बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता अजय देवगन ने इंडस्ट्री में 30 वर्ष पूरे कर लिए हैं। तीन दशकों से दर्शकों के दिलों पर राज कर रहे अजय के अबतक के करियर में उतार चढ़ाव तो जरूर आए, लेकिन शुरुआती दिनों से ही उनका क्रेज इतना जबरदस्त है कि अपनी पहचान बनाने के लिए उन्हें लंबा इंतजार नहीं करना पड़ा। 1991 में रिलीज हुई फिल्म 'फूल और कांटे' में दो मोटरसाइकिलों पर खड़े होकर अजय ने केवल बड़े पर्दे पर ही नहीं, बल्कि सीधे फैंस के दिलों में एंट्री मारी थी। 30 वर्ष पूरे होने पर अजय कहते हैं कि इतने लंबे समय में मैंने कई तरह के अनुभव किए, उतार-चढ़ाव देखे और अब अगले 30 वर्षों के लिए खुद को तैयार कर रहा हूं।
{"_id":"619b2ca8d6bcdf0f7853766d","slug":"ajay-devgan-shares-experience-on-completing-30-years-in-bollywood-from-phool-aur-kaante-to-tanhaji","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"फिल्मों में 30 साल: ब्लॉकबस्टर हुई थी अजय देवगन की पहली फिल्म, बेटे को हीरो बनाने के लिए वीरू देवगन ने किए थे खूब जतन","category":{"title":"Bollywood","title_hn":"बॉलीवुड","slug":"bollywood"}}
फिल्मों में 30 साल: ब्लॉकबस्टर हुई थी अजय देवगन की पहली फिल्म, बेटे को हीरो बनाने के लिए वीरू देवगन ने किए थे खूब जतन
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: प्राची प्रियम
Updated Mon, 22 Nov 2021 11:23 AM IST
विज्ञापन
निरंतर एक्सेस के लिए सब्सक्राइब करें
अजय देवगन
Trending Videos
Phool Aur Kaante
- फोटो : social media
एक साक्षात्कार में अजय देवगन कहते हैं कि केवल बॉलीवुड ही नहीं, किसी भी क्षेत्र में बने रहने के लिए आपको निरंतर प्रयासरत रहना पड़ता है। इसके लिए परिपक्वता की जरूरत होती है। यह न केवल उम्र में बल्कि आपकी कला में भी झलकनी चाहिए। इसमें आपको लगातार प्रयोग करते रहना पड़ता है। यह सीखने की ऐसी प्रक्रिया है जो कभी खत्म नहीं होती।
विज्ञापन
विज्ञापन
ajay devgan
अजय देवगन कहते हैं कि मुझे बतौर अभिनेता लॉन्च करना मेरे पिता श्री वीरू देवगन का सपना था। उस वक्त मुझे सफलता और असफलता की समझ नहीं थी, मुझे बस उनके सपने को पूरा करने के लिए काम करना था। मैंने बस वही किया जो मुझसे कहा गया। मेरे पिता ने मुझे हीरो बनाने के लिए काफी संघर्म किया। कोई भी व्यक्ति पहले से अपने स्टारडम की योजना तैयार करके फिल्मों में नहीं आ सकता।
अजय देवगन
- फोटो : सोशल मीडिया
जब 'फूल और कांटे' का क्रेज लोगों के सिर चढ़कर बोल रहा था तब मैं बहुत युवा और अपरिपक्व था। मैं स्टारडम के लिए भी तैयार नहीं था। भगवान, मेरे माता-पिता का आशीर्वाद, फिल्म जगत का सहयोग और फैंस ने मुझे वो प्यार और सम्मान दिया जो एक स्टार को मिलता है।
विज्ञापन
ajay devgan
मालूम हो कि 1991 में 'फूल और कांटे' से लेकर 2020 में 'तान्हाजी: द अनसंग वॉरियर' तक के सफर में अजय देवगन ने 100 से भी अधिक फिल्मों में काम किया, दो राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किए गए और कई उपलब्धियां अपने नाम कीं। बतौर निर्देशक उनकी पहली फिल्म 'यू, मी और हम' के लिए भी उन्हें खूब वाहवाही मिली। साल 2000 में उन्होंने 'अजय देवगन फिल्म्स' नाम से अपने प्रोडक्शन हाउस की शुरुआत की और सन ऑफ सरदार, ऑल द बेस्ट, शिवाय व तान्हाजी समेत कई हिट फिल्में प्रोड्यूस कीं।
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें मनोरंजन समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। मनोरंजन जगत की अन्य खबरें जैसे बॉलीवुड न्यूज़, लाइव टीवी न्यूज़, लेटेस्ट हॉलीवुड न्यूज़ और मूवी रिव्यु आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
विज्ञापन
विज्ञापन