Shani Sade Sati: ज्योतिष में शनि की साढ़ेसाती के समय को बेहद कष्टकारी माना गया है। माना जाता है कि, इस समय व्यक्ति जीवन में अचानक रुकावटें, मानसिक तनाव, आर्थिक दबाव और कार्यों में देरी जैसी स्थितियों का सामना करता है। यही नहीं सफल कार्यों में भी कई बार बार-बार परेशानियां आने लगती हैं। इसलिए इस समय शनि देव की पूजा और दान-दक्षिणा जैसे पुण्य कार्य किए जाते हैं। हालांकि, शास्त्रों में कुछ ऐसे सरल उपाय बताए गए हैं, जिनसे साढ़ेसाती के प्रभाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है। इनमें दान का विशेष महत्व बताया गया है। मान्यताओं के अनुसार, सच्चे मन से किए गए दान से शनिदेव प्रसन्न होते हैं और कष्टों को कम कर देते हैं। ऐसे में साढे़साती का प्रभाव होने पर व्यक्ति को इन 3 चीजों का दान अवश्य करना चाहिए। आइए इनके बारे में जानते हैं।
Shani Sade Sati: शनि की साढ़ेसाती होने पर अवश्य करें इन 3 चीजों का दान, बनेंगे सभी अटके काम
Shani Sade Sati: साढ़ेसाती होने पर शनिवार के दिन शनि मंत्र का जाप और पीपल के पेड़ के नीचे दीपक जलाना शुभ होता है। इसके अलावा व्यक्ति को इन 3 चीजों का दान भी अवश्य करना चाहिए। यह बेहद शुभ फल देता है।
सरसों के तेल का दान
शनिवार के दिन सरसों के तेल का दान करना अत्यंत शुभ माना जाता है। मान्यता है कि, नियमित रूप से यह उपाय करने से शनि के अशुभ प्रभाव धीरे-धीरे कम होने लगते हैं। इसके प्रभाव से जीवन में स्थिरता आने लगती है।
काली वस्तुओं का दान
शास्त्रों के अनुसार, शनि से जुड़ी काली वस्तुएं व काले तिल या काले चने का दान करना बेहद फलदायी होता है। यह उपाय जीवन से सभी तरह की नकारात्मक ऊर्जा को कम करता है। शनि की कृपा दिलाने में सहायक होता है।
लोहे की वस्तुओं का दान
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शनि का संबंध लोहे से भी माना जाता है। ऐसे में लोहे से बनी वस्तुओं का दान करने से शनि दोष शांत होता है। माना जाता है कि, इसके प्रभाव से साढ़ेसाती के कष्टों में राहत मिलने लगती है।
शनि गायत्री मंत्र
ॐ शनैश्चराय विदमहे छायापुत्राय धीमहि ।
शनि बीज मंत्र
ॐ प्रां प्रीं प्रों स: शनैश्चराय नमः ।।
शनि स्तोत्र
ॐ नीलांजन समाभासं रवि पुत्रं यमाग्रजम ।
छायामार्तंड संभूतं तं नमामि शनैश्चरम ।।
