हिमाचल: राखियों की खनक और मिठाइयों की महक से गुलजार हुआ शिमला, रुद्राक्ष-मोरपंख वाली राखियों की ज्यादा मांग
Raksha Bandhan 2026: रक्षाबंधन से एक दिन पहले शिमला के बाजारों में राखियों और मिठाइयों की खरीदारी को लेकर खूब भीड़ रही। लोअर बाजार, मिडिल बाजार और राम बाजार में महिलाओं और युवतियों की चहल-पहल देखने को मिली। रुद्राक्ष, चंदन, मोरपंख और भगवान की प्रतिमा वाली राखियां ग्राहकों को खास पसंद आईं। मिठाई की दुकानों पर घेवर और बकलावा की सबसे अधिक मांग रही। कारोबारियों को त्योहार से अच्छे कारोबार की उम्मीद है। पढ़ें पूरी खबर...
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रक्षाबंधन के त्योहार को लेकर एक दिन पहले वीरवार को शहर के बाजारों में खूब रौनक देखने को मिली। राखियों और मिठाइयों की खरीदारी के लिए दिनभर दुकानों पर लोगों की भीड़ उमड़ी रही। लोअर बाजार, मिडिल बाजार और राम बाजार में महिलाओं और युवतियों की काफी चहल-पहल रही। त्योहार को लेकर कारोबारियों के चेहरे भी खिले नजर आए। करियाना दुकानदारों ने भी ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए दुकानों के बाहर राखियों के विशेष स्टॉल लगाए थे। इन स्टॉलों पर तरह-तरह की रंग-बिरंगी राखियां सजी रहीं। बाजार में रुद्राक्ष, चंदन, मोरपंख और भगवान की प्रतिमा वाली राखियों की सबसे अधिक मांग रही। बहनों ने भाइयों की पसंद को ध्यान में रखते हुए पारंपरिक से लेकर आकर्षक डिजाइन वाली राखियां खरीदीं। वहीं बच्चों के लिए भी बाजार में कार्टून और सुपरहीरो थीम वाली राखियों की भरमार रही।
दुकानदार आशीष ने बताया कि बाजार में 10 रुपये से लेकर 500 रुपये तक की राखियां उपलब्ध है। इन्होंने बताया कि कीमत और डिजाइन के हिसाब से ग्राहक अपनी पसंद की राखियां खरीद रहे हैं। कारोबारियों का कहना है कि बरसात के कारण पिछले कुछ समय से सैलानियों की आमद कम होने से कारोबार प्रभावित था। बाजारों में अपेक्षाकृत सन्नाटा पसरा हुआ था। रक्षाबंधन के त्योहार ने बाजार में एक बार फिर रौनक लौटा दी है। राखी और मिठाइयों की बढ़ी बिक्री से कारोबारियों को भी बेहतर कारोबार की उम्मीद जगी है।
रक्षाबंधन पर्व को लेकर मिठाई की दुकानों में भी सुबह से ही ग्राहकों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। मिठाई विक्रेताओं रमन और रमेश ने बताया कि त्योहार के लिए विशेष रूप से घेवर और बकलावा तैयार किया गया है जिसकी सबसे अधिक डिमांड है। इसमें घेवर 400 से 650 और बकलावा 1100 रुपये प्रतिकिलो के हिसाब से बिक रहा है। इसके अलावा पंजीरी, घेवर, डोडा बर्फी, गुलाब जामुन, पेड़ा और बेसन के लड्डू भी तैयार किए गए हैं।
ये रहेगा राखी बांधने के लिए शुभ मुहूर्त
इस बार रक्षाबंधन पर सुबह 5:57 बजे से 9:48 बजे राखी बांधना उत्तम माना गया है। राधा कृष्ण मंदिर के पुजारी उमेश नौटियाल ने बताया कि शुभ मुहूर्त की कुल अवधि करीब 3 घंटे 51 मिनट रहेगी। इसमें सुबह 7:33 से 9:10 बजे तक लाभ मुहूर्त और 9:10 से 9:48 बजे तक अमृत-सर्वोत्तम मुहूर्त रहेगा। ऐसे में भाई की कलाई पर राखी बांधने के लिए यह समय विशेष फलदायी माना जा रहा है। यदि किसी कारण सुबह राखी बांधना संभव न हो तो दोपहर में भी शुभ समय उपलब्ध रहेगा। अपराह्न काल में दोपहर 12:23 बजे से 2:00 बजे तक राखी बांधी जा सकती है।