विदेश जाने की तैयारी करते समय लोग आमतौर पर पासपोर्ट, वीजा और टिकट पर ध्यान देते हैं, लेकिन पासपोर्ट में दर्ज ईसीआर स्टेटस को समझना भी जरूरी है। पर लोग इस तरफ कम ही ध्यान देते हैं।
खासकर उन भारतीयों के लिए ईसीआर स्टेटस को समझना और जानना जरूरी हो जाता है, जो विदेश में नौकरी करने जा रहे हैं। इसलिए अगर आप भी विदेश में नौकरी करने जा रहे हैं, तो आप ईसीआर और नॉन-ईसीआर के बारे में जान सकते हैं। चलिए जानते हैं इस बारे में। आप अगली स्लाइड्स में इस बारे में जान सकते हैं...
2 of 6
पासपोर्ट में ECR और Non-ECR क्या होता है?
- फोटो : AI Generated
क्या होता है ईसीआर का मतलब?
- अगर आपके पासपोर्ट पर ईसीआर दर्ज है तो इसका मतलब है कि कुछ परिस्थितियों में विदेश में नौकरी के लिए जाने से पहले इमिग्रेशन क्लीयरेंस लेना जरूरी हो सकता है
- यह नियम खास तौर पर 17 निर्धारित ईसीआर देशों में रोजगार के लिए जाने वाले यात्रियों पर लागू होता है
3 of 6
पासपोर्ट में ECR और Non-ECR क्या होता है?
- फोटो : Adobe Stock
- इन देशों में संयुक्त अरब अमीरात यानी यूएई, सऊदी अरब, कतर, कुवैत, ओमान, बहरीन, मलेशिया, इंडोनेशिया, इराक, जॉर्डन, लीबिया, लेबनान, सीरिया, सूडान, दक्षिण सूडान, अफगानिस्तान और यमन शामिल हैं
- अगर कोई व्यक्ति ECR पासपोर्ट के साथ इन देशों में रोजगार के लिए जा रहा है तो उसे Protector of Emigrants से इमिग्रेशन क्लीयरेंस लेना पड़ता है
4 of 6
पासपोर्ट में ECR और Non-ECR क्या होता है?
- फोटो : Adobe Stock
- हालांकि, ईसीआर पासपोर्ट होने का मतलब यह नहीं है कि आप इन देशों में घूमने या अन्य काम से नहीं जा सकते
- ईसीआर पासपोर्ट धारक अगर ईसीआर देश में रोजगार के अलावा किसी दूसरे उद्देश्य से जा रहा है तो इमिग्रेशन क्लीयरेंस की जरूरत नहीं होती
- उदाहरण के लिए विजिट, टूरिज्म या स्टडी जैसे उद्देश्य रोजगार से अलग आते हैं
5 of 6
पासपोर्ट में ECR और Non-ECR क्या होता है?
- फोटो : अमर उजाला
नॉन-ईसीआर क्या होता है?
- नॉन-ईसीआर को पहले ईसीएनआर यानी इमिग्रेशन चेक नॉट रिक्वायर्ड भी कहा जाता था
- अब पासपोर्ट पर नॉन-ईसीआर या ईसीएनआर का अलग से स्टांप नहीं लगाया जाता
- अगर पासपोर्ट पर ईसीआर दर्ज नहीं है तो उसे नॉन-ईसीआर माना जाता है