Rajasthan News: डमी कैंडिडेट से बनी वनरक्षक, रीट फर्जीवाड़े की आरोपी युवती एसओजी के हत्थे चढ़ी
जालोर की प्रमिला को एसओजी ने वनरक्षक भर्ती परीक्षा में डमी कैंडिडेट बैठाकर सरकारी नौकरी हासिल करने के आरोप में गिरफ्तार किया। जांच में खुलासा हुआ कि वह पहले रीट परीक्षा में भी इसी तरह के फर्जीवाड़े में पकड़ी जा चुकी थी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राजस्थान में भर्ती परीक्षाओं में फर्जीवाड़े के खिलाफ कार्रवाई करते हुए स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने डमी कैंडिडेट बैठाकर वनरक्षक भर्ती परीक्षा पास कर सरकारी नौकरी हासिल करने वाली युवती को गिरफ्तार किया है। आरोपी प्रमिला (29) जालोर जिले के सांचौर क्षेत्र के सरनाऊ गांव की निवासी है और वर्तमान में सिरोही जिले के रेवदर थाना क्षेत्र स्थित वनपाल नाका जीरावल में वनरक्षक के पद पर कार्यरत थी।
एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने बताया कि वनरक्षक भर्ती परीक्षा-2020 में हुई गड़बड़ियों की जांच के दौरान यह मामला सामने आया। राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड द्वारा आयोजित परीक्षा में प्रमिला का परीक्षा केंद्र 13 नवंबर 2022 को राजसमंद के कांकरोली में था। जांच में सामने आया कि उसने अपनी जगह डमी कैंडिडेट को परीक्षा में बैठाकर भर्ती परीक्षा पास की और सरकारी नौकरी हासिल कर ली।
पढ़ें: 'NDA में नहीं जाएंगे, 2028 में तीसरे मोर्चे के साथ लड़ेंगे चुनाव': हनुमान बेनीवाल का बड़ा एलान; आगे क्या कहा?
एसओजी ने वर्ष 2025 में दर्ज मामले की जांच के दौरान इस फर्जीवाड़े का खुलासा किया। जांच में यह भी सामने आया कि प्रमिला वर्ष 2021 की रीट परीक्षा में भी डमी कैंडिडेट के जरिए परीक्षा दिलाने की कोशिश कर चुकी थी। उस समय जयपुर के सिंधी कैंप थाना पुलिस ने परीक्षा शुरू होने से पहले ही मुख्य अभ्यर्थी और डमी कैंडिडेट दोनों को गिरफ्तार कर लिया था।
जांच में यह भी सामने आया कि रीट परीक्षा प्रकरण दर्ज होने के बावजूद प्रमिला ने यह जानकारी छिपाकर वनरक्षक पद के लिए पुलिस सत्यापन पूरा कराया और नौकरी जॉइन कर ली। अब एसओजी यह भी जांच कर रही है कि पुलिस सत्यापन प्रक्रिया में लापरवाही हुई या किसी की मिलीभगत थी। फिलहाल एसओजी आरोपी से पूछताछ कर रही है। एजेंसी पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है और अधिकारियों का कहना है कि मामले में आगे और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।