ने यह भी दावा किया कि प्रधानमंत्री की 'इंस्टाग्राम सभाएं' अब किसी को प्रभावित नहीं कर रही हैं। उन्होंने इसे 'अत्यधिक आत्ममुग्धता' का उदाहरण बताया। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर लिखा, बीती रात प्रधानमंत्री ने आत्ममुग्धता की पराकाष्ठा दिखाते हुए कहा कि उन्होंने हमारे युवाओं को माफ कर दिया है। यह देश और उन युवाओं का अपमान है, जिन्होंने उनकी सरकार के दौरान पीड़ा झेली है और जो पूरी तरह न्यायोचित रूप से उनसे माफी की मांग कर रहे हैं। प्रधानमंत्री की इंस्टाग्राम सभाएं अब किसी को बेवकूफ नहीं बना सकतीं।
वीडियो संदेश में पीएम मोदी ने क्या कहा था?
प्रधानमंत्री मोदी ने शुक्रवार रात इंस्टाग्राम पर एक वीडियो जारी किया। इसमें उन्होंने कहा था कि उन्हें इस बात का दुख है कि जंतर-मंतर पर उनकी दिवंगत मां को भी 'अपशब्द' कहे गए। उन्होंने यह भी कहा कि 'हमारी बेटियों' ने भी ऐसी भाषा का इस्तेमाल किया। इसके साथ ही उन्होंने 'भटके हुए बच्चों' को माफ करने की बात कही। प्रधानमंत्री ने कहा कि वह समाज में मौजूद पीड़ा को समझते हैं, लेकिन यह समय युवाओं को सही रास्ता दिखाने का है।
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जयराम रमेश ने एक्स पर क्या कहा?
जयराम रमेश ने अपनी पोस्ट में कहा, खुद को गैर-जैविक बताने वाले प्रधानमंत्री को विक्टिम कार्ड (खुद को पीड़ित दिखाना) खेलना पसंद है। कांग्रेस नेता ने यह भी आरोप लगाया कि वह अपने पूर्ववर्तियों और राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ बेहद आपत्तिजनक और कटु भाषा का इस्तेमाल करते हैं। उन्हें बदनाम करने के लिए वे न केवल अपनी सार्वजनिक सभाओं में, बल्कि संसद के भीतर भी बार-बार झूठ फैलाते हैं। संसद के भीतर और बाहर अपशब्द कहने वालों की पूरी फौज को खुली छूट देते हैं और उन्हें पूरा संरक्षण भी प्रदान करते हैं।
रमेश ने कहा, पूरा देश चाहता है कि प्रधानमंत्री पेपर लीक के मामलों और प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई कार्रवाई से लाखों युवाओं को हुई परेशानी के लिए माफी मांगें।
ये भी पढ़ें: तेलंगाना-ओडिशा में बदला SIR का शेड्यूल; कब आएगी मसौदा और अंतिम सूची, निर्वाचन आयोग ने क्या कहा?
उन्होंने आगे कहा, आज पूरा देश इस बात का इंतजार कर रहा है कि प्रधानमंत्री एनटीए की पेपर लीक से ग्रस्त व्यवस्था के कारण लाखों युवाओं को हुई पीड़ा और छात्र आंदोलनों पर गृह मंत्रालय के संरक्षण में हुई बर्बर कार्रवाई के लिए माफी मांगें। पूरा देश राम मंदिर ट्रस्ट द्वारा किए गए चढ़ावा चोरी, आस्था धोखा प्रकरण पर भी प्रधानमंत्री से माफी की उम्मीद कर रहा है, जिसकी स्थापना की घोषणा उन्होंने स्वयं 5 फरवरी 2020 को लोकसभा में बड़े जोर-शोर से की थी।
नोटबंदी को लेकर कांग्रेस ने आरोप लगाते हुए कहा कि पूरा देश आज भी 8 नवंबर 2016 को लिए गए उनके तुगलकी फैसले के लिए उनकी माफी का इंतजार कर रहा है, जिसने करोड़ों लोगों की रोजी-रोटी छीन ली और लाखों एमएसएमई बंद होने के कगार पर पहुंच गए।
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विपक्षी पार्टी ने यह भी दावा किया कि प्रधानमंत्री की 'इंस्टाग्राम सभाएं' अब किसी को प्रभावित नहीं कर रही हैं। उन्होंने इसे 'अत्यधिक आत्ममुग्धता' का उदाहरण बताया। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर लिखा, बीती रात प्रधानमंत्री ने आत्ममुग्धता की पराकाष्ठा दिखाते हुए कहा कि उन्होंने हमारे युवाओं को माफ कर दिया है। यह देश और उन युवाओं का अपमान है, जिन्होंने उनकी सरकार के दौरान पीड़ा झेली है और जो पूरी तरह न्यायोचित रूप से उनसे माफी की मांग कर रहे हैं। प्रधानमंत्री की इंस्टाग्राम सभाएं अब किसी को बेवकूफ नहीं बना सकतीं।
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वीडियो संदेश में पीएम मोदी ने क्या कहा था?
