04:32 PM, 01-Apr-2026
सांसद मनन कुमार मिश्रा बोले-बिल सभी सीएपीएफ के साथ सभी बलों में एकरूपता लाएगा
भाजपा सांसद मनन कुमार मिश्रा ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश का सम्मान करते हुए, उसकी टिप्पणियों पर समुचित विचार किया गया है। यह विधेयक सीएपीएफ के अंतर्गत आने वाले सभी बलों में एकरूपता लाएगा और उनके बीच बेहतर समन्वय स्थापित करेगा। सीएपीएफ कर्मियों के कल्याण के साथ-साथ, उनके आवास की व्यवस्था पर भी समुचित ध्यान दिया गया है। इससे सीएपीएफ और अधिक सुदृढ़ होगा। विपक्ष ने चर्चा में हिस्सा लिया; किंतु, जब विधेयक को पारित करने का समय आया, तो मल्लिकार्जुन खरगे ने कुछ टिप्पणियां कीं और विपक्ष ने सदन से वॉकआउट कर दिया। यह किसी भी रूप में एक स्वस्थ संसदीय परंपरा नहीं है।
04:23 PM, 01-Apr-2026
सीएमपीएफ बिल पर बवाल, प्रियंका चतुर्वेदी बोलीं-सशस्त्र बल में भी विभाजन करने की कोशिश
शिवसेना यूबीटी नेत्री प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि जिस तरीके से भाजपा देश में विभाजनकारी सोच लाई है उसी तरीके से सशस्त्र बल में भी विभाजन करने की कोशिश की जा रही है। यहां पर चर्चा चल रही थी कि सबकी बात सुनकर सबके मन में क्या है, सबका विश्वास जीतना जरूरी था। लेकिन यहां पर उन्होंने हतोत्साहित करने का काम किया है और जिस तरीक से बिल लाया गया है, वो सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के खिलाफ है। सरकार मनमानी कर रही है, इसके विरोध में आज हमने वॉकआउट किया है।
04:18 PM, 01-Apr-2026
संजय सिंह बोले-सरकार की तानाशाही देख रहे हैं सीएपीएफ जवान, देगें काले कानून का जवाब
आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह ने कहा कि दुख की बात है कि देश के 15 हजार किलोमीटर की रक्षा करने वाले हमारे जवान और सीएपीएफ के अधिकारियों के हक को मारने के लिए सरकार कानून लेकर आई है। यह 50 वर्षों की लड़ाई है। मुर्ली मनोहर जोशी, पी चिदंबरम और तमाम अधिकारियों की कमेटी आई जिन्होंने यह रिपोर्ट दी कि सीएपीएफ के अधिकारियों को भी प्रमोशन मिलना चाहिए, लेकिन सरकार ने यह काला कानून पास किया है। देश के 11 लाख सीएपीएफ जवान सरकार की तानाशाही देख रहे हैं और वक्त आने पर जवाब देंगे।
11:05 AM, 01-Apr-2026
Parliament Budget Session LIVE: लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान हंगामा, कार्यवाही स्थगित; राज्यसभा में काम जारी
विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम में संशोधन विधेयक पर विपक्षी दलों के विरोध के कारण बुधवार को लोकसभा की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी गई। सुबह 11 बजे प्रश्नकाल शुरू होते ही केरल के विपक्षी सदस्यों ने विधेयक के प्रावधानों के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि यह विधेयक पिछले महीने सदन में पेश किया गया था। इसका उद्देश्य राष्ट्रीय सुरक्षा और हित की रक्षा करना है। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह किसी धर्म या संगठन के खिलाफ नहीं है। रिजिजू ने बताया कि विधेयक का लक्ष्य विदेशी अंशदान के दुरुपयोग को रोकना है। मंत्री ने कांग्रेस और वाम दलों पर केरल के लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाया। केरल में नौ अप्रैल को विधानसभा चुनाव होने हैं।
विधेयक पर चर्चा नहीं
रिजिजू ने स्पष्ट किया कि हालांकि विधेयक बुधवार की लोकसभा की आधिकारिक कार्यसूची में सूचीबद्ध था। आज इस पर चर्चा नहीं की जा रही है। उन्होंने मंगलवार को कांग्रेस को बताया था कि विधेयक पेश होने के बाद इसे बुधवार को विचार और पारित करने के लिए सूचीबद्ध किया गया था। विपक्षी सदस्यों के वेल में आने पर अध्यक्ष ओम बिरला ने कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।