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बच्चे की चैट में झांके बिना रखें नजर: व्हाट्सएप लाया पैरेंटल कंट्रोल फीचर, क्या है यह और कैसे सेट करें पिन?
Thu, 01 Oct 2026 12:09 PM IST
जागृति शुक्ला
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: जागृति शुक्ला
Updated Thu, 01 Oct 2026 12:09 PM IST
सार
आपका बच्चा व्हाट्सएप पर किस ग्रुप से जुड़ रहा है और एप पर क्या कंटेंट देख रहा है, अब माता-पिता इसका आसानी से मार्गदर्शन कर सकेंगे। व्हाट्सएप ने भारत में माता-पिता के लिए नए और स्मार्ट फीचर पेश किए हैं। 6-अंकों के यूनिक पिन आधारित इस टूल की मदद से पैरेंट्स अपने टीनएज बच्चों की प्राइवेसी सेटिंग्स, ग्रुप एक्टिविटी अलर्ट्स और मेटा एआई तक की पहुंच को आसानी से कंट्रोल कर सकेंगे, वह भी बच्चों की पर्सनल चैट पढ़े बिना। आइए जानते हैं यह नया फीचर कैसे काम करता है और इसे कैसे सेटअप करें...
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भारत में व्हाट्सएप पर आया पैरेंटल कंट्रोल फीचर
- फोटो : एआई जनरेटेड
विस्तार
व्हाट्सएप (WhatsApp) ने भारतीय यूजर्स के लिए नए पैरेंटल कंट्रोल्स फीचर्स लॉन्च कर दिया हैं। इसका मकसद माता-पिता को उनके किशोर (टीन) बच्चों के एप उपयोग पर बेहतर निगरानी और मार्गदर्शन देने की सुविधा देना है। खास बात यह है कि ये फीचर्स वैकल्पिक (ऑप्शनल) हैं और इन्हें माता-पिता व बच्चे मिलकर सेटअप कर सकते हैं, वो भी बच्चों की चैटस पढ़े बिना।
कंपनी ने एक आधिकारिक बयान में कहा, कि आज हम किशोरों के लिए पैरेंटल कंट्रोल्स पेश कर रहे हैं, लचीले, वैकल्पिक टूल्स का एक सेट जिसे माता-पिता और किशोर मिलकर सेटअप कर सकते हैं ताकि परिवार ऐसा व्हाट्सएप अनुभव चुन सकें जो उनके लिए सही हो।
व्हाट्सएप पर अब माता-पिता को मिलेगा ज्यादा कंट्रोल
नए पैरेंटल कंट्रोल्स में मेटा एआई को भी शामिल किया गया है। इसमें माता-पिता अपने बच्चे के लिए डिफॉल्ट 13+ अनुभव चुन सकते हैं। इसके अलावा, अगर परिवार ज्यादा सख्त कंटेंट विकल्प चाहता है, तो माता-पिता लिमिटेड कॉन्टेंट विकल्प चुन सकते हैं। यह सेटिंग परिवार की जरूरत और उपयुक्तता के हिसाब से चुनी जा सकती है।
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कंपनी ने एक आधिकारिक बयान में कहा, कि आज हम किशोरों के लिए पैरेंटल कंट्रोल्स पेश कर रहे हैं, लचीले, वैकल्पिक टूल्स का एक सेट जिसे माता-पिता और किशोर मिलकर सेटअप कर सकते हैं ताकि परिवार ऐसा व्हाट्सएप अनुभव चुन सकें जो उनके लिए सही हो।
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coming soon: optional parental controls for teen on WhatsApp. parents can help manage privacy settings, get alerts about group activity, and decide how their teen uses Meta AI, Channels and Status. messages stay end-to-end encrypted.
विज्ञापन विज्ञापन— WhatsApp (@WhatsApp) September 30, 2026
व्हाट्सएप पर अब माता-पिता को मिलेगा ज्यादा कंट्रोल
- कंपनी के अनुसार, ये नए पैरेंटल कंट्रोल्स वैकल्पिक टूल्स का एक सेट हैं, जिन्हें माता-पिता और बच्चे मिलकर सेटअप कर सकते हैं। इसका मकसद हर परिवार को अपने हिसाब से व्हाट्सएप का अनुभव चुनने में मदद करना है।
- माता-पिता इन कंट्रोल्स के जरिए यह तय कर सकते हैं कि उनके किशोर के लिए कौन-सी प्राइवेसी सेटिंग्स उपयुक्त हैं। इसमें यह भी शामिल है कि किशोर की प्रोफाइल फोटो कौन देख सकता है और उन्हें व्हाट्सएप ग्रुप्स में कौन जोड़ सकता है।
- अगर किशोर इन सेटिंग्स में बदलाव करके ज्यादा लोगों को अपने साथ इंटरैक्ट करने की अनुमति देना चाहता है, तो कुछ मामलों में माता-पिता की ओर से सेट किए गए पिन के जरिए अभिभावक की मंजूरी जरूरी हो सकती है।
- नए पैरेंटल कंट्रोल्स फीचर की यह सबसे खास बात है। माता-पिता को उनके किशोर की ग्रुप गतिविधियों से जुड़े अपडेट मिल सकते हैं। व्हाट्सएप उन्हें नोटिफिकेशन भेजेगा जब उनका किशोर किसी ग्रुप में शामिल होगा या किसी ग्रुप को छोड़ देगा। इसके अलावा, अगर ऐसा कोई ग्रुप जिसमें उनका किशोर शामिल है, उसका आकार काफी बढ़ जाता है, तो माता-पिता को इसका अलर्ट भी मिल सकता है।
- इससे माता-पिता को यह समझने में मदद मिलेगी कि उनका किशोर किन कम्युनिटीज या ग्रुप्स का हिस्सा बन रहा है। हालांकि, इन कंट्रोल्स के जरिए उन्हें ग्रुप की बातचीत पढ़ने की अनुमति नहीं मिलेगी।
- इतना ही नहीं व्हाट्सएप के नए पैरेंटल कंट्रोल्स सिर्फ ग्रुप्स तक सीमित नहीं हैं। इनका विस्तारचैनल्स और स्टेटस फीचर्स तक भी किया गया है। माता-पिता यह तय कर सकते हैं कि उनका किशोर चैनल्स का इस्तेमाल किस तरह करे।
- इसके अलावा वे यह भी कंट्रोल कर सकते हैं कि उनका बच्चा कौन सा स्टेटस अपडेट देख सकता है और उसके अपने यानी बच्चे के खुद के स्टेटस अपडेट्स को कौन देख सकता है। इस तरह माता-पिता को व्हाट्सएप के अलग-अलग सोशल फीचर्स पर भी अपने किशोर के लिए उपयुक्त सेटिंग्स चुनने का विकल्प मिलेगा।
नए पैरेंटल कंट्रोल्स में मेटा एआई को भी शामिल किया गया है। इसमें माता-पिता अपने बच्चे के लिए डिफॉल्ट 13+ अनुभव चुन सकते हैं। इसके अलावा, अगर परिवार ज्यादा सख्त कंटेंट विकल्प चाहता है, तो माता-पिता लिमिटेड कॉन्टेंट विकल्प चुन सकते हैं। यह सेटिंग परिवार की जरूरत और उपयुक्तता के हिसाब से चुनी जा सकती है।
पिन सेटअप करने का तरीका
- फोटो : एआई जनरेटेड
व्हाट्सएप पैरेंटल कंट्रोल्स कैसे सेटअप करें?
माता-पिता और किशोर व्हाट्सएप पर नए पैरेंटल कंट्रोल्स को एक साथ सेटअप कर सकते हैं। इसके लिए अभिभावक को एक यूनिक छह अंकों का पिन बनाना होगा। यही पिन बाद में पैरेंटल कंट्रोल्स को एक्सेस करने और उन्हें मैनेज करने के लिए जरूरी हो सकता है। पिन बनाने के लिए नीचे बताए गए स्टेप्स को फॉलो करें..
माता-पिता और किशोर व्हाट्सएप पर नए पैरेंटल कंट्रोल्स को एक साथ सेटअप कर सकते हैं। इसके लिए अभिभावक को एक यूनिक छह अंकों का पिन बनाना होगा। यही पिन बाद में पैरेंटल कंट्रोल्स को एक्सेस करने और उन्हें मैनेज करने के लिए जरूरी हो सकता है। पिन बनाने के लिए नीचे बताए गए स्टेप्स को फॉलो करें..
