शरीर को स्वस्थ रखने के लिए खान-पान में सुधार करना सबसे जरूरी माना जाता है। कई अध्ययन बताते हैं कि दिनभर में हम जो कुछ भी खाते-पीते रहते हैं इन सभी का सेहत पर सीधा असर होता है। यही कारण है कि स्वास्थ्य विशेषज्ञ सभी लोगों को डाइट में ऐसी चीजों को शामिल करने की सलाह देते हैं जिससे सभी जरूरी पोषक तत्व आसानी से प्राप्त हो सकें।
Alert: केमिकल वाले फल खाने से ये बदलाव होते हैं शरीर में, गंभीर होते हैं लक्षण
आम का सीजन आते ही बाजार में बड़े पैमाने पर केमिकल से पके आम बिकने लगते हैं। इन आमों में प्राकृतिक मिठास कम और केमिकल्स का असर ज्यादा होता है। कैमिकल से पके फलों के कई नुकसान हो सकते हैं। कहीं आप भी तो ऐसे फल नहीं खा रहे हैं?
केमिकल से पके फल हो सकते हैं नुकसानदायक
गर्मी के इस मौसम में तरबूज-खरबूज और आम लोगों का सबसे पसंदीदा होता है। इन दिनों बाजार में बिक रहे ज्यादातर आम कैल्शियम कार्बाइड से पकाए हुए हो सकते हैं। फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने पूरी तरह बैन किया हुआ है। यह केमिकल एसीटिलीन गैस छोड़ता है, जो शरीर के लिए हानिकारक होती है और लंबे समय तक इसके कारण गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा हो सकता है।
आइए जान लेते हैं कि केमिकल वाले या फिर अप्राकृतिक तरीके से पकाए गए फलों को खाने से क्या दिक्कतें होती हैं?
पाचन तंत्र पर असर
- कैल्शियम कार्बाइड से पके फलों में मौजूद एसीटिलीन गैस पेट की अंदरूनी परत को प्रभावित कर सकती है।
- ये गैस शरीर में जाकर गैस्ट्रिक इरिटेशन पैदा करती है, जिससे पेट दर्द, गैस, अपच और उल्टी जैसी समस्याएं होती हैं।
- नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ की रिपोर्ट के अनुसार, कार्बाइड के संपर्क में आने से पेट और आंतों में सूजन हो सकती है, जो लंबे समय में गंभीर पाचन समस्याओं का कारण बन सकती है।
न्यूरोलॉजिकल समस्याओं का रहता है खतरा
रसायन जैसे कार्बाइड से पकाए हुए आम और अन्य फल पाचन के अलावा आपमें न्यूरोलॉजिकल समस्याओं का खतरा बढ़ाने वाले भी हो सकते हैं।
- ऐसे फल खाने से सिरदर्द, चक्कर आने, मूड स्विंग, कन्फ्यूजन और कमजोरी जैसे लक्षण हो सकते हैं।
- बच्चों और गर्भवती महिलाओं के लिए यह और भी ज्यादा खतरनाक होता है।
- कार्बाइड के संपर्क या फिर अगर आप लंबे समय तक इससे पके फल खाते हैं तो इससे याददाश्त और मानसिक थकान बढ़ सकती है।
रसायन से पके फल खाने से होने वाले इन खतरों को भी जानिए
- केमिकल से पके आम त्वचा से जुड़ी समस्याओं को भी बढ़ा सकते हैं। कैल्शियम कार्बाइड त्वचा पर एलर्जिक रिएक्शन पैदा कर सकता है।
- इससे सांस से संबंधित समस्याओं का भी खतरा रहता है। कैल्शियम कार्बाइड से निकलने वाली एसीटिलीन गैस श्वसन तंत्र को प्रभावित करती है।
- कैल्शियम कार्बाइड में मौजूद आर्सेनिक और फॉस्फोरस जैसे तत्व शरीर में जमा होकर टॉक्सिसिटी बढ़ाते हैं।
- ये केमिकल्स लिवर और किडनी की बीमारियों का भी कारण बन सकते हैं।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
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