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Bikaner News: आफत बनकर बरसी बारिश, मंडी में खुले आसमान के नीचे भीगा अनाज, व्यवस्था की कमी ने रुलाए खून के आंसू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बीकानेर
Published by: बीकानेर ब्यूरो
Updated Sun, 03 May 2026 11:01 AM IST
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सार
बीकानेर की अनाज मंडी में बारिश ने किसानों को बड़ा झटका दिया है। व्यवस्था की कमी के चलते खुले में रखा अनाज भीग गया और बेबस किसान कुछ न कर सके।
पानी में डूबी किसानों की मेहनत
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
जिस बारिश का किसान बेसब्री से इंतजार करता है, वही बारिश बीकानेर की अनाज मंडी में उसके सपनों पर वज्रपात बनकर बरसी। खेतों में हरियाली लाने वाली बूंदें जब मंडी पहुंचीं, तो इस बारिश ने किसानों की महीनों की मेहनत को भीगो कर बर्बादी में बदल दिया।
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खुले आसमान के नीचे रखा इसबगोल, जीरा और सरसों पानी में भीगता रहा और किसान बेबस खड़े अपनी मेहनत को बिखरते देखते रहे। किसी ने तिरपाल ढंकने की कोशिश की, कोई भीगे दानों को समेटता रहा लेकिन बारिश ने किसी को संभलने का मौका नहीं दिया।
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सिस्टम के आगे मजबूर किसानों की आंखों में अपनी फसल की बर्बादी का दर्द साफ दिखाई दिया, कृषि उपज मंडी में टिन शेड होने के बावजूद किसानों को जगह नहीं मिलना इस दर्द को और गहरा करता है। किसानों का आरोप है कि इन शेड्स पर मंडी के व्यापारियों का कब्जा है, जिससे किसान मजबूर होकर अपना माल खुले में रखते हैं और जैसे ही मौसम बिगड़ता है, सबसे बड़ा नुकसान उन्हें ही उठाना पड़ता है।
यह घटना सिर्फ मौसम की मार नहीं, बल्कि व्यवस्था की खामी भी उजागर करती है। जहां एक ओर सुरक्षित जगह पर रखा माल बच जाता है, वहीं किसान की उपज हर बार जोखिम में रहती है। कृषि उपज मंडी में भीगा अनाज सिर्फ फसल का नुकसान नहीं, बल्कि उस भरोसे का भी है जो किसान व्यवस्था पर करता है और जो हर बारिश के बाद थोड़ा और बह जाता है।
