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Pithoragarh News: सरस्वती के दूरस्थ मंदिरों में विद्यावाहिनी से पहुंचे विद्यार्थी
Mon, 27 Jul 2026 10:31 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Mon, 27 Jul 2026 10:31 PM IST
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चंपावत। विद्यावाहिनी कार्यक्रम के तहत जिले के दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र-छात्राओं के लिए वाहन सुविधा शुरू हो गई है। इन विद्यालयों में पढ़ने वाले 100 से अधिक बच्चों को इसका लाभ मिल रहा है। अब विद्यार्थियों को स्कूल और घर पहुंचने के लिए मीलों की दूरी पैदल तय नहीं करनी पड़ेगी।
सोमवार को सल्ली-सायली क्षेत्र से जीआईसी धौन के लिए दायित्वधारी श्याम नारायण पांडे ने 40 से अधिक विद्यार्थियों के लिए बस को हरी झंडी दिखाई। बिरगुल और गोली क्षेत्र से जीआईसी भिंगराड़ा के लिए दायित्वधारी मुकेश महराना ने दो वाहन रवाना किए। लोहाघाट विकासखंड के डूंगरालेटी और जमरसौ क्षेत्र से जीआईसी मडलक तक दायित्वधारी सुभाष बगौली, ब्लॉक प्रमुख महेंद्र ढेक और ग्राम प्रधान मोहित पाठक ने दो वाहनों को रवाना किया।
नौलापानी क्षेत्र से जीआईसी अमोड़ी और बुडम-सुकनी क्षेत्र से जीआईसी तालियाबांज के लिए जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि सुंदर बोहरा ने तीन वाहन रवाना किए। जिले के सीमांत क्षेत्र के ग्रामीणों ने बताया कि अब तक छात्रों को कई किलोमीटर पहाड़ी रास्तों पर पैदल चलकर स्कूल पहुंचना पड़ता था, बरसात में यह सफर और कठिन हो जाता था। वाहन सुविधा मिलने से अब बच्चे समय पर विद्यालय पहुंचेंगे और उपस्थिति बढ़ने के साथ ड्रॉपआउट की आशंका भी कम होगी।
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दूरस्थ क्षेत्र के प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। खनन न्यास निधि से जिले में शिक्षा को हर बच्चे तक पहुंचाने के लिए बस सेवा शुरू की गई है। अब कोई भी बच्चा दूरी या परिवहन के अभाव में शिक्षा से वंचित नहीं रहेगा।
-मनीष कुमार, जिलाधिकारी, चंपावत
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सोमवार को सल्ली-सायली क्षेत्र से जीआईसी धौन के लिए दायित्वधारी श्याम नारायण पांडे ने 40 से अधिक विद्यार्थियों के लिए बस को हरी झंडी दिखाई। बिरगुल और गोली क्षेत्र से जीआईसी भिंगराड़ा के लिए दायित्वधारी मुकेश महराना ने दो वाहन रवाना किए। लोहाघाट विकासखंड के डूंगरालेटी और जमरसौ क्षेत्र से जीआईसी मडलक तक दायित्वधारी सुभाष बगौली, ब्लॉक प्रमुख महेंद्र ढेक और ग्राम प्रधान मोहित पाठक ने दो वाहनों को रवाना किया।
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नौलापानी क्षेत्र से जीआईसी अमोड़ी और बुडम-सुकनी क्षेत्र से जीआईसी तालियाबांज के लिए जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि सुंदर बोहरा ने तीन वाहन रवाना किए। जिले के सीमांत क्षेत्र के ग्रामीणों ने बताया कि अब तक छात्रों को कई किलोमीटर पहाड़ी रास्तों पर पैदल चलकर स्कूल पहुंचना पड़ता था, बरसात में यह सफर और कठिन हो जाता था। वाहन सुविधा मिलने से अब बच्चे समय पर विद्यालय पहुंचेंगे और उपस्थिति बढ़ने के साथ ड्रॉपआउट की आशंका भी कम होगी।
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दूरस्थ क्षेत्र के प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। खनन न्यास निधि से जिले में शिक्षा को हर बच्चे तक पहुंचाने के लिए बस सेवा शुरू की गई है। अब कोई भी बच्चा दूरी या परिवहन के अभाव में शिक्षा से वंचित नहीं रहेगा।
-मनीष कुमार, जिलाधिकारी, चंपावत