Manglik Dosh Upay : ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, कुंडली में मंगल ग्रह की विशेष स्थिति के कारण बनने वाले मांगलिक दोष का प्रभाव व्यक्ति के जीवन पर पड़ता है। मान्यता है कि, इस दोष के कारण विवाह में देरी, रिश्तों में तनाव और भूमि-भवन के काम में उतार-चढ़ाव देखने को मिलते हैं। हालांकि, इसका खास असर विवाह योग पर पड़ता है। कहते हैं कि, मंगल दोष के कारण अक्सर शादी-विवाह के काम में दिक्कतें आती हैं। साथ ही कार्यों को पूरा करने में सामान्य से अधिक प्रयास करने पड़ते हैं। लेकिन शास्त्रों में इसके कई सरल और प्रभावी उपाय बताए गए हैं, जिन्हें श्रद्धा और नियम के साथ करने से मंगल दोष के प्रभाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है। आइए जानते हैं।
Manglik Dosh Upay: मांगलिक दोष से राहत पाने के लिए जरूर अपनाएं ये 5 सरल उपाय
Manglik Dosh Upay : कुंडली में मांगलिक दोष होने के कारण व्यक्ति कई तरह की समस्याएं झेलता है। विशेषतौर पर विवाह मार्ग में कई तरह की बाधाएं आती हैं।
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब कुंडली में मंगल ग्रह 1, 4, 7, 8 या 12वें भाव में स्थित होता है, तो इसे मांगलिक दोष माना जाता है।
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मंगलवार का व्रत रखें
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मंगलवार का दिन भगवान हनुमान और मंगल ग्रह को समर्पित होता है। इस दिन व्रत रखकर हनुमान जी की पूजा करें। इससे मंगल दोष शांत होता है।
हनुमान जी की उपासना करें
हर मंगलवार को हनुमान चालीसा का पाठ करने से जीवन में कई बदलाव आते हैं। इस दिन आप प्रभु को सिंदूर व चमेली का तेल अर्पित करें। इससे मंगल ग्रह के अशुभ प्रभाव कम होते हैं।
दान-पुण्य करें
आप मसूर की दाल, गुड़ और अन्य लाल चीजों का दान करें। यह उपाय मंगल को प्रसन्न करता है और कष्टों को कम करता है।
मंगल शांति पूजा और यंत्र स्थापना
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, मंगल ग्रह को शांत करने के लिए वैदिक मंत्रों का जाप, हवन और मंगल यंत्र की स्थापना कर सकते हैं। इससे दोष धीरे-धीरे शांत होने लगते हैं।
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पीपल विवाह
मंगल ग्रह मंत्र ऊँ धरणीगर्भसंभूतं विद्युतकान्तिसमप्रभम । कुमारं शक्तिहस्तं तं मंगलं प्रणमाम्यहम ।। मंगल गायत्री मंत्र ॐ अंगारकाय विद्महे शक्ति हस्ताय धीमहि तन्नो भौमः प्रचोदयात्।। Guru Gochar 2026: देवगुरु बृहस्पति 2 जून को करेंगे उच्च राशि में गोचर, जानिए मेष से मीन राशियों तक प्रभाव
ॐ ह्रीं श्रीं कलीम सर्व पुज्ये देवी मंगल चण्डिके ऐं क्रू फट् स्वाहा ॐ ह्रीं श्रीं कलीम सर्व पुज्ये देवी मंगल चण्डिके हूँ हूँ फट् स्वाहा डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
कहते हैं कि, विवाह से पहले पीपल के पेड़ से गुप्त रूप से विवाह करने से भी मांगलिक दोष का प्रभाव कम हो सकता है। हालांकि, इसे हमेशा ज्योतिषियों की सहायता व विधि-विधान से ही करना चाहिए।
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