पंजाब यूनिवर्सिटी में बुधवार को काफी हंगामा हुआ। गर्ल्स हॉस्टल-4 के वार्डन को हटाने के लिए एनएसयूआई-एबीवीपी के कार्यकर्ताओं की पुलिस से झड़प हो गई। इसके बाद डीएसपी ने नंबर-13 के पार्षद और छात्र नेता सचिन गालव के पहले बाल खींचे और बाद में घसीटते हुए हिरासत में ले लिया। दोनों पार्टियों के करीब 50 छात्रों को पुलिस ले गई। इसके बाद 12 छात्रों पर मामला दर्ज किया गया है।
PU में घमासान: DSP ने पार्षद के खींचे बाल, हिरासत में NSUI और ABVP के 50 कार्यकर्ता, 12 पर मामला दर्ज
गर्ल्स हॉस्टल के वार्डन को हटाने के लिए एनएसयूआई ने धरना दिया था, शाम को एबीवीपी पहुंची तो नारेबाजी शुरू हो गई। एनएसयूआई के नेता बोले कि शांतिमय प्रदर्शन में एबीवीपी ने नारेबाजी की। एबीवीपी का पक्ष है कि हस्ताक्षर अभियान के लिए स्टूसी पहुंचे थे।
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इसके बाद एनएसयूआई के 20 कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। इसी दौरान डीएसपी ने सचिन गालव के पहले बाल खींचे और फिर घसीटते हुए ले गए, लेकिन एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं ने किसी तरह गालव को छुड़ा लिया। शाम के समय सचिन गालव कार्यकर्ताओं को छुड़वाने के लिए सेक्टर-11 थाने भी गए। शाम को पुलिस ने 12 छात्रों पर प्रिवेंटिव एक्शन लेते हुए मामला दर्ज किया है।
एबीवीपी के कार्यकर्ताओं का कहना था कि वे पूरे दिन परिसर में छात्रों की मांगों को लेकर हस्ताक्षर अभियान चला रहे थे। इसी के सिलसिले में शाम के समय स्टूडेंट पर पहुंचे। इस दौरान एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं ने स्टूडेंट सेंटर के ऊपर चल रहे धरना स्थल से ही उनके खिलाफ नारेबाजी करना शुरू की।
इसके बाद दोनों पक्षों में कटाक्ष और विरोध बढ़ गया। एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे बुधवार सुबह से ही डीएसडब्ल्यू दफ्तर को बंद कर जीएच-4 की वार्डन को हटाने के लिए शांतिमय धरने पर बैठे थे। एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने आकर माहौल में खलल डाला और प्रदर्शन को उग्र रूप दिया।
छात्रों के शांतिमय प्रदर्शन को किया खराब
एनएसयूआई के कार्यकर्ता स्टूडेंट सेंटर पर सुबह से शांतिमय प्रदर्शन पर बैठे थे। लेकिन एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने आकर नारेबाजी शुरू कर दिया। इस दौरान पीयू सिक्योरिटी की बजाय चंडीगढ़ पुलिस ने परिसर में हस्तक्षेप किया, उन्होंने एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं के साथ बदतमीजी की, जबकि एबीवीपी के कार्यकर्ताओं को आराम से वैन में बैठाकर थाने ले गए और बाद में छोड़ दिया। - सचिन गालव, एमसी काउंसलर और छात्र नेता, एनएसयूआई
हस्ताक्षर अभियान के लिए आए थे स्टूडेंट सेंटर
एबीवीपी के कार्यकर्ताओं की ओर से हस्ताक्षर अभियान चलाया जा रहा है, इसी के सिलसिले में कार्यकर्ता स्टूडेंट सेंटर आए थे। लेकिन इस दौरान एनएसयूआई ने पहले कटाक्ष किए, बाद में एबीवीपी की ओर से भी जवाब दिया गया। एबीवीपी के 30 कार्यकर्ताओं को पुलिस ने अकारण हिरासत में लिया है। - अमित पुनियां, अध्यक्ष, एबीवीपी
पुलिस की ओर से करवाया गया रास्ता साफ
छात्र नेता पिछले तीन दिन से कभी हॉस्टल तो कभी किसी के आवास के बाहर रास्ता रोक कर प्रदर्शन कर रहे थे। छात्रों को शांतिमय माहौल बनाए रखने के लिए कहा गया था, लेकिन लोगों का रास्ता बंद करने के कारण पुलिस की तरफ से कार्रवाई के तहत प्रदर्शन कर रहे छात्रों को उठाया गया। इस दौरान पुलिस के साथ भी छात्रों ने बदतमीजी की है। देर शाम तक 12 छात्रों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पीयू प्रशासन की शिकायत का इंतजार है। - गुरमुख सिंह, डीएसपी सेंट्रल