{"_id":"681adde2bc8ad4b43509078a","slug":"tonk-today-black-out-day-moc-dril-tonk-news-c-1-1-noi1342-2917074-2025-05-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Tonk News: ब्लैकआउट के समय किसी भी तरह की रोशनी न करने के निर्देश, आज होगी मॉक ड्रिल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Tonk News: ब्लैकआउट के समय किसी भी तरह की रोशनी न करने के निर्देश, आज होगी मॉक ड्रिल
Wed, 07 May 2025 11:11 AM IST
टोंक ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, टोंक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, टोंक
Published by: टोंक ब्यूरो
Updated Wed, 07 May 2025 11:11 AM IST
सार
इस अभ्यास का उद्देश्य नागरिकों को हवाई हमलों से सुरक्षा, ब्लैकआउट की प्रक्रिया, और आपात स्थिति में सावधानियों के प्रति जागरूक करना है। कलेक्टर ने कंट्रोल रूम स्थापित करने, चेतावनी सायरन के समय एहतियात बरतने और नागरिकों को रात में बिजली के उपयोग से बचने की सलाह दी है।
विज्ञापन
आज होगी मॉक ड्रिल
- फोटो : credit
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारत सरकार के गृह मंत्रालय के निर्देशानुसार आज बुधवार 7 मई को जिला प्रशासन की ओर से मॉक ड्रिल की जाएगी। इसकी तैयारियों को लेकर जिला कलेक्टर डॉ. सौम्या झा और पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान ने भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केंद्र में बैठक ली। इस मॉक ड्रिल का उद्देश्य नागरिकों को हवाई हमले को दौरान खुद को कैसे सुरक्षित रखें, ब्लैक आउट की व्यवस्था, यानि जरूरत पड़ने पर बिजली बंद कर दी जाए, ताकि दुश्मन को कोई लक्ष्य न दिखाई दे के बारे में जागरूक करना है। जिला कलेक्टर ने बताया कि इस अभ्यास से नागरिक सुरक्षा तंत्र की तैयारी का आकलन करना और उसे बढ़ाना है।
बैठक में जिला कलेक्टर ने कार्यवाहक एडीएम परशुराम धानका को कंट्रोल रूम और शेडों कंट्रोल रूम स्थापना के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि चेतावनी सायरन बजने पर आमजन को एहतियाती उपायों के बारे में बताया जाएं। रात में बजने वाले सायरन, ब्लैक आउट के दौरान आमजन के द्वारा घरों में इनवर्टर, जनरेटर, इमरजेंसी लाइट, वाहन एवं प्रकाश का उपयोग नहीं करने के बारे में जागरूक किया जाएं।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- बाड़मेर जिले के सभी विद्यालयों में आज अवकाश घोषित, परीक्षाएं स्थगित
जिला कलेक्टर ने नागरिक सुरक्षा प्लान अनुसार 12 सेवाओं के अधिकारियों की नियुक्ति किए जाने के निर्देश दिए। साथ ही, कहा कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में शेल्टर होम को चिह्नित कर लिया जाए। उन्होंने विभिन्न शिक्षण संस्थानों में नागरिक सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम एवं जन जागरूक अभियान चलाये जाने के लिए निर्देशित किया। इसमें एनएसएस, एनसीसी, एनवाईकेएस, स्काउट व गाइड एवं इच्छुक वॉलिंटयर को शामिल कर प्रशिक्षित किया जाएं।
ये भी पढ़ें- Operation Sindoor: एयर स्ट्राइक के बाद राजस्थान में अलर्ट, सीमा इलाके सील, स्कूल बंद; घरों में रहने के निर्देश
क्या होता है ब्लैक आउट
युद्ध के समय ब्लैक आउट एक ऐसी रणनीति है, जिसमें कृत्रिम रोशनी को न्यूनतम किया जाता है, ताकि रात्रि में दुश्मन आपकी लोकेशन का पता नहीं लगा सके। ब्लैक आउट नियम घरों, कारखानों, दुकानों और वाहन की रोशनी को नियंत्रित करते है। जिसमें खिड़कियों को ढ़कना, स्ट्रीट लाइट और गाड़ियों की हेडलाइट बंद रखना आदि शामिल हैं।
विज्ञापन
बैठक में जिला कलेक्टर ने कार्यवाहक एडीएम परशुराम धानका को कंट्रोल रूम और शेडों कंट्रोल रूम स्थापना के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि चेतावनी सायरन बजने पर आमजन को एहतियाती उपायों के बारे में बताया जाएं। रात में बजने वाले सायरन, ब्लैक आउट के दौरान आमजन के द्वारा घरों में इनवर्टर, जनरेटर, इमरजेंसी लाइट, वाहन एवं प्रकाश का उपयोग नहीं करने के बारे में जागरूक किया जाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- बाड़मेर जिले के सभी विद्यालयों में आज अवकाश घोषित, परीक्षाएं स्थगित
जिला कलेक्टर ने नागरिक सुरक्षा प्लान अनुसार 12 सेवाओं के अधिकारियों की नियुक्ति किए जाने के निर्देश दिए। साथ ही, कहा कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में शेल्टर होम को चिह्नित कर लिया जाए। उन्होंने विभिन्न शिक्षण संस्थानों में नागरिक सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम एवं जन जागरूक अभियान चलाये जाने के लिए निर्देशित किया। इसमें एनएसएस, एनसीसी, एनवाईकेएस, स्काउट व गाइड एवं इच्छुक वॉलिंटयर को शामिल कर प्रशिक्षित किया जाएं।
ये भी पढ़ें- Operation Sindoor: एयर स्ट्राइक के बाद राजस्थान में अलर्ट, सीमा इलाके सील, स्कूल बंद; घरों में रहने के निर्देश
क्या होता है ब्लैक आउट
युद्ध के समय ब्लैक आउट एक ऐसी रणनीति है, जिसमें कृत्रिम रोशनी को न्यूनतम किया जाता है, ताकि रात्रि में दुश्मन आपकी लोकेशन का पता नहीं लगा सके। ब्लैक आउट नियम घरों, कारखानों, दुकानों और वाहन की रोशनी को नियंत्रित करते है। जिसमें खिड़कियों को ढ़कना, स्ट्रीट लाइट और गाड़ियों की हेडलाइट बंद रखना आदि शामिल हैं।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन