सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Automobiles News ›   Your Car Spying You?Crucial Privacy Settings Every Connected Car Owner Must Change Protect Personal Data.

कार बेचने से पहले न भूलें ये काम: स्मार्टफोन की तरह गाड़ी से भी डिलीट करें अपना डाटा, जानें मास्टर रिसेट ट्रिक

ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Jagriti Updated Sun, 22 Mar 2026 11:11 AM IST
विज्ञापन
सार

Connected Car Privacy Settings: क्या आप जानते हैं कि आजकल की आधुनिक कनेक्टेड कारें आपकी जासूसी भी कर रही हैं। इन कारों में लगे माइक्रोफोन कैमरे और सेंसर्स आपकी हर लोकेशन, बातचीत और ड्राइविंग पैटर्न का डेटा रिकॉर्ड कर रहे हैं। ऐसे में अगर आप नहीं चाहते कि आपकी निजी जानकारी कंपनियों के सर्वर तक पहुंचे, तो आपको अपने इंफोटेनमेंट सिस्टम की कुछ सेटिंग्स को तुरंत बदलने की जरूरत है। इस रिपोर्ट में जानिए कैसे आप अपनी कार को हैक-प्रूफ और प्राइवेसी-फ्रेंडली बना सकते हैं।

Your Car Spying You?Crucial Privacy Settings Every Connected Car Owner Must Change Protect Personal Data.
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : adobe stock
विज्ञापन

विस्तार

आधुनिक कारों में डाटा की सुरक्षा उतनी ही जरूरी है जितनी कि सड़क पर सुरक्षा। इसलिए आप इन तरीकों को अपनाकर अपने डेटा को सुरक्षित रख सकते हैं:
Trending Videos


1. इंफोटेनमेंट सिस्टम की प्राइवेसी सेटिंग्स
आजकल की टचस्क्रीन कारें लगातार डाटा शेयर करती हैं। इसके लिए आपको अपनी कार की सेटिंग्स की प्राइवेसी या डाटा शेयरिंग विकल्प में जाना हैं। इसके बाद वहां से शेयर माई डेटा फॉर रिसर्च या Improve voice recognition जैसे विकल्पों को बंद कर दें। इससे आपकी वॉयस कमांड्स और ड्राइविंग डेटा कंपनी को नहीं भेजा जाएगा।

2. वॉयस असिस्टेंट को म्यूट करें
गूगल असिसटेंट या एलेक्सा जैसे इन-बिल्ट फीचर्स हमेशा वेक वर्ड सुनने के लिए एक्टिव रहते हैं, जैसे गूगल। इसके लिए सेटिंग्स में जाकर Listen for Wake Word को बंद कर दें। अब असिस्टेंट तभी एक्टिव होगा जब आप स्टीयरिंग व्हील पर दिया गया फिजिकल बटन दबाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


3. स्मार्टफोन कनेक्टिविटी और डाटा सिंक
जैसे ही आप फोन को कार से कनेक्ट करते हैं, कार आपके कॉन्टैक्ट्स और मैसेज एक्सेस करने की अनुमति मांगती है। यहां ध्यान रखें कि कनेक्ट करते समय केवल मीडिया एक्सेस की अनुमति दें। फोन की ब्लूटूथ सेटिंग्स में जाकर सिंक कॉन्टैक्ट को बंद रखें, इससे आपकी कॉल हिस्टी कार की मेमोरी में सेव वहीं होगी।

4. मोबाइल एप पर लगाम
कार कंपनियां अपने मोबाइल एप्स के जरिए भी आपकी लोकेशन ट्रैक करती हैं। इसके लिए आपको अपने फोन की सेटिंग्स में जाकर और कार एप की परमिशन चेक करें। अगर जरूरी न हो तो माइक्रोफोन और ऑलवेज ऑन लोकेशन एक्सेस को हटा दें।

5. गाड़ी बेचते समय मास्टर रिसेट
फोन की तरह ही कार को बेचते समय उसका डेटा डिलीट करना जरूरी है। इसलिए कार को हैंडओवर करने से पहले फैक्टरी रिसेट या मास्टर रिसेट जरूर करें। इससे आपकी पुरानी लोकेशन, घर का पता और फोन का पूरा डेटा साफ हो जाएगा।

कुछ फीचर्स हो सकते हैं बंद
ध्यान रहे कि लोकेशन ट्रैकिंग या डेटा शेयरिंग पूरी तरह बंद करने पर ऑटोमैटिक एक्सीटेंड अलर्ट या लाइव नेविगेशन जैसे सेफ्टी फीचर्स काम करना बंद कर सकते हैं। इसलिए अपनी सुविधा और सुरक्षा के बीच सही संतुलन बनाकर ही सेटिंग्स बदलें।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed