Solar Eclipse: सूर्य ग्रहण के दौरान आसमान से क्यों गायब हो जाते हैं बादल? वैज्ञानिकों ने सुलझा लिया रहस्य
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रॉयल नीदरलैंड मौसम विज्ञान संस्थान और डेल्फ्ट यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी की टीम का नेतृत्व करने वाले विक्टर ट्रीज ने सूर्य ग्रहण के दौरान धरती पर उथले क्यूम्यलस बादलों के गायब होने जाने को लेकर शोध की है। क्लाइमेट इंजीनियरिंग कोशिशों के लिए यह बेहद अहम है।
इस शोध के मुताबिक, सूर्य के प्रकाश को रोकना जलवायु परिवर्तन को कम करने का एक समाधान निकल सकता है। यह अनजाने में सही, लेकिन बादलों के आवरण को कम करता है। बादलों से सूर्य का प्रकाश प्रतिबिंबित होता है। इसकी वजह से धरती को ठंडा करने में भूमिका निभाते हैं।
बादल सूर्य के प्रकाश को प्रतिबिंबित करते हैं इसलिए वे पृथ्वी को ठंडा करने में भूमिका निभाते हैं। ग्रहण के समय धरती की सतह से बादलों के व्यवहार को समझना बेहद मुश्किल होता है। शोधकर्ताओं की टीम ने क्लाउड टॉप परावर्तन की उपग्रह गणना में चंद्रमा की छाया पर ध्यान दिया और इसको समझा है।
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शोधकर्ताओं को खोज में पता चला है कि जब सूर्य का सिर्फ 15 फीसदी हिस्सा ठका होता है, तो क्यूमलस बादल हट जाते हैं और ग्रहण खत्म होने पर फिर से आ जाते हैं। सिमुलेशन ने इसे समझने के लिए क्लाउड मॉडलिंग सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल किया। जब सूरज की रोशनी अवरुद्ध होती है, तो सतह ठंडी पड़ जाती है। इसके क्यूम्यलस बादल बनने के लिए गर्म हवा का प्रवाह कम हो जाता है।
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