प्रधानमंत्री मोदी ने शुक्रवार रात इंस्टाग्राम पर एक वीडियो जारी किया। इसमें उन्होंने कहा था कि उन्हें इस बात का दुख है कि जंतर-मंतर पर उनकी दिवंगत मां को भी 'अपशब्द' कहे गए। उन्होंने यह भी कहा कि 'हमारी बेटियों' ने भी ऐसी भाषा का इस्तेमाल किया। इसके साथ ही उन्होंने 'भटके हुए बच्चों' को माफ करने की बात कही। प्रधानमंत्री ने कहा कि वह समाज में मौजूद पीड़ा को समझते हैं, लेकिन यह समय युवाओं को सही रास्ता दिखाने का है।
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जयराम रमेश ने एक्स पर क्या कहा?
जयराम रमेश ने अपनी पोस्ट में कहा, खुद को गैर-जैविक बताने वाले प्रधानमंत्री को विक्टिम कार्ड (खुद को पीड़ित दिखाना) खेलना पसंद है। कांग्रेस नेता ने यह भी आरोप लगाया कि वह अपने पूर्ववर्तियों और राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ बेहद आपत्तिजनक और कटु भाषा का इस्तेमाल करते हैं। उन्हें बदनाम करने के लिए वे न केवल अपनी सार्वजनिक सभाओं में, बल्कि संसद के भीतर भी बार-बार झूठ फैलाते हैं। संसद के भीतर और बाहर अपशब्द कहने वालों की पूरी फौज को खुली छूट देते हैं और उन्हें पूरा संरक्षण भी प्रदान करते हैं।
रमेश ने कहा, पूरा देश चाहता है कि प्रधानमंत्री पेपर लीक के मामलों और प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई कार्रवाई से लाखों युवाओं को हुई परेशानी के लिए माफी मांगें।
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उन्होंने आगे कहा, आज पूरा देश इस बात का इंतजार कर रहा है कि प्रधानमंत्री एनटीए की पेपर लीक से ग्रस्त व्यवस्था के कारण लाखों युवाओं को हुई पीड़ा और छात्र आंदोलनों पर गृह मंत्रालय के संरक्षण में हुई बर्बर कार्रवाई के लिए माफी मांगें। पूरा देश राम मंदिर ट्रस्ट द्वारा किए गए चढ़ावा चोरी, आस्था धोखा प्रकरण पर भी प्रधानमंत्री से माफी की उम्मीद कर रहा है, जिसकी स्थापना की घोषणा उन्होंने स्वयं 5 फरवरी 2020 को लोकसभा में बड़े जोर-शोर से की थी।
नोटबंदी को लेकर कांग्रेस ने आरोप लगाते हुए कहा कि पूरा देश आज भी 8 नवंबर 2016 को लिए गए उनके तुगलकी फैसले के लिए उनकी माफी का इंतजार कर रहा है, जिसने करोड़ों लोगों की रोजी-रोटी छीन ली और लाखों एमएसएमई बंद होने के कगार पर पहुंच गए।