{"_id":"69931976ed478e1b650f1002","slug":"permission-for-building-and-hotel-construction-will-be-given-only-after-geological-survey-uttarkashi-news-c-54-1-uki1003-118114-2026-02-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Uttarkashi News: भू-वैज्ञानिक सर्वे के बाद ही मिलेगी भवन-होटल निर्माण की अनुमति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Uttarkashi News: भू-वैज्ञानिक सर्वे के बाद ही मिलेगी भवन-होटल निर्माण की अनुमति
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Mon, 16 Feb 2026 06:49 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
धराली आपदा
डीएम ने ली आपदा प्रभावित धराली के कार्यों व मुआवजा संबंधी प्रक्रिया की बैठक
पहले चरण में 20 प्रभावितों का होगा भू-वैज्ञानिक सर्वे, कार्य नहीं करने पर सिंचाई विभाग के अधिकारियों को नोटिस देने के निर्देश
उत्तरकाशी। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने कहा आपदा प्रभावित धराली के कुछ प्रभावित परिवारों के लोग अपनी निजी भूमि पर अपना भवन और होटल बनाना चाहते हैं। इसके लिए वहां पर पहले भू-वैज्ञानिक सर्वे करवाया जाएगा। साथ ही ग्रामीणों की मांग पर 20 प्रभावित परिवारों की प्रथम सूची भू-वैज्ञानिक के लिए भेज दी गई है। वहीं डीएम ने सिंचाई विभाग की ओर से प्रभावित क्षेत्र में कार्य नहीं करने पर अधिकारियों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं।
डीएम ने सोमवार को आपदा प्रभावित धराली में कार्यों और मुआवजा संबंधी प्रक्रिया की समीक्षा बैठक ली। इस दौरान उन्होंने सिंचाई विभाग की ओर से बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य शुरू नहीं किए जाने व आपदा जोन में विभागीय भूमि का चिह्नीकरण न करने पर नाराजगी व्यक्त की। अधिकारियों को जल्द ही कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। साथ ही एसडीएम को निर्देशित किया कि विभागीय अधिकारियों को आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत नोटिस जारी किए जाए।
डीएम ने व्यावसायिक प्रभावितों की राहत राशि उनके खातों में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। एसडीएम ने बताया कि व्यावसायिक प्रभावितों के बैंक खाते सहित अन्य आवश्यक विवरण एकत्र किए जा रहे हैं। प्रक्रिया पूर्ण होते ही आरटीजीएस के माध्यम से धनराशि सीधे उनके खातों में भेज दी जाएगी।
जिलाधिकारी ने महिला स्वयं सहायता समूहों को सेब उत्पादन, होम-स्टे और डेयरी गतिविधियों के माध्यम से आर्थिक रूप से सशक्त बनाने पर जोर दिया। उन्होंने झाला,जानकीचट्टी और दोबाटा में भी सामुदायिक शेड निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। इस मौके पर एडीएम मुक्ता मिश्र, एसडीएम शालनी नेगी, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी शार्दूल गुसाईं, प्रबन्धक रीप कपिल उपाध्याय आदि मौजूद रहे।
Trending Videos
डीएम ने ली आपदा प्रभावित धराली के कार्यों व मुआवजा संबंधी प्रक्रिया की बैठक
पहले चरण में 20 प्रभावितों का होगा भू-वैज्ञानिक सर्वे, कार्य नहीं करने पर सिंचाई विभाग के अधिकारियों को नोटिस देने के निर्देश
उत्तरकाशी। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने कहा आपदा प्रभावित धराली के कुछ प्रभावित परिवारों के लोग अपनी निजी भूमि पर अपना भवन और होटल बनाना चाहते हैं। इसके लिए वहां पर पहले भू-वैज्ञानिक सर्वे करवाया जाएगा। साथ ही ग्रामीणों की मांग पर 20 प्रभावित परिवारों की प्रथम सूची भू-वैज्ञानिक के लिए भेज दी गई है। वहीं डीएम ने सिंचाई विभाग की ओर से प्रभावित क्षेत्र में कार्य नहीं करने पर अधिकारियों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं।
डीएम ने सोमवार को आपदा प्रभावित धराली में कार्यों और मुआवजा संबंधी प्रक्रिया की समीक्षा बैठक ली। इस दौरान उन्होंने सिंचाई विभाग की ओर से बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य शुरू नहीं किए जाने व आपदा जोन में विभागीय भूमि का चिह्नीकरण न करने पर नाराजगी व्यक्त की। अधिकारियों को जल्द ही कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। साथ ही एसडीएम को निर्देशित किया कि विभागीय अधिकारियों को आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत नोटिस जारी किए जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन
डीएम ने व्यावसायिक प्रभावितों की राहत राशि उनके खातों में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। एसडीएम ने बताया कि व्यावसायिक प्रभावितों के बैंक खाते सहित अन्य आवश्यक विवरण एकत्र किए जा रहे हैं। प्रक्रिया पूर्ण होते ही आरटीजीएस के माध्यम से धनराशि सीधे उनके खातों में भेज दी जाएगी।
जिलाधिकारी ने महिला स्वयं सहायता समूहों को सेब उत्पादन, होम-स्टे और डेयरी गतिविधियों के माध्यम से आर्थिक रूप से सशक्त बनाने पर जोर दिया। उन्होंने झाला,जानकीचट्टी और दोबाटा में भी सामुदायिक शेड निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। इस मौके पर एडीएम मुक्ता मिश्र, एसडीएम शालनी नेगी, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी शार्दूल गुसाईं, प्रबन्धक रीप कपिल उपाध्याय आदि मौजूद रहे।