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एमपी: कूनो में चीतों की नई पीढ़ी की किलकारी, 5 नन्हे शावकों का जन्म; देश में चीतों की संख्या बढ़कर हुई 60
Mon, 05 Oct 2026 03:07 PM IST
Anand Pawar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: Anand Pawar
Updated Mon, 05 Oct 2026 03:07 PM IST
सार
कूनो नेशनल पार्क से वन्यजीव प्रेमियों के लिए खुशखबरी है। मादा चीता KJP21 ने पांच स्वस्थ शावकों को जन्म दिया है, जिससे देश में चीतों की संख्या बढ़कर 60 हो गई है। इन शावकों के जन्म के साथ भारत में बोत्सवाना वंशावली की भी शुरुआत हुई है। यह प्रोजेक्ट चीता के तहत चीतों की बढ़ती आबादी के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
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चीता शावक
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कूनो नेशनल पार्क से वन्यजीव प्रेमियों के लिए खुशखबरी है। यहां मादा चीता KJP21 ने पांच स्वस्थ शावकों को जन्म दिया है। इसके साथ ही भारत में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 60 हो गई है। इनमें 41 चीते ऐसे हैं, जिनका जन्म भारत की धरती पर हुआ है। खास बात यह है कि KJP21 भारतीय धरती पर जन्म लेने के बाद शावकों को जन्म देने वाली तीसरी मादा चीता बन गई है। इससे पहले मुखी और KGP12 भी भारत में शावकों को जन्म दे चुकी हैं।
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बोत्सवाना से जुड़ी नई वंशावली
नए शावकों के जन्म की एक और खास वजह है। इनके पिता बोत्सवाना से भारत लाए गए नर चीता हैं। ऐसे में इन पांच शावकों के जन्म के साथ भारत में बोत्सवाना वंशावली की शुरुआत हुई है।
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प्रोजेक्ट चीता के लिए बड़ी उपलब्धि
कूनो में चीतों की नई पीढ़ी का जन्म प्रोजेक्ट चीता के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। लगातार हो रहे जन्मों से भारत में चीता आबादी बढ़ने के साथ आनुवंशिक विविधता बढ़ाने की उम्मीद भी मजबूत हुई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने चीतों के जन्म पर खुशी जताते हुए वन विभाग के अधिकारियों, पशु चिकित्सकों और कूनो की मैदानी टीम को बधाई दी है। कूनो में पांच नए मेहमानों के आने के साथ अब देश में चीतों की संख्या 60 पहुंच गई है।
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बोत्सवाना से जुड़ी नई वंशावली
नए शावकों के जन्म की एक और खास वजह है। इनके पिता बोत्सवाना से भारत लाए गए नर चीता हैं। ऐसे में इन पांच शावकों के जन्म के साथ भारत में बोत्सवाना वंशावली की शुरुआत हुई है।
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प्रोजेक्ट चीता के लिए बड़ी उपलब्धि
कूनो में चीतों की नई पीढ़ी का जन्म प्रोजेक्ट चीता के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। लगातार हो रहे जन्मों से भारत में चीता आबादी बढ़ने के साथ आनुवंशिक विविधता बढ़ाने की उम्मीद भी मजबूत हुई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने चीतों के जन्म पर खुशी जताते हुए वन विभाग के अधिकारियों, पशु चिकित्सकों और कूनो की मैदानी टीम को बधाई दी है। कूनो में पांच नए मेहमानों के आने के साथ अब देश में चीतों की संख्या 60 पहुंच गई है।
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