{"_id":"69cccd28c50c8154b8005f93","slug":"hanuman-ji-puja-can-females-worship-lord-hanuman-mahilaon-ko-hanuman-ji-ki-puja-karni-chahie-ya-nahin-2026-04-01","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Hanuman Ji Puja: क्या सच में महिलाओं को हनुमान पूजा से रोका गया है? जानें सच और मान्यताएं","category":{"title":"Religion","title_hn":"धर्म","slug":"religion"}}
Hanuman Ji Puja: क्या सच में महिलाओं को हनुमान पूजा से रोका गया है? जानें सच और मान्यताएं
धर्म डेस्क, अमर उजाला
Published by: Jyoti Mehra
Updated Wed, 01 Apr 2026 01:17 PM IST
सार
Hanuman Ji Puja For Women: क्या महिलाओं को हनुमान जी की पूजा करनी चाहिए? यह विषय लंबे समय से चर्चा का हिस्सा रहा है और आज भी कई लोगों के मन में इसे लेकर भ्रम बना हुआ है। आइए जानते हैं परंपराओं और मान्यताओं के बीच उलझे इस प्रश्न का जवाब।
विज्ञापन
1 of 5
महिलाओं को हनुमान जी की पूजा करनी चाहिए या नहीं?
- फोटो : Amar Ujala
Link Copied
Can Females Worship Lord Hanuman: धार्मिक मान्यताओं के अनुसार हनुमान जी की भक्ति करने से सभी तरह की परेशानियों से छुटकारा मिलता है और जीवन के सभी कष्ट दूर होते हैं। यही कारण है कि बजरंगबली को संकटमोचन भी कहा जाता है। लेकिन अक्सर इस बात पर लोगों के बीच अलग-अलग मान्यताएं देखने को मिलती हैं कि क्या महिलाओं को हनुमान जी की पूजा करनी चाहिए? यह विषय लंबे समय से चर्चा का हिस्सा रहा है और आज भी कई लोगों के मन में इसे लेकर भ्रम बना हुआ है। आइए जानते हैं परंपराओं और मान्यताओं के बीच उलझे इस प्रश्न का जवाब।
हनुमान जी की पूजा को लेकर क्या है ज्योतिषीय दृष्टिकोण?
- फोटो : adobe stock
क्या है ज्योतिषीय दृष्टिकोण?
मान्यताओं के अनुसार हनुमान जी शक्ति, साहस और नकारात्मक ऊर्जा से रक्षा के प्रतीक माने जाते हैं। उनकी उपासना किसी विशेष वर्ग या लिंग तक सीमित नहीं है। खासतौर पर शनि और मंगल जैसे ग्रहों के अशुभ प्रभाव को कम करने के लिए हनुमान जी की पूजा को अत्यंत प्रभावशाली माना गया है। ऐसे में महिलाओं को उनकी पूजा से दूर रखना ज्योतिषीय दृष्टिकोण से तर्कसंगत नहीं माना जाता। श्रद्धा और भक्ति का अधिकार हर किसी को समान रूप से है।
विज्ञापन
विज्ञापन
3 of 5
क्या है पूजा के नियम?
- फोटो : adobe stock
क्या है पूजा के नियम?
धार्मिक परंपराओं में कुछ नियमों का उल्लेख जरूर मिलता है। जैसे कि महिलाओं को हनुमान जी को सिंदूर अर्पित करने से बचने की सलाह दी जाती है। यह परंपरा विशेष रूप से पुरुषों से जुड़ी मानी गई है। लेकिन इसका यह अर्थ बिल्कुल नहीं है कि महिलाएं पूजा नहीं कर सकतीं। वे हनुमान जी को फूल अर्पित कर सकती हैं, प्रसाद चढ़ा सकती हैं, हनुमान चालीसा का पाठ कर सकती हैं और मंत्रों का जप भी कर सकती हैं। भक्ति का मूल भाव मन की श्रद्धा और सच्चाई में होता है, न कि केवल विधियों में।
4 of 5
भेदभाव से परे है भक्ति
- फोटो : adobe stock
भेदभाव से परे है भक्ति
आज के समय में कई महिलाएं नियमित रूप से हनुमान मंदिर जाती हैं और पूरे विश्वास के साथ पूजा-अर्चना करती हैं। ऐसे कई उदाहरण सामने आ रहे हैं, जहां महिलाओं ने अपनी आस्था के बल पर मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव किया है। यह दर्शाता है कि भक्ति का प्रभाव किसी भी भेदभाव से परे होता है।
विज्ञापन
5 of 5
हनुमान जी की पूजा में महिलाओं पर कोई सख्त प्रतिबंध नहीं है।
- फोटो : adobe stock
ऐसे में कहा जा सकता है कि ज्योतिष और धर्म दोनों ही यह संकेत देते हैं कि हनुमान जी की पूजा में महिलाओं पर कोई सख्त प्रतिबंध नहीं है। कुछ पारंपरिक मान्यताओं का सम्मान करते हुए महिलाएं भी पूरी श्रद्धा के साथ पूजा कर सकती हैं।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता और संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स,स्वास्थ्य संबंधी सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।
कमेंट
कमेंट X