फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Indian-American Teen Accused of Killing Mother Brother take help from ai What Did His Search History Reveal

AI से पूछकर परिवार की हत्या: अमेरिका में भारतवंशी ने की मां और भाई की हत्या; सर्च हिस्ट्री में क्या मिला?

Fri, 14 Aug 2026 05:12 AM IST
हिमांशु सिंह चंदेल वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन Published by: हिमांशु सिंह चंदेल Updated Fri, 14 Aug 2026 05:12 AM IST
सार

अमेरिका के मैसाचुसेट्स में 17 वर्षीय भारतवंशी किशोर अर्जुन अरविंद पर अपनी मां और छोटे भाई की हत्या का आरोप लगा है। जांच में उसकी इंटरनेट और चैटजीपीटी सर्च हिस्ट्री से परिवार को नुकसान पहुंचाने और हत्या से जुड़े विषयों की तलाश का पता चला। लेकिन जांच एजेंसियों ने यह नहीं बताया कि एआई ने उसे हत्या का तरीका या योजना दी थी। आखिर सर्च हिस्ट्री में क्या मिला?

 

विज्ञापन
Indian-American Teen Accused of Killing Mother Brother take help from ai What Did His Search History Reveal
अमेरिका में भारतवंशी ने की मां और भाई की हत्या - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

अमेरिका के मैसाचुसेट्स में 17 वर्षीय भारतवंशी किशोर अर्जुन अरविंद पर अपनी मां सुधा वेंकटेशन और छोटे भाई सिद्धार्थ अरविंद की हत्या का गंभीर आरोप लगा है। पुलिस ने उसे बुधवार सुबह वेलैंड के एक पार्किंग स्थल से गिरफ्तार किया। जांच के दौरान उसकी इंटरनेट और चैटजीपीटी सर्च हिस्ट्री सामने आई, जिसमें परिवार को नुकसान पहुंचाने और हत्या जैसे विषयों से जुड़ी जानकारी तलाशने के सुराग मिले। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में यह पुष्टि नहीं है कि चैटजीपीटी ने उसे हत्या करने का तरीका बताया या पूरी योजना बनाने में मदद की।
विज्ञापन

मां और छोटे भाई के शव घर में कैसे मिले?

घटना का खुलासा मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे हुआ। एक शिक्षिका पढ़ाने के लिए घर पहुंची थीं, लेकिन काफी देर तक दरवाजा नहीं खुला। इसके बाद उन्होंने अर्जुन के पिता को फोन किया। पिता भी पत्नी और बेटे से संपर्क नहीं कर सके। उन्होंने पुलिस से घर जाकर स्थिति देखने को कहा। पुलिस जब घर पहुंची तो घर के बेसमेंट में 45 वर्षीय सुधा वेंकटेशन का शव मिला, जबकि 14 वर्षीय सिद्धार्थ अरविंद का शव पहली मंजिल पर मिला। इसके बाद पुलिस ने अर्जुन की तलाश शुरू की और उसे वेलैंड के पार्किंग स्थल से गिरफ्तार किया।
विज्ञापन

चैटजीपीटी की सर्च हिस्ट्री में क्या मिला?

जांच में सामने आया कि अर्जुन कुछ समय से चैटजीपीटी पर परिवार को नुकसान पहुंचाने और हत्या जैसे विषयों से जुड़ी जानकारी तलाश रहा था। उसने एआई से डरावनी और रहस्यमयी कहानियां बनाने में भी मदद मांगी थी। इन कहानियों में ऐसे पात्र थे, जो अपने ही परिवार के सदस्यों की हत्या करते हैं। यही सर्च हिस्ट्री जांच में अहम सुराग बनी है। हालांकि, जांच एजेंसियों ने यह नहीं बताया कि इन बातचीत के दौरान चैटजीपीटी ने उसे किसी वास्तविक व्यक्ति की हत्या का तरीका, हथियार या योजना उपलब्ध कराई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

किशोर पर कौन-कौन से आरोप लगे हैं?

अर्जुन के खिलाफ हत्या के दो मामलों के अलावा परिवार पर हमला करने और मारपीट के आरोप भी लगाए गए हैं। उस पर अपनी मां की कार बिना अनुमति लेकर फरार होने का आरोप भी है। पुलिस की जांच फिलहाल मामले के अलग-अलग पहलुओं को जोड़ने में जुटी है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उसकी ऑनलाइन गतिविधियों को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। इस मामले में यह तथ्य खास तौर पर महत्वपूर्ण है कि एआई पर हत्या से संबंधित जानकारी तलाशने का रिकॉर्ड मिला है, लेकिन इससे अपने आप यह साबित नहीं होता कि एआई ने हत्या के लिए निर्देश दिए थे।

क्या एआई ने हत्या की योजना बनाने में मदद की?

फिलहाल जांच एजेंसियों ने ऐसा कोई निष्कर्ष नहीं बताया है। सर्च हिस्ट्री में परिवार की हत्या और नुकसान पहुंचाने से जुड़े विषय मिलने की जानकारी सामने आई है, लेकिन चैटजीपीटी ने आरोपी को वास्तव में हत्या का तरीका बताया या योजना बनाने में मदद की, इसकी पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए मामले में एआई की भूमिका को लेकर निष्कर्ष निकालना अभी जल्दबाजी होगी। पुलिस की जांच और आगे सामने आने वाले साक्ष्य ही यह स्पष्ट कर सकेंगे कि किशोर की ऑनलाइन गतिविधियों और कथित हत्याओं के बीच क्या संबंध था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed