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घोर कलयुग है बाबा! नेता जी की वजह से 1.5 घंटे मूर्छित पड़े रहे लक्ष्मण, इंतजार करते रहे हनुमान

फीचर डेस्क, अमर उजाला Updated Sat, 20 Oct 2018 05:02 PM IST
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laxman fainted for too long cause of political leader come across
Ramleela

हमारे समाज में कई  तरह के लोग रहते हैं, एक जिनकी भगवान में अटूट आस्था होती है, दूसरे वो जिनके नेता ही उनके भगवान होते हैं। नेताओं को देखते ही उनके दिमाग बंद और दुम चालू हो जाती है। उनके लिए वो कुछ भी कर गुजरने  के लिए तैयार रहते हैं।




 
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Ramlila

ऐसे ही टाइप के लोग दिल्ली की रामलीला में पहुंच गए। दिल्ली के विष्णु अवतार रामलीला कमेटी की तरफ से रामलीला का भव्य आयोजन हो रहा था। रात करीब 10 बज रहे थे। मंच पर लक्ष्मण के घायल होने की घटना का मार्मिक मंचन हो रहा था। दर्शकों के चेहरों पर लक्ष्मण के घायल होने की पीड़ा को महसूस किया जा सकता था। लोग इंतजार कर रहे थे कि थोड़ी देर में संजीवनी बूटी आएगी और लक्ष्मण दोबारा उठ खड़े होकर मेघनाथ को ललकारेंगे और हम सब जोर-जोर से तालिया बजाएंगे। हनुमान जी की इंट्री मंच पर हो चुकी थी और भगवान राम उन्हें बूटी लाने का आदेश देने ही वाले थे कि तभी नेताओं के आने का सिलसिला शुरू हो गया।


 
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leader - फोटो : अमर उजाला

फिर क्या था, लोगों ने भगवान को साइड करके नेताओं की जी हुजुरी शुरू कर दी। पहले कांग्रेस और बीजेपी नेताओं की आवाभगत इतनी लंबी चली कि मंच पर खड़े हनुमान जी बोर होने लगे और मंच से उतरने लगे। उधर लक्ष्मण जी ने भी भगवान राम की गोद में लेटे-लेटे एक झपकी मार ली।


 
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Ramlila

करीब 1.5 घंटे बाद रामलीला दोबारा शुरू हुई। लेकिन तब तक लोगों की नाराजगी दिखाई देने लगी, लिहाजा नेता जी ने मंच पर आकर समिति वालों को नसीहत दे डाली। उन्होंने कहा कि नेताओं का स्वागत करना है तो अलग से मंच बनाओ, लोग भगवान की लीला देखने आते हैं नेताओं का भाषण सुनने के लिए नहीं।  


 
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ramlila - फोटो : अमर उजाला

दरअसल नवरात्रि और दशहरे के माहौल में लोगों की भक्ति भावना चरम पर होती है। हफ्ते में एक बार नहाने वाला शख्स भी नवरात्रि के दिनों में नहाकर भगवान के दरबार में हाजिरी लगा आता है। कार्टून चैनल और अंग्रेजी फिल्में देखने वाले भी रामलीला वाले मैदान का चक्कर लगा लेते हैं। ऐसे समय में नेता जी के लिए भगवान की लीला को पॉस कर देना किसी को कैसे पसंद आता।

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