फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Pakistan rattled by Operation Sindoor docu-series accuses India of spreading lies

Operation Sindoor: भारत से मिली हार पचा नहीं पा रहा पाकिस्तान, 'ऑपरेशन सिंदूर' की डॉक्यू सीरीज से तिलमिलाया

Wed, 19 Aug 2026 03:10 PM IST
प्रशांत तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला Published by: प्रशांत तिवारी Updated Wed, 19 Aug 2026 03:10 PM IST
सार

 डिस्कवरी की डॉक्यू सीरीज 'डिक्लासिफाइड: ऑपरेशन सिंदूर' में भारत की ओर से ऑपरेशन सिंदूर को सैन्य कार्रवाई और सफलता के रूप में पेश किए जाने पर पाकिस्तान की सेना ने आपत्ति जताई है। ISPR ने डॉक्यू सीरीज को अतिनाटकीय और एकतरफा बताते हुए इसके घटनाक्रम में विरोधाभास होने का दावा किया और ऑपरेशन की सफलता से जुड़े भारतीय दावों को चुनौती दी। साथ ही पाकिस्तान ने भविष्य में किसी भी सैन्य कार्रवाई का 'कड़ा जवाब' देने की चेतावनी दी है।

विज्ञापन
Pakistan rattled by Operation Sindoor docu-series accuses India of spreading lies
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

पाकिस्तान की सेना ने डिस्कवरी की डॉक्यू सीरीज 'डिक्लासिफाइड: ऑपरेशन सिंदूर' पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए इसमें दिखाए गए घटनाक्रम को 'बेहद नाटकीय', बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया गया और एकतरफा बताया है। पाकिस्तानी सेना के मीडिया विंग इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (ISPR) ने भारत की ओर से ऑपरेशन सिंदूर को सैन्य सफलता के रूप में पेश किए जाने पर आपत्ति जताई। यह प्रतिक्रिया ऐसे समय आई है, जब डॉक्यू सीरीज में भारत के वरिष्ठ राजनीतिक और सैन्य नेताओं ने ऑपरेशन और उसके उद्देश्यों को लेकर विस्तार से बात की है। भारत ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में आतंकी ठिकानों को निशाना बनाते हुए 7 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। चार दिन तक चला सैन्य टकराव 10 मई को दोनों देशों के बीच बनी सहमति के बाद थम गया था।

विज्ञापन


‘इतिहास को अपने हिसाब से पेश करने की कोशिश’
ISPR ने कहा कि ‘मार्का-ए-हक’ के एक साल से अधिक समय बाद भी भारत कथित तौर पर 'कड़वी सच्चाई' स्वीकार करने से बच रहा है। पाकिस्तानी सेना के मुताबिक, भारत ने अपनी कथित नाकामी को स्वीकार करने के बजाय इतिहास को अपने मुताबिक पेश करने का रास्ता चुना है। ISPR ने आरोप लगाया कि भारतीय कंटेंट क्रिएटर्स ने ऑपरेशन सिंदूर का 'अतिनाटकीय, बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया गया और तथ्यात्मक रूप से गलत' विवरण तैयार किया है, जिसे वरिष्ठ राजनीतिक और सैन्य नेतृत्व की भागीदारी वाली डॉक्यू सीरीज के रूप में प्रस्तुत किया गया। बयान में कहा गया कि चुनिंदा इंटरव्यू, भावनात्मक नैरेशन और बॉलीवुड शैली के दृश्यों के जरिये ऑपरेशन के नतीजे को एक खास तरीके से पेश करने की कोशिश की गई है।
विज्ञापन


पहलगाम हमले को लेकर डॉक्यू सीरीज पर सवाल
ISPR ने डॉक्यू सीरीज के घटनाक्रम में कथित विरोधाभासों का हवाला देते हुए कहा कि इसमें 16 अप्रैल 2025 को पाकिस्तान के सेना प्रमुख के भाषण और 22 अप्रैल 2025 के पहलगाम हमले के बीच संबंध स्थापित करने की कोशिश की गई है। पाकिस्तान का आरोप है कि इस संबंध के समर्थन में कोई ठोस आधार नहीं दिया गया। ISPR ने भारत के उस बाद के दावे का भी उल्लेख किया, जिसमें कहा गया था कि पहलगाम हमले के तीन कथित आरोपियों की पहचान कर उन्हें 28 जुलाई 2025 को मार गिराया गया। पाकिस्तानी सेना ने सवाल उठाया कि यदि कथित हमले के जिम्मेदार लोगों को 28 जुलाई को मारा गया, तो 7 मई को शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर में भारत ने किसे सजा देने का दावा किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


‘100 फीसदी सफलता’ के दावे को पाकिस्तान ने नकारा
पाकिस्तानी सेना ने डॉक्यू सीरीज में ऑपरेशन सिंदूर को '100 प्रतिशत सफल' बताए जाने के दावे को भी चुनौती दी। ISPR के अनुसार, ‘मार्का-ए-हक’ के दौरान पाकिस्तान ने भारत की कार्रवाई को नाकाम किया और आठ सैन्य विमानों को मार गिराया। इसके बाद पाकिस्तान ने ‘ऑपरेशन बनयान-उल-मरसूस’ शुरू किया, जिसमें फतह प्रिसिजन-गाइडेड रॉकेट और मिसाइल, पाकिस्तानी वायुसेना के सटीक हथियार, लंबी दूरी के लोइटरिंग म्यूनिशन और सटीक तोपखाने का इस्तेमाल कर 26 सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने का दावा किया गया। पाकिस्तान के मुताबिक, इन ठिकानों में वे स्थान भी शामिल थे जिनका इस्तेमाल पाकिस्तानी नागरिकों को निशाना बनाने के लिए किया जा रहा था और वे संस्थान भी शामिल थे जो पाकिस्तान के खिलाफ आतंकवाद को बढ़ावा देने में कथित तौर पर शामिल थे।

भारत के सैन्य दावों में विरोधाभास का आरोप
ISPR ने कहा कि डॉक्यू सीरीज में भारत के अपने सैन्य नेतृत्व की ओर से पाकिस्तान की बड़े पैमाने पर मिसाइल, ड्रोन और हवाई गतिविधियों का जिक्र किया गया है। इसमें नियंत्रण रेखा (LoC) पर लगातार टकराव और भारत के एयर डिफेंस सिस्टम के सक्रिय होने की बात भी स्वीकार की गई है। पाकिस्तान ने दावा किया कि ये बातें भारत की ओर से किए गए उस दावे पर सवाल खड़े करती हैं, जिसमें ऑपरेशन में पाकिस्तान को एकतरफा और निर्णायक हार देने की बात कही गई है।

DGMOs की बातचीत के बाद थमा संघर्ष
पाकिस्तान ने लड़ाई खत्म होने के तरीके को भी अपने दावे के समर्थन में इस्तेमाल किया। ISPR के अनुसार, डॉक्यू सीरीज में खुद बताया गया है कि दोनों देशों के सैन्य संचालन महानिदेशकों (DGMOs) के बीच बातचीत और सैन्य कार्रवाई रोकने पर बनी सहमति के बाद संघर्ष समाप्त हुआ। पाकिस्तान ने कहा कि इससे ऑपरेशन सिंदूर को भारत की एकतरफा सैन्य जीत के रूप में पेश करने की कोशिश कमजोर पड़ती है। ISPR ने अमेरिका की भूमिका का भी जिक्र करते हुए कहा कि बाहरी मदद से संघर्ष रोकने को बिना शर्त सैन्य जीत का प्रमाण नहीं माना जा सकता।

‘एस्केलेशन’ पर भी विरोधाभासी दावों का आरोप
ISPR ने कहा कि डॉक्यू सीरीज में एक ओर अचानक हमलों, सटीक निशानों, गहरे हमलों और सैन्य बढ़त बनाए रखने पर जोर दिया गया है, जबकि दूसरी ओर यह भी दावा किया गया है कि भारत ने जानबूझकर संघर्ष को सीमित रखा और पाकिस्तान को “बाहर निकलने का रास्ता” दिया। पाकिस्तान के मुताबिक, ये विरोधाभासी दावे दिखाते हैं कि डॉक्यू सीरीज निष्पक्ष सैन्य विश्लेषण के बजाय घरेलू दर्शकों के लिए तैयार की गई एक खास कहानी है।

‘सिनेमाई कहानी से हकीकत नहीं बदलती’
 ISPR ने भारत पर 'प्रोपेगैंडा' के जरिए एक सैन्य गलती को सफलता के रूप में पेश करने का आरोप लगाया। बयान में कहा गया कि सिनेमाई अंदाज में घटनाओं को दोबारा दिखाने से न तो घटनाओं का क्रम बदल सकता है, न विमानों के नुकसान या सैनिकों के हताहत होने की वास्तविकता छिपाई जा सकती है और न ही वास्तविक सैन्य टकराव को बदला जा सकता है। पाकिस्तान ने दावा किया कि ‘मार्का-ए-हक’ से जुड़े सैन्य रिकॉर्ड, युद्धक्षेत्र के सबूत, राजनयिक बातचीत और बाद में भारत के अपने बयान घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने रखते हैं।


ये भी पढ़ें: PM Rahman India Visit: रहमान के भारत दौरे को यादगार बनाना चाहते हैं पीएम मोदी; अधिकारियों को दिया गया निर्देश

पाकिस्तान की चेतावनी- ‘दुस्साहस का जवाब दिया जाएगा’
पाकिस्तानी सेना ने कहा कि पाकिस्तान क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए प्रतिबद्ध है, लेकिन उसकी सेना देश की संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है। ISPR ने चेतावनी दी कि भविष्य में किसी भी सैन्य दुस्साहस का “कड़ा, निर्णायक और बहुत जोरदार जवाब” दिया जाएगा। पाकिस्तान ने कहा कि इसके बाद कोई भी “सिनेमाई कहानी” भारत की कथित स्थिति को नहीं बचा सकेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed