दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली सरकार ने आज (24 मार्च 2026) को दिल्ली का वार्षिक बजट पेश किया। दिल्ली सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 1,03,700 करोड़ का बजट पेश किया है। इस बजट में शिक्षा-इंफ्रास्ट्रक्चर और दिल्ली के संपूर्ण विकास पर विशेष जोर दिया गया है। शिक्षा क्षेत्र के लिए 19,148 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं, जो राजधानी में सार्वजनिक शिक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है।
Delhi Budget: दिल्ली के बजट में हेल्थ सेक्टर को क्या-क्या मिला? यहां जानिए सबकुछ विस्तार से
Delhi Health Budget 2026: दिल्ली सरकार ने हेल्थ सेक्टर के लिए ₹12,645 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा है। इसमें अस्पतालों के विस्तार, नई जांच सुविधाओं को बढ़ाने, दवाइयों की उपलब्धता और डिजिटल हेल्थ सिस्टम को बेहतर बनाने पर जोर दिया गया है।
ट्रांसजेंडरों को मिलेगा आयुष्मान भारत का लाभ
दिल्ली सरकार ने हेल्थ सेक्टर के लिए 12,645 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा है। इसमें अस्पतालों के विस्तार, नई जांच सुविधाओं को बढ़ाने, दवाइयों की उपलब्धता और डिजिटल हेल्थ सिस्टम को बेहतर बनाने पर जोर दिया गया है।
- इस बजट की सबसे खास बात ट्रांसजेंडरों को आयुष्मान भारत स्वास्थ्य योजना के दायरे में लाने की घोषणा है। इसके लिए सरकार 202 करोड़ रुपये आवंटित करेगी।
- दिल्ली सरकार नए 750 आयुष्मान आरोग्य मंदिर पर 1,500 करोड़ रुपये आवंटित करेगी।
- दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा है कि पूर्व आम आदमी पार्टी की सरकार द्वारा अधूरे छोड़े गए सात आईसीयू अस्पतालों को 150 करोड़ रुपये की लागत से पूरा किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा, शिशुओं की स्वास्थ्य जांच, आयुष्मान योजना के विस्तार और नए आरोग्य मंदिर खोलने जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं का दीर्घकालिक रूप से असर देखने को मिलेगा। सरकार का दावा है कि इन योजनाओं के जरिए राजधानी में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बेहतर होगी और लोगों को इलाज की सुविधाएं आसानी से मिल सकेंगी।
बजट में हेल्थ सेक्टर के लिए क्या खास?
- सुलभ, किफायती और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा सुनिश्चित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग के लिए 12,645 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है।
- अधूरे अस्पतालों को पूरा करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
- मादीपुर, सिरसपुर, हस्तसाल और ज्वालापुरी में 2515 करोड़ के निवेश से अस्पताल परियोजनाएं पूर्ण होंगी।
- राव तुलाराम मेमोरियल हॉस्पिटल, डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर अस्पताल और लाल बहादुर शास्त्री हॉस्पिटल में एसएएससीआई योजना के तहत इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया जाएगा।
- अधूरे पड़े हुए लोक नायक जय प्रकाश अस्पताल एवं सत्यवादी राजा हरिश्चंद्र अस्पतालों का निर्माण कार्य भी पूरा किया जायेगा।
- आईसीयू अस्पतालों के निर्माण कार्य को पूरा करने के लिए भी 150 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
- अस्पतालों में मशीनरी, मेडिकल इक्विपमेंट और दवाइयों की खरीद के लिए 787 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। ये खरीद सेंट्रल प्रोक्योरमेंट एजेंसी (CPA) के माध्यम से होगी।
- जन आरोग्य योजना (PM-JAY) को सरकार ने दिल्ली में पहली बार लागू किया। आशा वर्कर्स, आंगनवाड़ी कर्मी, विधवा और दिव्यांग पेंशनधारियों को शामिल कर इसका दायरा 7.5 लाख लाभार्थियों तक बढ़ाया गया है।
- अब इसमें ट्रांसजेंडर्स को भी जोड़ा जाएगा। इसके लिए 202 करोड़ रुपये के प्रावधान का प्रस्ताव किया गया है।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर और मेडिकल की पढ़ाई के लिए घोषणाएं
- प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन (PM-ABHIM) के तहत 370 आयुष्मान आरोग्य मंदिर शुरू किए जा चुके हैं।
- वित्त वर्ष 2026-27 में नए 750 से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्थापित करने का प्रस्ताव है। इस योजना के लिए 1500 करोड़ रुपये के प्रावधान का प्रस्ताव किया गया है।
- वित्त वर्ष 2026-27 में 11 इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैबोरेट्री और 9 क्रिटिकल केयर ब्लॉक बनाने का भी प्रावधान किया है। केंद्र की सहायता से श्री गुरु तेग बहादुर हॉस्पिटल में 200 करोड़ की लागत से ट्रॉमा सेंटर का निर्माण प्रस्तावित है।
- दिल्ली में मेडिकलकॉलेज में UG की सीटों को 595 से बढ़ाकर 820 किया जाएगा। इसी प्रकार पीजी की सीट्स को 553 से बढ़ाकर 762 किया जाएगा |
- सरकार वित्त वर्ष 2026-27 में छात्र-छात्राओं के लिए मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज में एक-एक नए छात्रावास का निर्माण शुरू करेगी इसके लिए 50 करोड़ रुपए का आवंटन प्रस्तावित है।
- दिल्ली के नवजातों के लिए एडवांस न्यूबॉर्न मॉनिटरिंग एंड ऑप्टिमल लाइकेयर अनमोल योजना के लिए 25 करोड़ के प्रावधान का प्रस्ताव किया गया है। इसके तहत नवजात बालकों के एक बूंद खून से 56 प्रकार के टेस्ट दिल्ली सरकार द्वारा निःशुल्क किए जाएंगे।
- स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक उत्तरदायी और प्रभावी बनाने के लिए एक रियल टाइम वेंटिलेटर बेड वेकेंसी मॉनिटरिंग सिस्टम शुरू की जाएगी जिसमें प्राइवेट और सरकारी दोनों अस्पताल शामिल होंगे।
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स्रोत:
दिल्ली सरकार का बजट 2026-27
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