UK Cabinet: ब्रिटेन की नई कैबिनेट में भारतवंशी नेताओं का बढ़ा कद? AI मंत्री समेत इन सांसदों को मिली जिम्मेदारी
ब्रिटेन की नई कैबिनेट में भारतीय मूल के नेताओं ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। कैबिनेट फेरबदल में कनिष्क नारायण को एआई मंत्री बनाया गया, जबकि सतवीर कौर और हरप्रीत उप्पल को भी सरकार में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां मिली हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री एंडी बर्नहैम ने अपनी नई कैबिनेट का एलान किया है। कैबिनेट फेरबदल में भारतीय मूल के तीन लेबर सांसदों को फ्रंट-बेंच की अहम जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। कनिष्क नारायण को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) मंत्री बनाया गया है, जबकि सतवीर कौर और हरप्रीत उप्पल को भी सरकार में महत्वपूर्ण पद मिले हैं।
किन भारतीय मूल के सांसदों को नई जिम्मेदारी मिली है?
नई कैबिनेट में कनिष्क नारायण को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) मंत्री बनाया गया है। वहीं, सतवीर कौर और हरप्रीत उप्पल को भी सरकार में अहम जिम्मेदारियां दी गई हैं। इन नियुक्तियों के साथ लेबर सरकार में भारतीय मूल के सांसदों की भागीदारी और मजबूत हुई है। श्रीलंकाई तमिल मूल की हिंदू सांसद उमा कुमारन को भी विदेश कार्यालय में जूनियर मंत्री बनाया गया है। इसके बाद फ्रंट-बेंच में अब दो हिंदू और दो सिख मंत्री शामिल हैं।
कैबिनेट फेरबदल में किन नेताओं की जिम्मेदारी बदली?
कैबिनेट फेरबदल के दौरान भारतीय मूल की वरिष्ठ नेता सीमा मल्होत्रा, जो हिंद-प्रशांत मंत्री थीं और पूर्व जूनियर स्वास्थ्य मंत्री प्रीत कौर गिल को बैकबेंच पर भेज दिया गया। दोनों को पूर्व प्रधानमंत्री सर कीर स्टार्मर का करीबी माना जाता था। वहीं, भारतीय मूल की लीसा नैंडी, जिनके पिता का जन्म कोलकाता में हुआ था, संस्कृति मंत्री के पद पर बनी हुई हैं और कैबिनेट का हिस्सा भी हैं।
कौन हैं कनिष्क नारायण?
बिहार के मुजफ्फरपुर में जन्मे कनिष्क नारायण 12 वर्ष की उम्र में अपने परिवार के साथ वेल्स चले गए थे। उन्होंने ईटन कॉलेज, ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय और स्टैनफोर्ड विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त की। जुलाई 2024 में वे लेबर पार्टी के सांसद के रूप में वेल ऑफ ग्लैमॉर्गन से चुने गए। सितंबर 2025 से विज्ञान, नवाचार और प्रौद्योगिकी विभाग में संसदीय अवर सचिव के रूप में कार्य करने के बाद 20 जुलाई 2026 को उन्हें नवगठित आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस राज्य मंत्री बनाया गया। वह कैबिनेट ऑफिस और व्यवसाय, नवाचार, विज्ञान एवं व्यापार विभाग में संयुक्त रूप से जिम्मेदारी निभाएंगे।
कौन हैं सतवीर कौर?
साउथैम्पटन टेस्ट सीट से लेबर सांसद सतवीर कौर पहली बार जुलाई 2024 में संसद पहुंचीं। उनके माता-पिता पंजाब से हैं और साउथैम्पटन में साड़ी की दुकान चलाते थे। उन्हें आवास, समुदाय एवं स्थानीय सरकार मंत्रालय में संसदीय अवर सचिव (समानता मंत्री) बनाया गया है। साथ ही वह गृह मंत्रालय में भी संसदीय अवर सचिव रहेंगी। उनके कार्यक्षेत्र में सुरक्षा, महिलाओं और लड़कियों के खिलाफ हिंसा तथा समानता से जुड़े विषय शामिल हैं। सितंबर 2025 से जुलाई 2026 तक वह कैबिनेट ऑफिस में संसदीय सचिव रहीं। मातृत्व अवकाश के बाद उन्होंने इस वर्ष फिर से सरकारी जिम्मेदारी संभाली।
कौन हैं हरप्रीत उप्पल?
हडर्सफील्ड से सांसद हरप्रीत उप्पल को असिस्टेंट व्हिप नियुक्त किया गया है। पार्टी व्हिप का काम संसद में पार्टी के कामकाज का समन्वय करना और महत्वपूर्ण मतदान के दौरान सांसदों की मौजूदगी तथा पार्टी लाइन के अनुसार मतदान सुनिश्चित करना होता है। हरप्रीत उप्पल जुलाई 2024 में सांसद चुनी गई थीं। 22 जुलाई 2026 को उन्हें आधिकारिक रूप से असिस्टेंट व्हिप नियुक्त किया गया। संसद पहुंचने से पहले उन्होंने वर्ष 2017 में एंडी बर्नहम के ग्रेटर मैनचेस्टर मेयर चुनाव अभियान में भी काम किया।