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PBM अस्पताल में फिर टूटा एक परिवार! दूसरी प्रसूता की मौत से बढ़ा बवाल, इलाज और व्यवस्थाओं पर उठे गंभीर सवाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बीकानेर
Published by: बीकानेर ब्यूरो
Updated Sun, 21 Jun 2026 09:45 PM IST
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सार
बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में डिलीवरी के बाद महिलाओं की तबीयत बिगड़ने के मामले में रविवार को एक और प्रसूता की मौत हो गई। उपचार के दौरान शारदा नायक ने लंबे इलाज के बाद दम तोड़ दिया। इससे पहले प्रीति नायक की भी मौत हो चुकी है। अब तक छह महिलाओं के बीमार होने का मामला सामने आ चुका है, जिससे अस्पताल की उपचार व्यवस्था और प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
पीबीएम अस्पताल में डिलीवरी के बाद दूसरी प्रसूता की मौत
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
पीबीएम अस्पताल में प्रसूताओं की तबीयत बिगड़ने के मामले में रविवार को एक और दुखद घटना सामने आई। उपचाराधीन महिला शारदा नायक की मौत हो गई। डिलीवरी के बाद उसकी तबीयत लगातार खराब बनी हुई थी और गंभीर स्थिति के चलते उसे वेंटिलेटर पर रखा गया था।
डिलीवरी के बाद बिगड़ती चली गई हालत
जानकारी के अनुसार, प्रसव के बाद शारदा के कई अंग प्रभावित हो गए थे। विशेष रूप से किडनी संबंधी गंभीर समस्या उत्पन्न होने के बाद उसका लंबे समय से अस्पताल में इलाज चल रहा था। चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद रविवार को उसने अंतिम सांस ली। उल्लेखनीय है कि इसी मामले में प्रीति नायक की भी दो दिन पहले मौत हो चुकी है। लगातार दूसरी प्रसूता की मौत ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है।
छह महिलाओं की बिगड़ी थी तबीयत
डिलीवरी के बाद कुल छह महिलाओं की तबीयत बिगड़ने का मामला सामने आया था। इनमें किडनी सहित शरीर के अन्य अंगों पर प्रतिकूल असर पड़ने की बात सामने आई थी। प्रभावित महिलाओं में से एक महिला उपचार के बाद स्वस्थ होकर घर लौट चुकी है, जबकि अन्य महिलाओं का अभी भी अस्पताल में इलाज जारी है।
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पीबीएम अस्पताल की व्यवस्थाओं पर उठे सवाल
लगातार दूसरी प्रसूता की मौत के बाद पीबीएम अस्पताल की व्यवस्थाओं और उपचार प्रक्रिया को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इस घटना ने न केवल बीकानेर बल्कि पूरे प्रदेश का ध्यान अपनी ओर खींचा है।प्रभावित महिलाओं के परिजनों में गहरा आक्रोश है। उनका कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
यह भी पढ़ें: कड़ी सुरक्षा के बीच संपन्न हुई मेडिकल प्रवेश की सबसे बड़ी परीक्षा, छात्रों ने फिर दिखाई हौसले की मिसाल
स्वास्थ्य विभाग पर बढ़ा दबाव
लगातार हो रही मौतों के बाद स्वास्थ्य विभाग और अस्पताल प्रशासन पर मामले की सच्चाई सामने लाने का दबाव बढ़ गया है। अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं।
डिलीवरी के बाद बिगड़ती चली गई हालत
जानकारी के अनुसार, प्रसव के बाद शारदा के कई अंग प्रभावित हो गए थे। विशेष रूप से किडनी संबंधी गंभीर समस्या उत्पन्न होने के बाद उसका लंबे समय से अस्पताल में इलाज चल रहा था। चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद रविवार को उसने अंतिम सांस ली। उल्लेखनीय है कि इसी मामले में प्रीति नायक की भी दो दिन पहले मौत हो चुकी है। लगातार दूसरी प्रसूता की मौत ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है।
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छह महिलाओं की बिगड़ी थी तबीयत
डिलीवरी के बाद कुल छह महिलाओं की तबीयत बिगड़ने का मामला सामने आया था। इनमें किडनी सहित शरीर के अन्य अंगों पर प्रतिकूल असर पड़ने की बात सामने आई थी। प्रभावित महिलाओं में से एक महिला उपचार के बाद स्वस्थ होकर घर लौट चुकी है, जबकि अन्य महिलाओं का अभी भी अस्पताल में इलाज जारी है।
पीबीएम अस्पताल की व्यवस्थाओं पर उठे सवाल
लगातार दूसरी प्रसूता की मौत के बाद पीबीएम अस्पताल की व्यवस्थाओं और उपचार प्रक्रिया को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इस घटना ने न केवल बीकानेर बल्कि पूरे प्रदेश का ध्यान अपनी ओर खींचा है।प्रभावित महिलाओं के परिजनों में गहरा आक्रोश है। उनका कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
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स्वास्थ्य विभाग पर बढ़ा दबाव
लगातार हो रही मौतों के बाद स्वास्थ्य विभाग और अस्पताल प्रशासन पर मामले की सच्चाई सामने लाने का दबाव बढ़ गया है। अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं।