फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   New Mexico court fined 3100 crore rs Meta held it guilty of harming the mental health safety of children

Meta: मेटा पर 3100 करोड़ का जुर्माना, कोर्ट ने बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाने का ठहराया दोषी

Wed, 25 Mar 2026 05:30 AM IST
Devesh Tripathi वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, न्यू मैक्सिको
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, न्यू मैक्सिको Published by: Devesh Tripathi Updated Wed, 25 Mar 2026 05:30 AM IST
सार

मुकदमे के दौरान जूरी ने मेटा के आंतरिक दस्तावेज, अधिकारियों की गवाही, व्हिसलब्लोअर्स के बयान और तकनीकी विशेषज्ञों की राय सुनी। जांच में यह भी सामने आया कि अंडरकवर एजेंट्स ने बच्चों के रूप में सोशल मीडिया अकाउंट बनाकर यौन शोषण से जुड़े मामलों और मेटा की प्रतिक्रिया का परीक्षण किया।

विज्ञापन
New Mexico court fined 3100 crore rs Meta held it guilty of harming the mental health safety of children
मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग - फोटो : ANI

विस्तार

अमेरिका के न्यू मैक्सिको में एक जूरी ने मंगलवार को मेटा को बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाने और अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर बाल यौन शोषण से जुड़े खतरों को छिपाने का दोषी ठहराया। करीब सात हफ्ते चले इस ट्रायल के बाद आए इस फैसले को टेक कंपनियों के खिलाफ सख्ती के बढ़ते रुझान के रूप में देखा जा रहा है।
विज्ञापन


जूरी ने राज्य के अभियोजकों के पक्ष में फैसला सुनाते हुए कहा कि मेटा (इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सएप का मालिक) ने सुरक्षा से ज्यादा मुनाफे को प्राथमिकता दी। जूरी ने माना कि कंपनी ने बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य और यौन शोषण के खतरों को लेकर भ्रामक जानकारी दी और अनुचित व्यापारिक तरीकों का इस्तेमाल किया।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: सऊदी प्रिंस सलमान को ईरान जंग से क्या फायदा: ट्रंप से कहा- युद्ध जारी रखें, अमेरिका फंस गया लंबी लड़ाई में?
विज्ञापन
विज्ञापन


मेटा पर लगा 3100 करोड़ रुपये का जुर्माना
जूरी ने पाया कि हजारों उल्लंघन हुए हैं, जिनके आधार पर 375 मिलियन डॉलर यानी करीब 3100 करोड़ भारतीय रुपये का जुर्माना तय किया गया, जो अभियोजन पक्ष की मांग से काफी कम है। हालांकि, कंपनी का बाजार मूल्य लगभग 1.5 ट्रिलियन डॉलर है और फैसले के बाद उसके शेयरों में करीब 5% की बढ़त देखी गई।

फिलहाल मेटा को तुरंत अपने कामकाज में बदलाव करने के लिए बाध्य नहीं किया गया है। अब यह तय करना एक जज के ऊपर होगा कि क्या मेटा के प्लेटफॉर्म्स सार्वजनिक नुकसान का कारण बने और क्या कंपनी को इससे जुड़े नुकसान की भरपाई करनी होगी। इस मामले की अगली सुनवाई मई में होगी।


मेटा ने फैसले पर जताई असहमति
मेटा के प्रवक्ता ने फैसले से असहमति जताते हुए कहा कि कंपनी इसके खिलाफ अपील करेगी। उन्होंने कहा कि मेटा अपने प्लेटफॉर्म्स पर लोगों को सुरक्षित रखने के लिए लगातार काम करती है और हानिकारक कंटेंट को हटाने की कोशिश करती है। यह मामला सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ बढ़ते कानूनी मामलों में से एक है। 2023 में न्यू मैक्सिको के अटॉर्नी जनरल राउल टोरेज द्वारा दायर इस मुकदमे में आरोप लगाया गया था कि मेटा ने सोशल मीडिया के खतरों और लत से जुड़े मुद्दों को पूरी तरह उजागर नहीं किया।

ये भी पढ़ें: ट्रंप को ईरान ने भेजा महंगा तोहफा: US राष्ट्रपति का दावा- तेहरान चाहता है समझौता, नहीं रखेगा परमाणु हथियार

जूरी ने यह भी जांचा कि कंपनी ने 13 साल से कम उम्र के उपयोगकर्ताओं पर प्रतिबंध लागू करने, किशोर आत्महत्या से जुड़े कंटेंट और एल्गोरिदम के जरिए हानिकारक सामग्री को बढ़ावा देने जैसे मुद्दों पर क्या जानकारी साझा की। मेटा के वकीलों ने कहा कि कंपनी जोखिमों को उजागर करती है और हानिकारक सामग्री को हटाने का प्रयास करती है, हालांकि कुछ सामग्री सुरक्षा तंत्र से बच निकलती है।

अन्य वीडियो
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed