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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ayodhya News ›   Ayodhya: Ram Mandir may get a CEO today; anticipation builds ahead of the trust meeting scheduled for 3 PM.

अयोध्या: राम मंदिर ट्रस्ट के नए सदस्यों की घोषणा, तीन नए पदाधिकारी नियुक्त, कुछ समय बाद होगा नए सीईओ का एलान

Wed, 02 Sep 2026 11:49 AM IST
Ishwar Ashish Bhartiya अमर उजाला नेटवर्क, अयोध्या
अमर उजाला नेटवर्क, अयोध्या Published by: Ishwar Ashish Bhartiya Updated Wed, 02 Sep 2026 11:49 AM IST
सार

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक दो चरणों में होगी। पहले चरण की बैठक दोपहर दो बजे से प्रारंभ हो चुकी है। पहले चरण की बैठक में सीईओ पर चर्चा होगी। दूसरे चरण की बैठक में ट्रस्ट के अन्य पदाधिकारियों के नाम पर निर्णय लिया जाएगा।

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Ayodhya: Ram Mandir may get a CEO today; anticipation builds ahead of the trust meeting scheduled for 3 PM.
राम मंदिर ट्रस्ट में शामिल हुए निर्मला यादव, महेश भागचंदका और मदन मोहन पांडेय। - फोटो : amar ujala

विस्तार

अयोध्या की मणिरामदास छावनी में हो रही श्रीराम ट्रस्ट की बैठक में ट्रस्ट में नए पदाधिकारियों की घोषणा की गई है। ट्रस्ट में तीन नए सदस्य शामिल किए गए हैं। नए शामिल होने वाले सदस्यों में मदन मोहन पांडेय अयोध्या के, महेश भागचंदका दिल्ली के और निर्मला यादव अयोध्या से हैं। बैठक में अंतरिम महासचिव डॉ. कृष्ण मोहन, कोषाध्यक्ष गोविंद देवगिरि, ट्रस्टी महंत दिनेंद्र दास, शंकराचार्य वासुदेवानंद सरस्वती समेत अन्य ट्रस्टी पहुंचे हैं। बैठक को लेकर अयोध्या में पहले से ही हलचल बनी हुई थी।

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बैठक में राम मंदिर के पहले मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ ) के चयन को लेकर मंथन किया जा रहा है। सीईओ के चयन के लिए गठित तीन सदस्यीय सर्च कमेटी अपनी रिपोर्ट ट्रस्ट को सौंप चुकी है। रिपोर्ट में तीन नामों का पैनल दिए जाने की जानकारी है। अब ट्रस्ट की बैठक में इन नामों पर विचार-विमर्श के बाद सीईओ के नाम पर अंतिम फैसला होने की संभावना है। बैठक के दूसरे चरण में ट्रस्ट से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा की जाएगी।
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इस पूरी कवायद के बीच पूर्व आईपीएस अधिकारी राजेश पांडेय का नाम सीईओ के लिए सबसे मजबूत दावेदार के तौर पर उभरकर सामने आया है। राजेश पांडेय की दावेदारी को खास बनाने वाली बात सिर्फ उनका पुलिस और प्रशासनिक अनुभव नहीं है। वह लखनऊ के अलीगंज स्थित ऐतिहासिक हनुमान मंदिर के ट्रस्ट के सचिव भी हैं। ऐसे में मंदिर प्रशासन और धार्मिक संस्थान के प्रबंधन का उनका प्रत्यक्ष अनुभव राम मंदिर सीईओ की जिम्मेदारी के लिए उनकी प्रोफाइल को अलग वजन देता है। 
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ट्रस्ट की बैठक में प्रमुख पदाधिकारियों सहित आमंत्रित सदस्य भी मौजूद
1. महंत नृत्य गोपाल दास
2. कमलनयनदास
3. स्वामी गोविंद देव गिरी
4. कृष्ण मोहन
5. दिनेंद्रदास जी महाराज
6. दिनेशचंद्र जी
7. बजरंग बांगाड़ा
8. जगदीश आफले
9. राज गोपाल मिनियार
10. समीर पांडा

राजेश पांडेय पर क्यों टिकी हैं निगाहें?
अंतिम फैसला भले ही ट्रस्ट को करना है, लेकिन सीईओ पद की चर्चाओं में राजेश पांडेय लगातार सबसे आगे बताए जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश कैडर के पूर्व आईपीएस अधिकारी रहे पांडेय को पुलिस सेवा के दौरान चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में प्रभावी ढंग से काम करने वाले अधिकारी के तौर पर पहचान मिली। राम मंदिर के सीईओ की जिम्मेदारी केवल प्रशासनिक कामकाज तक सीमित नहीं होगी। अयोध्या में प्रतिदिन बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या, सुरक्षा व्यवस्था, विभिन्न सरकारी एजेंसियों के साथ समन्वय, वीआईपी और आम श्रद्धालुओं की व्यवस्थाएं तथा मंदिर से जुड़े बड़े प्रोजेक्ट्स के प्रबंधन जैसी कई जिम्मेदारियां सीईओ के सामने होंगी। यही वजह है कि सुरक्षा और प्रशासनिक तंत्र की जटिलताओं को करीब से समझने वाले राजेश पांडेय की दावेदारी को खास वजन मिल रहा है।

परेश सक्सेना और दिनेश चंद्र भी मजबूत नाम

सीईओ की नियुक्ति समेत कई मुद्दों पर होगी चर्चा

श्रीराम मंदिर ट्रस्ट की अहम बैठक से पहले रामनगरी में हलचल बढ़ गई है। बैठक में सीईओ की नियुक्ति समेत ट्रस्ट की डीड और न्यास नियमावली में संशोधन सहित कई महत्वपूर्ण फैसलों पर बुधवार को मंथन होने की संभावना है। ट्रस्ट की बैठक दोपहर तीन बजे मणिरामदास की छावनी में ट्रस्ट अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास की अध्यक्षता में होगी। अधिकांश ट्रस्टी अयोध्या पहुंच चुके हैं, जबकि कुछ ट्रस्टी ऑनलाइन बैठक से जुड़ेंगे।

बैठक से पहले ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि ने अंतरिम महासचिव डॉ. कृष्ण मोहन के साथ रामलला के दरबार में हाजिरी लगाई। दोनों ने रामलला के दर्शन-पूजन के साथ मंदिर की मौजूदा व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया। इसके बाद दोनों ट्रस्ट की बैठक की तैयारियों में जुटे।

चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्र की वापसी पर भी नजर

बैठक में ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय और पूर्व ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्र को लेकर भी फैसला महत्वपूर्ण माना जा रहा है। चढ़ावा चोरी प्रकरण के बाद दोनों ने अपने पदों से इस्तीफा दिया था। हालांकि पिछले कुछ समय में दोनों की सामाजिक गतिविधियां बढ़ी हैं। ऐसे में ट्रस्ट में उनकी संभावित वापसी को लेकर भी अटकलें लगाई जा रही हैं। सूत्रों के अनुसार, जांच की मौजूदा स्थिति में चंपत राय को लेकर राहत की बात सामने आने के बाद उनके दोबारा ट्रस्ट से जुड़ने की संभावना पर चर्चा हो सकती है। हालांकि इस संबंध में अंतिम निर्णय ट्रस्ट की बैठक में ही स्पष्ट होगा। डॉ. अनिल मिश्र को लेकर भी ट्रस्ट के स्तर पर क्या निर्णय होता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।

डीड में संशोधन का प्रस्ताव भी अहम
ट्रस्ट की बैठक से पहले संघ और विश्व हिंदू परिषद के कई वरिष्ठ पदाधिकारियों के अयोध्या पहुंचने की सूचना है। विहिप के महामंत्री बजरंग लाल बांगड़ा, संरक्षक दिनेश चंद्र और संघ के क्षेत्र प्रचारक अनिल सिंह के भी अयोध्या पहुंचने की जानकारी है। इनके पहुंचने के बाद बैठक को लेकर चर्चाएं और तेज हो गई हैं। संघ व विहिप के पदाधिकारियों ने ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष से भेंट की है, बंद कमरे में वार्ता हुई।

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