{"_id":"6a3d1777da6a8c1ebc03adfa","slug":"teacher-posts-vacant-in-gic-kathur-for-a-long-time-kotdwar-news-c-50-1-sdrn1016-119757-2026-06-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kotdwar News: जीआईसी कठूड़ में लंबे समय से शिक्षकों के पद खाली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kotdwar News: जीआईसी कठूड़ में लंबे समय से शिक्षकों के पद खाली
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Thu, 25 Jun 2026 05:26 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शिक्षकों की कमी का खमियाजा भुगत रहे क्षेत्र के छात्र-छात्राएं
जीआईसी कठूड़ में लंबे समय से शिक्षकों के पद खाली
नई टिहरी। भिलंगना के राजकीय इंटर कॉलेज कठूड़ में लंबे समय से शिक्षकों के कई पद रिक्त पड़े होने से छात्र-छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। शिक्षकों की कमी के चलते सबसे अधिक परेशानी बोर्ड परीक्षार्थियों को झेलनी पड़ती है।
हिंदाव पट्टी के जीआईसी कठूड़ में लंबे समय से प्रधानाचार्य पद के साथ भौतिक विज्ञान, रसायन विभाग, नागरिक शास्त्र और इतिहास विषय के प्रवक्ताओं के पद खाली चले रहे हैं। वहीं अंग्रेजी, गृह विज्ञान और संस्कृत विषय प्रवक्ताओं के पद अब तक सृजित नहीं हो पाए हैं। जिला पंचायत सदस्य विक्रम घाणता ने बताया कि विद्यालय में विगत पांच वर्ष से अधिक समय से प्रवक्ताओं के खाली चल रहे हैं जबकि कई विषयों पर शिक्षकों के पद ही सृजित नहीं है।
बताया विद्यालय में ग्राम पंचायत कठूड़, भोना, चांजी तल्ली-मल्ली, हड़ियाणा तल्ला-मल्ला,गनवाड़ी, पुरवाल गांव सहित आसपास क्षेत्रों के करीब 170 से अधिक छात्र-छात्राएं अध्ययनरत है लेकिन शिक्षकों के कमी का असर छात्रों के भविष्य पर पड़ा रहा है। बोर्ड परीक्षा परिणाम पर भी इसका असर देखने को मिलता है। बताया क्षेत्र के अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज मथकुड़ी सैंण और जीआईसी अखोड़ी में भी शिक्षकों की कमी होने बनी है।
विज्ञापन
शिक्षकों की नियुक्ति मांग को लेकर अभिभावक और स्थानीय जनप्रतिनिधि शिक्षा विभाग और शासन-प्रशासन से कई बार गुहार लगा चुके हैं, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हो पाया। कहा कि शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर 15 जुलाई को जीआईसी कठूड़ और मथकुड़ी सैण के विद्यालयों में सांकेतिक तालाबंदी की जाएगी।
स्थानांतरण नीति के तहत शिक्षकों की काउंसलिंग की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। शीघ्र खाली पड़े पदों पर शिक्षकों की नियुक्ति होने की उम्मीद है। इसके बाद विद्यालयों में खाली रहने वाले पदों को अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति कर उन्हें भर दिया जाएगा।
कमला बडवाल, सीईओ टिहरी।
विज्ञापन
जीआईसी कठूड़ में लंबे समय से शिक्षकों के पद खाली
नई टिहरी। भिलंगना के राजकीय इंटर कॉलेज कठूड़ में लंबे समय से शिक्षकों के कई पद रिक्त पड़े होने से छात्र-छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। शिक्षकों की कमी के चलते सबसे अधिक परेशानी बोर्ड परीक्षार्थियों को झेलनी पड़ती है।
हिंदाव पट्टी के जीआईसी कठूड़ में लंबे समय से प्रधानाचार्य पद के साथ भौतिक विज्ञान, रसायन विभाग, नागरिक शास्त्र और इतिहास विषय के प्रवक्ताओं के पद खाली चले रहे हैं। वहीं अंग्रेजी, गृह विज्ञान और संस्कृत विषय प्रवक्ताओं के पद अब तक सृजित नहीं हो पाए हैं। जिला पंचायत सदस्य विक्रम घाणता ने बताया कि विद्यालय में विगत पांच वर्ष से अधिक समय से प्रवक्ताओं के खाली चल रहे हैं जबकि कई विषयों पर शिक्षकों के पद ही सृजित नहीं है।
विज्ञापन
बताया विद्यालय में ग्राम पंचायत कठूड़, भोना, चांजी तल्ली-मल्ली, हड़ियाणा तल्ला-मल्ला,गनवाड़ी, पुरवाल गांव सहित आसपास क्षेत्रों के करीब 170 से अधिक छात्र-छात्राएं अध्ययनरत है लेकिन शिक्षकों के कमी का असर छात्रों के भविष्य पर पड़ा रहा है। बोर्ड परीक्षा परिणाम पर भी इसका असर देखने को मिलता है। बताया क्षेत्र के अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज मथकुड़ी सैंण और जीआईसी अखोड़ी में भी शिक्षकों की कमी होने बनी है।
विज्ञापन
शिक्षकों की नियुक्ति मांग को लेकर अभिभावक और स्थानीय जनप्रतिनिधि शिक्षा विभाग और शासन-प्रशासन से कई बार गुहार लगा चुके हैं, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हो पाया। कहा कि शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर 15 जुलाई को जीआईसी कठूड़ और मथकुड़ी सैण के विद्यालयों में सांकेतिक तालाबंदी की जाएगी।
स्थानांतरण नीति के तहत शिक्षकों की काउंसलिंग की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। शीघ्र खाली पड़े पदों पर शिक्षकों की नियुक्ति होने की उम्मीद है। इसके बाद विद्यालयों में खाली रहने वाले पदों को अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति कर उन्हें भर दिया जाएगा।
कमला बडवाल, सीईओ टिहरी।