फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

टेक टिप्स: फोल्डेबल फोन पर स्क्रीन गार्ड लगाना सेफ या खतरनाक? ये छोटी-सी गलती बर्बाद कर सकती है महंगा डिवाइस

Mon, 12 Oct 2026 02:02 PM IST
नीतीश कुमार टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नीतीश कुमार Updated Mon, 12 Oct 2026 02:02 PM IST
सार

Foldable Smartphone Tips: नया स्मार्टफोन लेते ही सबसे पहले स्क्रीन प्रोटेक्टर लगाने का ख्याल आता है, लेकिन क्या फोल्डेबल फोन के साथ भी ऐसा करना सही है? फोल्डेबल स्मार्टफोन्स की इनर और आउटर स्क्रीन की बनावट काफी अलग होती है। एक छोटी सी चूक आपकी महंगी डिस्प्ले को हमेशा के लिए बर्बाद कर सकती है। जानिए फोल्डेबल स्क्रीन पर गार्ड लगाने के नियम और फोन को सुरक्षित रखने के बेस्ट तरीके।

विज्ञापन
can you use screen protector on foldable phones inner display risks guide
फोल्डेबल फोन पर स्क्रीन गार्ड लगाएं या नहीं। - फोटो : अमर उजाला (एआई जनरेटेड)
जब भी हम कोई नया और महंगा स्मार्टफोन खरीदते हैं, तो सबसे पहले उस पर मजबूत स्क्रीन प्रोटेक्टर लगाने की सोचते हैं। एक सस्ता सा स्क्रीन गार्ड फोन की कीमती स्क्रीन को स्क्रैच और टूटने से बचाने का आसान तरीका लगता है। सामान्य फ्लैट डिस्प्ले वाले स्मार्टफोन्स के मामले में तो यह बिल्कुल सही है, लेकिन जब बात फोल्डेबल स्मार्टफोन्स की आती है, तो गणित पूरी तरह बदल जाता है।


फोल्डेबल स्मार्टफोन्स बेहद नाजुक होते हैं और इनमें दो अलग-अलग स्क्रीन्स मिलती हैं। ऐसे में यूजर्स अक्सर उलझन में रहते हैं कि क्या वे अपने फोल्डेबल फोन पर स्क्रीन प्रोटेक्टर लगा सकते हैं? इसका सीधा जवाब है- हां, लेकिन एक बड़ी शर्त के साथ। फोन की बाहरी (आउटर) स्क्रीन पर तो आप प्रोटेक्टर लगा सकते हैं, लेकिन अंदर की फोल्डिंग स्क्रीन के साथ कोई भी छेड़छाड़ बड़ा नुकसान करा सकता है।
Trending Videos
can you use screen protector on foldable phones inner display risks guide
इनर स्क्रीन पर गार्ड लगाना बन सकती है परेशानी - फोटो : Samsung
इनर स्क्रीन पर गार्ड लगाना क्यों बन सकता है आफत?
फोल्डेबल फोन की अंदरूनी स्क्रीन पर आम फोन की तरह सख्त कांच का इस्तेमाल नहीं होता। इसे हजारों बार मोड़ने लायक बनाने के लिए कई फ्लेक्सिबल लेयर्स का इस्तेमाल किया जाता है। इन लेयर्स की सुरक्षा के लिए कंपनियां पहले से ही इन-बिल्ट स्क्रीन प्रोटेक्टर लगाकर देती हैं।

Samsung Galaxy Z Fold8 जैसे फोन्स में खास TPU मटेरियल का इन-बिल्ट प्रोटेक्टर होता है, जो फोल्डिंग स्क्रीन के लिए ही डिजाइन किया गया है।

वहीं, हाल ही में लॉन्च हुए एपल के पहले फोल्डेबल फोन iPhone Duo में भी डिस्प्ले लेयर्स के ऊपर बिल्ट-इन प्रोटेक्टर मिलता है। इसमें एक नैनो-टेक्सचर कोटिंग दी गई है जो स्क्रीन को मैट फिनिश देती है और क्रीज को छुपाने में मदद करती है।
can you use screen protector on foldable phones inner display risks guide
ओरिजिनल प्रोटेक्टर को न हटाएं - फोटो : Samsung
ओरिजिनल प्रोटेक्टर को हटाना मतलब भारी नुकसान
स्मार्टफोन मेकर्स साफ हिदायत देते हैं कि इनर स्क्रीन पर लगे ओरिजिनल प्रोटेक्टर को खुद हटाने या उस पर कोई लोकल गार्ड चढ़ाने की कोशिश न करें। शुरुआती गैलेक्सी फोल्ड के समय कई यूजर्स ने इसे प्लास्टिक फिल्म समझकर खींच लिया था, जिससे पूरी स्क्रीन तुरंत खराब हो गई थी। अगर अंदर की स्क्रीन पर लगा गार्ड पुराना या खराब हो जाए, तो इसे केवल ऑथराइज्ड सर्विस सेंटर पर ही बदलवाएं। मार्केट में मिलने वाले 0.1mm पतले थर्ड-पार्टी गार्ड भी इनर डिस्प्ले के मैकेनिज्म को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
can you use screen protector on foldable phones inner display risks guide
आउटर स्क्रीन पर लगा सकते हैं प्रोटेक्टर - फोटो : Samsung
आउटर स्क्रीन पर लगा सकते हैं प्रोटेक्टर
फोन की बाहरी स्क्रीन पर आप बेझिझक अपनी पसंद का कोई भी टेम्पर्ड ग्लास या स्क्रीन प्रोटेक्टर लगा सकते हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि बाहरी डिस्प्ले एक सामान्य स्मार्टफोन स्क्रीन जैसी ही होती है, जिस पर गोरिल्ला ग्लास या एपल का सिरेमिक शील्ड लगा होता है। एक्स्ट्रा सेफ्टी के लिए इस पर प्रोटेक्टर लगाना बिल्कुल सुरक्षित है।
विज्ञापन
can you use screen protector on foldable phones inner display risks guide
iPhone Duo में मिलती है IP68 रेटिंग - फोटो : एपल
स्क्रीन गार्ड से भी बड़ा दुश्मन है धूल
फोल्डेबल फोन के लिए असली खतरा स्क्रीन पर आने वाले हल्के खरोंच नहीं, बल्कि धूल और मिट्टी के बारीक कण हैं। अगर धूल या रेत के कण हिंज या डिस्प्ले के अंदरूनी गैप में चले जाएं, तो मोड़ने पर वे स्क्रीन को अंदर से डैमेज कर सकते हैं। उदाहरण के तौर पर, गैलेक्सी जेड फोल्ड डिवाइस IP48 रेटिंग के साथ आते हैं, जो पानी से तो बचाते हैं लेकिन धूल के महीन कणों को पूरी तरह नहीं रोक पाते। वहीं Apple iPhone Duo IP68 रेटिंग के साथ आता है, जो काफी हद तक डस्ट से सेफ है।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News App अपने मोबाइल पे|
Get all Tech News in Hindi related to live news update of latest gadgets News apps, tablets etc. Stay updated with us for all breaking news from Tech and more Hindi News.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed