{"_id":"07c63fe9327d9389c972b3e7787d26fc","slug":"people-who-left-job-for-own-business","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"वो, जिन्होंने अपने शौक को बनाया कैरियर, कमा रहे लाखों-करोड़ों रुपए","category":{"title":"Jobs Archives","title_hn":"जॉब्स आर्काइव","slug":"jobs-archives"}}
वो, जिन्होंने अपने शौक को बनाया कैरियर, कमा रहे लाखों-करोड़ों रुपए
Wed, 16 Dec 2015 03:26 PM IST
Updated Wed, 16 Dec 2015 03:26 PM IST
विज्ञापन
वो, जिन्होंने अपने शौक को बनाया कैरियर, कमा रहे लाखों-करोड़ों रुपए
1 of 8
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
एक चीनी कहावत है कि अपने मन का काम करेंगे तो आपको ताउम्र काम नहीं करना पड़ेगा। लेकिन हर किसी को अपनी पसंद का काम नसीब नहीं होता। लेकिन बदलते वक़्त के साथ यह ट्रेंड भी बदला है और अब लोग अपने शौक या अपने आईडिया को ही रोजी रोटी का जरिया बना रहे हैं और ऐसा करने के लिए वो अपनी जमी जमाई नौकरी को छोड़ने में भी नहीं हिचकिचा रहे। इसका एक उदाहरण है अलंकार जैन जो एनडीटीवी बिजनेस में एडिटर के पद पर कार्यरत थे लेकिन अपनी अच्छी खासी नौकरी को छोड़कर पहले अपना प्रोडक्शन हाउस खोला और फिर 'दि लिल फ्ली मार्केट' नाम की कंपनी खोली।
खुशबू दुआ/मुंबई से, बीबीसी हिंदी डॉटकॉम के लिए
वो, जिन्होंने अपने शौक को बनाया कैरियर, कमा रहे लाखों-करोड़ों रुपए
2 of 8
लिल फ्ली के बारे में वे बताते हैं, "मुंबई में प्रतिभा के भंडार को आगे लाने के लिए नए विकल्पों और प्लेटफॉर्म की जरूरत है और इसलिए हमने इस मार्केट को शुरू किया जहाँ अलग अलग क्षेत्र से जुड़े लोग आकर अपनी कला का प्रदर्शन करते हैं"
वो, जिन्होंने अपने शौक को बनाया कैरियर, कमा रहे लाखों-करोड़ों रुपए
3 of 8
इस मार्केट में अलग-अलग स्टॉल्स पर विभिन्न लोग अपनी कलाकृतियों को बेचते हैं। 40 लाख रुपए की प्राथमिक पूंजी से शुरू हुई 'दि लिल फ्ली मार्केट' का सालाना लाभ बीते 2 सालों में करीब 1 करोड़ से ऊपर चला गया है और अब इस स्टार्ट-अप से सिर्फ लोगों की प्रतिभा सामने नहीं आ रही है बल्कि इससे जुड़ने वाले लोगों को आर्थिक मदद देने की हालत में भी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
वो, जिन्होंने अपने शौक को बनाया कैरियर, कमा रहे लाखों-करोड़ों रुपए
4 of 8
हॉबी को करियर बनाने वाला दूसरा उदाहरण है प्रणिता बलार का जिन्हें कुत्तों के प्रति विशेष लगाव है, अपने इसी लगाव को उन्होंने अपना करियर बना लिया। 28 साल की उम्र में अपने मार्केटिंग की नौकरी को छोड़ कर प्रणिता ने केनाइन ट्रेनर और बिहेवरिस्ट का कोर्स किया और अब वो पालतू कुत्तों को ट्रेन करती हैं।
विज्ञापन
वो, जिन्होंने अपने शौक को बनाया कैरियर, कमा रहे लाखों-करोड़ों रुपए
5 of 8
'बार्क एंड बॉन्ड' नाम की इस कंपनी में सालाना लाखों का फायदा बना रही प्रणिता बताती हैं, "हम पालतू कुत्तों को ज़रुरी चीजे सिखातें है साथ ही लोगों को भी उनके कुत्तों के व्यवहार को समझने में मदद करते हैं।" प्रणिता मानती हैं कि डॉग लवर्स के बीच उनकी यह सर्विस खासी लोकप्रिय है क्योंकि इसे करने के बाद उन्हें अपने पालतू कुत्ते के साथ एक नया रिश्ता मिलता है। एक और उदाहरण है 33 साल की चार्टेड अकाउंटेंट टप्पू यानि स्नेहा का जिन्होनें अपने घरेलू नाम से शुरू की है 'टप्पू की दुकान'। स्नेहा ने पांच साल तक चार्टेड अकाउंटेंट की नौकरी करने के बाद जब बोरियत महसूस की तो अपनी हॉबी 'डिज़ाइनिंग' की ओर रुख किया।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all Job Alert News in Hindi related to government jobs, other jobs, job alert, career, new job, latest jobs notifications in Hindi etc. Stay updated with us for all breaking news from Jobs and more Hindi News.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।