Himachal: बिजली बोर्ड के कर्मचारियों को जल्द मिल सकती है प्रमोशन, जल शक्ति विभाग के 40 जूनियर इंजीनियर पदोन्नत
पिछले तीन महीनों से लंबित पदोन्नतियों की मांग पूरी न होने को लेकर शुक्रवार को संघ के प्रदेशाध्यक्ष रणवीर ठाकुर के नेतृत्व में मुख्यमंत्री के विशेष सचिव राजीव कुमार से सचिवालय में मुलाकात की है।
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हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड में फील्ड स्तर पर कार्यरत तकनीकी कर्मचारियों को जल्द पदोन्नति का लाभ मिल सकता है। पिछले तीन महीनों से लंबित पदोन्नतियों की मांग पूरी न होने को लेकर शुक्रवार को संघ के प्रदेशाध्यक्ष रणवीर ठाकुर के नेतृत्व में मुख्यमंत्री के विशेष सचिव राजीव कुमार से सचिवालय में मुलाकात की है। वहीं कर्मचारियों की लंबित मांगों से अवगत कराया। हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड संघ के कर्मचारियों का प्रतिनिधिमंडल दोपहर बाद सचिवालय पहुंचा था। यहां पर संघ ने विभिन्न फील्ड इकाइयों से विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) प्रक्रिया पूरी न होने का मामला मुख्यमंत्री के विशेष सचिव राजीव कुमार के सामने रखा। संघ ने बताया कि पिछले तीन महीनों से इन फाइलों को अंतिम मंजूरी नहीं मिल पाई है।
वहीं यह फाइलें मुख्यालय में धूल फांक रही हैं। इसके चलते टीमेट, सहायक लाइनमैन (एएलएम) और इलेक्ट्रीशियन सहित करीब 200 तकनीकी कर्मचारी पदोन्नति से वंचित हैं, जिससे कर्मचारियों में भारी निराशा है। समय पर पदोन्नति नहीं मिलने से कर्मचारियों का मनोबल प्रभावित हो रहा है और उनके कॅरिअर की प्रगति भी बाधित हो रही है। संघ ने सरकार से मांग की है कि डीपीसी से संबंधित लंबित फाइलों को प्राथमिकता के आधार पर स्वीकृति प्रदान कर कर्मचारियों को शीघ्र पदोन्नति का लाभ दिया जाए। हालांकि इस पर विशेष सचिव ने कहा कि फाइलें मंगवा ली हैं और जल्द ही कार्रवाई की जाएगी। उधर, दूसरी ओर सचिवालय में बैठक के बाद कर्मचारी प्रतिनिधिमंडल कुमार हाउस भी पहुंचा, जहां उन्होंने हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड के प्रबंध निदेशक आदित्य नेगी से मुलाकात कर लंबित पदोन्नतियों और रिक्त तकनीकी पदों पर अलग से चर्चा की।
जल शक्ति विभाग के 40 जूनियर इंजीनियर बने सहायक अभियंता
प्रदेश सरकार ने जल शक्ति विभाग के इंजीनियरिंग कैडर में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। 40 जूनियर इंजीनियर (सिविल) को सहायक अभियंता क्लास-1 (राजपत्रित) के पद पर नियमित आधार पर पदोन्नत किया गया है। यह पदोन्नति विभागीय पदोन्नति समिति की 8 जुलाई 2026 को हुई बैठक के बाद हुई है। हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग से परामर्श के बाद अधिसूचना जारी की गई। सभी अधिकारियों की पदोन्नति हिमाचल प्रदेश नागरिक सेवा (संशोधित) वेतन नियम, 2022 के तहत हुई है। उन्हें पे-मैट्रिक्स लेवल-18 (56,100 रुपये-1,77,500 रुपये) में नियमित आधार पर नियुक्त किया गया है। विभाग का मानना है कि इन रिक्त पदों को भरने से जलापूर्ति योजनाओं और सिंचाई परियोजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आएगी। इससे ग्रामीण पेयजल व्यवस्था तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य अभियंत्रण से जुड़े कार्यों में भी सुधार होगा। पदोन्नत अधिकारियों में 22 डिप्लोमा धारक और 18 ग्रेजुएट/एएमआईई जूनियर इंजीनियर शामिल हैं।
डिप्लोमा धारकों में प्रदीप कुमार, रूप सिंह, अमित कुमार, जितेंद्र कुमार, अरविंद कुमार, अमर चंद, परशोत्तम दास, संजीव सिंह पठानिया, राजेश शर्मा, सुरिंदर कुमार, सचिन राणा, मनमोहन सिंह, पवन कुमार, संजीव कुमार, मुनीश कुमार, पवन कुमार, राज कुमार, दीपांकर मजूमदार, राज कुमार, मोहन लाल, बेली राम तथा महेश्वर शर्मा शामिल हैं। ग्रेजुएट एवं एएमआईई श्रेणी से अनिल ठाकुर, रजत कौशल, दीक्षित कुमार, आशीष चंदेल, रजत राणा, राहुल शर्मा, अखिल शर्मा, अमित ठाकुर, ईशांत नेगी, करनैल सिंह, अभिषेक ठाकुर, पूर्व सूबेदार मंगल दास, ओम प्रकाश, पुनीत कुमार, राकेश कुमार, विकास, अनुज ठाकुर तथा राज कमल पदोन्नत हुए हैं। पदोन्नत अधिकारियों में से दो, जो पहले से कार्यवाहक सहायक अभियंता हैं, अपने वर्तमान कार्यस्थल पर ही रहेंगे। शेष सभी अधिकारियों को संबंधित जल शक्ति सर्किल में अपनी जॉइनिंग रिपोर्ट देनी होगी। उनकी नई तैनाती के विस्तृत आदेश अलग से जारी किए जाएंगे। सभी पदोन्नत अधिकारियों को आदेश जारी होने की तिथि से एक माह के भीतर वेतन निर्धारण का विकल्प देना होगा। यह पदोन्नति आदेश हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय में लंबित विभिन्न सिविल रिट याचिकाओं के अंतिम निर्णय के अधीन रहेगा।