- व्हाट्सएप खोलें: सबसे पहले अपने फोन में व्हाट्सएप खोलें और ऊपर दाहिने कोने में बने तीन डॉट्स (Three Dots) या सेटिंग्स विकल्प पर टैप करें।
- पैरेंटल कंट्रोल चुनें: सेटिंग्स मेनू में नीचे दिए गए पैरेंटल कंट्रोल विकल्प पर क्लिक करें।
पैरेंटल कंट्रोल फीचर
- फोटो : amarujala.com
- अकाउंट लिंक करें: यहां अपने किशोर बच्चे का व्हाट्सएप अकाउंट चुनें जिसे आप लिंक करना चाहते हैं।
पैरेंटल कंट्रोल फीचर
- फोटो : amarujala.com
- छह-अंकों का पिन बनाएं: सेटअप के दौरान एप आपसे एक सुरक्षा पिन बनाने को कहेगा। यहां अपनी पसंद का छह-अंकों का नया पिन दर्ज करें।
- पिन कंफर्म करें: वही छह-अंकों का पिन दोबारा दर्ज करके कंफर्म करें और सेव या डन पर टैप करें।
पिन बन जाने के बाद आप क्या-क्या कंट्रोल कर सकेंगे?
अब अगर आपने अपने फोन में यह पिन सेट कर ली है, तो आप यह सब काम कर सकते हैं।
- प्राइवेसी सेटिंग्स: बिना आपके छह-अंकों के पिन के आपका बच्चा प्रोफाइल फोटो, स्टेटस और ग्रुप प्राइवेसी सेटिंग्स में मनमर्जी बदलाव नहीं कर पाएगा।
- ग्रुप एक्टिविटी अलर्ट: बच्चा जब भी किसी नए ग्रुप में जुड़ेगा या ग्रुप छोड़ेगा, आपको नोटिफिकेशन मिल जाएगा।
- मेटा एआई एक्सेस: आप तय कर सकते हैं कि बच्चा मेटा एआई का इस्तेमाल डिफॉल्ट (13+) मोड में करे या अधिक सुरक्षित लिमिटेड कंटेंट मोड में।
पिन बदलने का क्या है तरीका?
अच्छी बात यह है कि आप जब चाहें, इस पिन को बदल भी सकते हैं। अगर पैरेंट्स बाद में अपना पिन बदलना चाहते हैं, तो उसके लिए नीचे बताए गए इन स्टेप्स को फॉलो करना होगा।
- सबसे पहले व्हाट्सएप खोलें और सेटिंग्स में जाएं।
- अब पैरेंटल कंट्रोल पर टैप करें और अपने बच्चे का अकाउंट चुनें।
- ऊपर दिए गए तीन डॉट्स पर टैप करें और चेंज पैरेट्स पिन चुनें।
- नया छह-अंकों का पिन डालें और नेक्स्ट पर टैप करें।
- पिन दोबारा कंफर्म करें और डन पर टैप करें।
- कंपनी के अनुसार, पैरेंटल कंट्रोल्स का पिन कभी भी बदला जा सकता है। कंपनी यह भी बताती है कि पिन बदलने पर एक एक्टिविटी अलर्ट दिखाई दे सकता है।
प्राइवेट चैट की निगरानी के बिना पैरेंटल कंट्रोल
व्हाट्सएप के नए कंट्रोल्स का फोकस किशोरों को पूरी तरह मॉनिटर करने के बजाय माता-पिता को उनके व्हाट्सएप इस्तेमाल को गाइड करने के विकल्प देना है। माता-पिता प्राइवेसी सेटिंग्स, ग्रुप एक्टिविटी, चैनल्स, स्टेटस और मेटा एआई जैसी सुविधाओं के इस्तेमाल से जुड़े विकल्प मैनेज कर सकते हैं, जबकि प्राइवेट चैट पढ़ने की सुविधा इसमें शामिल नहीं है। इस तरह व्हाट्सएप ने किशोरों की प्राइवेसी बनाए रखते हुए माता-पिता को उनके एप इस्तेमाल को लेकर ज्यादा जानकारी और नियंत्रण देने की कोशिश की है।